JPSCResultRevision – सहायक प्राध्यापक नियुक्ति परिणाम में बदलाव
JPSCResultRevision – झारखंड लोक सेवा आयोग ने चिकित्सा महाविद्यालयों में सहायक प्राध्यापक (निश्चेतना विभाग) की सीधी नियुक्ति परीक्षा के परिणाम में संशोधन किया है। आयोग की ओर से जारी आधिकारिक सूचना में बताया गया कि पूर्व में घोषित परिणाम की समीक्षा के बाद अनारक्षित श्रेणी के पदों से संबंधित सूची में परिवर्तन किया गया है। संशोधित परिणाम आयोग की वेबसाइट पर उपलब्ध करा दिया गया है।

क्या था पूरा मामला
आयोग ने विज्ञापन संख्या 08/2023 के तहत कुल आठ पदों के लिए नियुक्ति प्रक्रिया पूरी की थी। 16 जनवरी को इसका परिणाम घोषित किया गया था। बाद में प्राप्त अभ्यावेदनों और प्रक्रिया की आंतरिक समीक्षा के आधार पर अनारक्षित श्रेणी के तीन पदों से जुड़ी मेधा सूची में संशोधन की आवश्यकता महसूस की गई।
आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार पूर्व में दूसरे स्थान पर सफल घोषित अभ्यर्थी की जगह अब दूसरे अभ्यर्थी को चयनित दिखाया गया है। इस बदलाव के बाद संशोधित सूची सार्वजनिक कर दी गई है। आयोग का कहना है कि यह संशोधन नियमों के अनुरूप तथ्यों की पुनर्समीक्षा के बाद किया गया है।
उठे थे चयन प्रक्रिया पर सवाल
परिणाम जारी होने के बाद नियुक्ति प्रक्रिया को लेकर कुछ आपत्तियां सामने आई थीं। यह मुद्दा भी उठाया गया कि राज्य सेवा से जुड़े चिकित्सकों की दावेदारी पर पर्याप्त विचार नहीं किया गया। इसी पृष्ठभूमि में आयोग ने उपलब्ध अभिलेखों और नियमावली के प्रावधानों की दोबारा जांच की।
हालांकि आयोग ने अपने बयान में स्पष्ट किया है कि संशोधन पूरी तरह प्रक्रिया की पारदर्शिता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से किया गया है। किसी भी तरह की त्रुटि या विसंगति को ठीक करना आयोग की जिम्मेदारी है और इसी के तहत संशोधित परिणाम जारी किया गया।
आगे की प्रक्रिया
संशोधित परिणाम जारी होने के बाद अब चयनित अभ्यर्थियों से संबंधित अगली औपचारिकताएं पूरी की जाएंगी। आयोग ने अभ्यर्थियों को सलाह दी है कि वे आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध सूचना का अवलोकन करें और किसी भी अद्यतन जानकारी के लिए नियमित रूप से पोर्टल देखते रहें।
यह मामला एक बार फिर नियुक्ति प्रक्रियाओं में पारदर्शिता और समयबद्ध समीक्षा की आवश्यकता को रेखांकित करता है। आयोग का कहना है कि सभी चयन प्रक्रियाएं निर्धारित नियमों और दिशा-निर्देशों के अनुसार संचालित की जाती हैं।



