Shubman Gill Vijay Hazare Trophy 2026: जयपुर में शुभमन गिल के मैच पर क्यों लगा नो एंट्री का बोर्ड…
Shubman Gill Vijay Hazare Trophy 2026: भारतीय क्रिकेट के नए सुपरस्टार और वनडे कप्तान शुभमन गिल जब शनिवार को सिक्किम के खिलाफ मैदान में उतरेंगे, तो स्टेडियम के स्टैंड्स पूरी तरह खाली नजर आएंगे। जयपुर के जयपुरिया कॉलेज मैदान पर होने वाले इस मुकाबले के लिए प्रशासन ने एक सख्त और चौंकाने वाला फैसला लिया है। जिस तरह दिग्गज विराट कोहली ने विजय हजारे ट्रॉफी के अपने शुरुआती मैच (Closed Door Cricket Matches) के रूप में बिना दर्शकों के खेले थे, ठीक वही स्थिति अब शुभमन गिल के मैच के दौरान भी रहने वाली है। फैंस अपने पसंदीदा खिलाड़ी को लाइव देखने के लिए बेताब थे, लेकिन सुरक्षा कारणों ने उनकी उम्मीदों पर पानी फेर दिया है।

बीसीसीआई का सख्त निर्देश और सुरक्षा का घेरा
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं कि भारतीय कप्तान शुभमन गिल और तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह पंजाब की ओर से अगले दो महत्वपूर्ण मैच खेलेंगे। ये मैच 3 और 6 जनवरी को क्रमशः सिक्किम और गोवा के खिलाफ खेले जाने हैं। हालांकि, सिक्किम के खिलाफ (Security Protocol for Athletes) को ध्यान में रखते हुए स्थानीय कॉलेज मैदान पर दर्शकों के प्रवेश को पूरी तरह प्रतिबंधित कर दिया गया है। बोर्ड का मानना है कि कॉलेज परिसर में भीड़ को नियंत्रित करना एक बड़ी चुनौती हो सकती है, इसलिए केवल कॉलेज के छात्रों और कर्मचारियों को ही पहचान पत्र के साथ अंदर आने की अनुमति होगी।
निजी बाउंसरों की तैनाती और अभेद्य किलेबंदी
मैच के दौरान सुरक्षा व्यवस्था में कोई कसर नहीं छोड़ी जा रही है। पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार, कॉलेज परिसर में (Private Security Arrangements) के तहत बड़ी संख्या में बाउंसर तैनात किए जाएंगे। बीसीसीआई के एक सूत्र ने नाम न छापने की शर्त पर बताया कि किसी भी बाहरी व्यक्ति को परिसर के अंदर कदम रखने की इजाजत नहीं होगी। मैच के दौरान व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय पुलिस के साथ-साथ निजी सुरक्षा एजेंसियों की भी मदद ली जा रही है ताकि शुभमन गिल और अर्शदीप सिंह जैसे हाई-प्रोफाइल खिलाड़ियों को किसी भी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
वेन्यू बदलने की मजबूरी और रोहित शर्मा का क्रेज
जयपुर में क्रिकेट को लेकर दीवानगी किसी से छिपी नहीं है। हाल ही में रोहित शर्मा की लोकप्रियता को देखते हुए मुंबई का मैच अनंतम स्टेडियम से बदलकर सवाई मान सिंह स्टेडियम स्थानांतरित करना पड़ा था। सूत्रों का कहना है कि (Cricket Match Venue Shift) का फैसला तब लिया गया था जब फैंस का उत्साह बेकाबू होने लगा था। हालांकि, गिल के मैच का कार्यक्रम बहुत पहले तय हो चुका था और जयपुरिया कॉलेज में बैठने की उचित व्यवस्था न होने के कारण इसे दर्शकों के बिना कराने का कठिन निर्णय लेना पड़ा।
लाइव स्ट्रीम का अभाव और डिजिटल फैंस की निराशा
स्टेडियम में प्रवेश न मिलने के बाद फैंस को उम्मीद थी कि वे घर बैठे इस मुकाबले का आनंद ले पाएंगे, लेकिन यहां भी उनके हाथ निराशा ही लगी है। विराट कोहली और रोहित शर्मा के मैचों की तरह ही शुभमन गिल का यह मैच भी टीवी या किसी (Sports Live Streaming Platforms) पर प्रसारित नहीं किया जाएगा। डिजिटल युग में फैंस के लिए यह खबर किसी झटके से कम नहीं है कि वे भारतीय कप्तान को घरेलू क्रिकेट में खेलते हुए नहीं देख पाएंगे। मैच का स्कोरकार्ड ही एकमात्र जरिया होगा जिससे लोग अपडेट रह सकेंगे।
उत्तर भारत का कोहरा और उड़ानों में देरी
पंजाब के इन दोनों सितारों का जयपुर पहुंचने का सफर भी काफी चुनौतीपूर्ण रहा। गिल और अर्शदीप को शुक्रवार शाम तक पहुंचना था, लेकिन (Flight Delays North India) के कारण उनका कार्यक्रम बाधित हो गया। उत्तर भारत में छाए घने कोहरे और खराब मौसम की वजह से उनकी उड़ान में घंटों की देरी हुई। बीसीसीआई सूत्रों ने पुष्टि की कि मौसम अनुकूल रहने पर दोनों खिलाड़ी देर रात तक जयपुर पहुंच जाएंगे और सीधे टीम के साथ जुड़ेंगे।
अर्शदीप और गिल की जुगलबंदी पर सबकी नजरें
भले ही मैदान खाली हो, लेकिन पंजाब की टीम के लिए ये दोनों खिलाड़ी काफी महत्वपूर्ण साबित होने वाले हैं। तेज गेंदबाज अर्शदीप सिंह अपनी धारदार गेंदबाजी से सिक्किम के बल्लेबाजों की परीक्षा लेंगे, वहीं शुभमन गिल (Opening Batsman Technique) का शानदार प्रदर्शन कर अपनी लय को बरकरार रखना चाहेंगे। गोवा के खिलाफ होने वाला अगला मैच केएल सैनी स्टेडियम में होगा, जहां के लिए भी सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए जा रहे हैं। घरेलू क्रिकेट में भारतीय टीम के मुख्य खिलाड़ियों की वापसी टूर्नामेंट के स्तर को काफी ऊंचा उठा देती है।
घरेलू क्रिकेट की गरिमा और सुरक्षा के बीच संतुलन
यह घटना दिखाती है कि भारतीय क्रिकेटरों की लोकप्रियता आज किस स्तर पर पहुंच गई है। जब भी कोई बड़ा अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी (Domestic Cricket Tournament) में खेलने आता है, तो सुरक्षा और क्राउड मैनेजमेंट एक सिरदर्द बन जाता है। बीसीसीआई के लिए यह एक बड़ी चुनौती है कि वह खिलाड़ियों की सुरक्षा के साथ-साथ फैंस की भावनाओं का भी ख्याल रखे। फिलहाल, जयपुर के क्रिकेट प्रेमियों को अपने चहेते सितारों को करीब से देखने के लिए अगले किसी बड़े टूर्नामेंट का इंतजार करना होगा।



