Uttarakhand: सीएम धामी ने चुस्की लेते हुए चाय के ठेले पर सुना जनता का दर्द, फिर लिया ऐतिहासिक मंदिर का जायजा
Uttarakhand: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गुरुवार को नैनीताल में मॉर्निंग वॉक के दौरान आम नागरिकों, पर्यटकों और स्कूली बच्चों से मुलाकात की। उन्होंने अधिकारियों के साथ पंत पार्क में बन रहे नयना देवी मंदिर के गेट का निरीक्षण किया और वहां मौजूद लोगों से बातचीत की। इस दौरान उन्होंने लोगों के सुझाव और समस्याएं सुनी। यह घटना political news के तौर पर जिले में चर्चा का विषय बनी।

रास्ते में लोगों से संवाद
Uttarakhand के मुख्यमंत्री सुबह सात बजे एटीआई से पंत पार्क तक पैदल टहलते हुए नागरिकों से उनके हालचाल जानने लगे। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों से बातचीत कर उनकी समस्याओं और सुझावों को भी सुना। लोगों के बीच जाकर उनकी समस्याओं को समझना और उनसे संवाद करना मुख्यमंत्री की public interaction की शैली को दर्शाता है।
नयना देवी मंदिर का निरीक्षण
पंत पार्क पहुंचने पर मुख्यमंत्री ने नव निर्मित नयना देवी मंदिर के गेट का निरीक्षण किया। उन्होंने मंदिर परिसर के सौंदर्यीकरण कार्यों की समीक्षा की और अधिकारियों को इसे जल्द पूरा करने के निर्देश दिए। इस परियोजना के लिए 11 करोड़ रुपये की धनराशि स्वीकृत की गई है। मंदिर को और अधिक भव्य और आकर्षक बनाने के लिए चल रहे कामों की गति पर जोर दिया गया। यह infrastructure development के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण कदम है।
मिशन के अन्य विकास कार्यों की समीक्षा
मुख्यमंत्री ने मानसखंड मिशन के तहत डीएसए मैदान के सुधार, बलिया नाला और ठंडी सड़क पर भूस्खलन सुरक्षा कार्यों की भी समीक्षा की। अधिकारियों को सभी कार्यों में तेजी लाने के कड़े निर्देश दिए गए। यह दर्शाता है कि सरकार government projects की समय पर और गुणवत्तापूर्ण पूर्ति के लिए गंभीरता से काम कर रही है।
नागरिकों के साथ चाय पर बातचीत
निरीक्षण के बाद Uttarakhand के मुख्यमंत्री ने फड़ पर चाय बनाई और स्थानीय लोगों के साथ बैठकर उनकी समस्याओं और सुझावों पर चर्चा की। उन्होंने नागरिकों की शिकायतें सुनी और उनके समाधान के लिए अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। इस प्रकार की community engagement जनता और प्रशासन के बीच विश्वास बढ़ाती है।
ठंड से निपटने की तैयारियां
पत्रकारों से बातचीत के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि ठंड तेजी से बढ़ रही है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी रैन बसेरों में पर्याप्त व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएँ। इससे यह स्पष्ट होता है कि मौसम से जुड़े संकटों से निपटने के लिए disaster management कितनी महत्वपूर्ण है।
अधिकारियों और नेताओं की मौजूदगी
इस अवसर पर Uttarakhand के मुख्यमंत्री के साथ सीएससी चंद्र शेखर रावत, जिलाध्यक्ष प्रताप सिंह बिष्ट, डीएम ललित मोहन रयाल, एसएसपी मंजुनाथ टीसी, एसडीएम नवाजिश खलिख, लोनिवि ईई रत्नेश सक्सेना, ईओ रोहिताश शर्मा, तहसीलदार अक्षय भट्ट, मंडल अध्यक्ष नितिन कार्की सहित अन्य अधिकारी और स्थानीय नेता मौजूद थे। उनकी उपस्थिति ने कार्यक्रम की गंभीरता और leadership presence को दर्शाया।



