Wednesday , May 23 2018
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लेख विचार

शहर को कोढ़ और गांव को लकवा

चिन्मय मिश्र सर्वोच्च न्यायालय द्वारा अनुसूचित जाति जनजाति अधिनियम से संबंधित फैसले के आने के बाद उठे बवाल और इसके परिणामस्वरूप हुई देशव्यापी व्यापक हिंसा ने बहुत से सवाल खड़े कर दिए हैं| गौर करिए उन तर्कों पर जो कि बाबा साहब भीमराव अम्बेडकर या बाबा साहब अम्बेडकर या महज ...

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ओली के आने से सचमुच संबंधों में ताजगी संभव

पुष्परंजन काठमांडो स्थित ट्रेड एंड एक्सपोर्ट प्रोमोशन सेंटर ने 2016-17 के जो आंकड़े दिये, उसके अनुसार नेपाल ने उस वित्त वर्ष में भारत से 526|49 अरब रुपये का माल मंगाया था| और नेपाल से भारत मात्र 35|7 अरब रुपये का सामान गया था| नेपाल उद्योग-वाणिज्य संघ ने 2016-17 के पहले ...

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दाल के जाल में बेहाल किसान

डॉ. राजाराम त्रिपाठी दाल की नई फसल अब तैयार हो गई है| किसान अपनी नई अरहर और चना बेच कर अगली फसल की तैयारी करना चाहते हैं, लेकिन सरकार द्वारा निर्धारित न्यूनतम समर्थन मूल्य तक उन्हें नहीं मिल रहा| जबकि रिकार्ड उत्पादन होने के बावजूद सरकार वर्मा सहित अन्य देशों ...

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एक्जाम वारियर्स

ललित सुरजन  जैसी कि जानकारी है प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने एक्जाम वारियर्स शीर्षक से एक किताब लिखी है| अभी दो माह पहले 3 फरवरी 2018 को बड़ी धूमधाम से छात्रों की एक सभा के बीच इसका लोकार्पण हुआ|  यह पुस्तक दूकानों पर और ऑनलाइन धड़ल्ले से बिक रही है| मोदीजी ...

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ये कैसी सरकार चला रहे हैं मोदी जी

फेक न्यूज पर सूचना और प्रसारण मंत्रालय के नए दिशा-निर्देश को प्रधानमंत्री कार्यालय ने 24 घंटे के भीतर ही वापस लेने का आदेश दे दिया| इस खबर को इस तरह से भी कह सकते हैं कि स्मृति ईरानी ने पत्रकारों की आजादी छीनने का जो कदम उठाया था, उसे नरेन्द्र ...

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लौट आओ नर्मदा…

गंगा कनखले पुण्या, कुरुक्षेत्रे सरस्वती, ग्रामे वा यदि वारण्ये, पुण्या सर्वत्र नर्मदा| यानी गंगा कनखल में और सरस्वती कुरुक्षेत्र में पवित्र है किन्तु गांव हो या वन नर्मदा हर जगह पुण्य प्रदायिका महासरिता है| पुराणों में रचे गए ऐसे अनेक लोश्लोकों का जाप आज भी नर्मदा के भक्त करते हैं| ...

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ये कैसा चुनाव है जहां मतदान करने की अदा करनी होती है कीमत

हजारो पत्रकारो की उम्मीद है उ0प्र0 राज्य मुख्यालय संवाददाता समिति (खालिद रहमान) लोकतंत्र के चैथे स्तम्भ पत्रकारिता के प्रहरी पत्रकारो ने अपने संगठन के चुनाव मे एक ऐसी परम्परा डाली है जिसने देश भर के करोड़ो मतदाताओ को हैरत मे डाल दिया है | मतदान से जुड़ी ये ऐसी परम्परा ...

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नेपाल से मधुर रिश्तों की चुनौती

आशुतोष चतुर्वेदी भारत और नेपाल के रिश्ते सदियों पुराने हैं| लेकिन उनमें उतार-चढ़ाव आता रहा है| भारत और नेपाल के बीच जैसा जुड़ाव है, वैसा दुनिया में किसी अन्य देश के बीच नहीं है| हम भौगोलिक, ऐतिहासिक और सांस्कृतिक हर तरह से एक दूसरे से जुड़े रहे हैं| भारत और ...

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यायावर को याद करने का मतलब

पुष्पराज (स्वतंत्र पत्रकार) उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ के पंदाहा में 09 अप्रैल, 1893 को जन्मे सभ्यता के महान यायावर और ज्ञानी राहुल सांकृत्यायन का यह 125वां जयंती वर्ष है| छत्तीस भाषाओं के ज्ञाता महापंडित सांकृत्यायन इतिहासविद, पुरातत्ववेत्ता और त्रिपिटकाचार्य होने के साथ एशियाई नवजागरण के प्रवर्तक भी माने जाते हैं| ...

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छायावाद की शतवार्षिकी

रविभूषण (वरिष्ठ साहित्यकार) पिछले महीने (23-24 मार्च) विश्वभारती, शांतिनिकेतन के हिंदी विभाग ने छायावाद की शतवार्षिकी के उपलक्ष्य में द्विदिवसीय राष्ट्रीय संगोष्ठी छायावाद संस्मृति एवं पुनर्मूल्यांकन शीर्षक विषय पर आयोजित कर छायावाद की शतवार्षिकी का शुभारंभ किया|  छायावाद के सौ वर्ष पर देश में होनेवाला यह पहला आयोजन था, जिसके ...

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