Dhanbad Murder Case Update: कलयुगी औलादों ने खेला खौफनाक खेल, शराब की लत ने बाप को बनाया दुश्मन, फिर…
Dhanbad Murder Case Update: झारखंड के कोयलांचल धनबाद से एक ऐसी सनसनीखेज वारदात सामने आई है, जिसने समाज और पारिवारिक रिश्तों की गरिमा को तार-तार कर दिया है। यहां एक पिता की बेरहमी से हत्या कर दी गई और इस खौफनाक साजिश को किसी दुश्मन ने नहीं बल्कि (Criminal Conspiracy) के तहत खुद उनके सगे बच्चों ने अंजाम दिया। मृतक की पहचान बीरबल के रूप में हुई है, जो धनबाद रेलवे स्टेशन पर सिग्नलमैन के पद पर तैनात थे। इस घटना ने पूरे हीरापुर इलाके में दहशत और सन्नाटा फैला दिया है।

तालाब किनारे मिला था शव और शुरू हुई उलझी गुत्थी
घटना की शुरुआत बीते 5 जनवरी को हुई, जब पुलिस को धनबाद सदर थाना क्षेत्र के पम्पू तालाब के पास एक अज्ञात शव बरामद हुआ। शुरुआत में यह (Unidentified Dead Body) का मामला लग रहा था, जिसके बाद पुलिस ने शिनाख्त की कार्रवाई शुरू की। अगले ही दिन मृतक की बेटी आरती कुमारी ने थाने पहुंचकर अपने पिता की पहचान की और अज्ञात के खिलाफ मामला दर्ज करवाया। किसी को अंदाजा नहीं था कि शिकायत करने वाली बेटी के परिवार के ही सदस्य इस जघन्य अपराध में शामिल होंगे।
शराब की लत और बदसलूकी बनी मौत का कारण
पुलिस की सघन जांच में जो खुलासे हुए, वे किसी भी इंसान के रोंगटे खड़े करने के लिए काफी थे। जांच में पाया गया कि बीरबल अक्सर (Domestic Violence Issues) के कारण अपने परिवार के लिए सिरदर्द बन चुके थे। उनके बेटे और बेटी का आरोप है कि पिता रोज शराब के नशे में धुत होकर घर आते थे और मां व बच्चों के साथ बेहद बुरा बर्ताव करते थे। यही नफरत धीरे-धीरे एक खूनी योजना में बदल गई, जिसने एक हंसते-खेलते परिवार को सलाखों के पीछे पहुंचा दिया।
मफलर बना काल और अपनों ने ही बुना मौत का जाल
गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि पिता की हरकतों से तंग आकर उन्होंने उन्हें रास्ते से हटाने का फैसला कर लिया था। 4 जनवरी की शाम को (Plan of Murder) को हकीकत में बदलते हुए आरोपी पिता को बाइक पर बैठाकर पम्पू तालाब ले गए। वहां उन्होंने पिता को जी भरकर शराब पिलाई ताकि वे विरोध करने की स्थिति में न रहें। जैसे ही बीरबल नशे में पूरी तरह धुत हुए, उनके ही मफलर को हथियार बनाकर उनका गला घोंट दिया गया और शव को वहीं झाड़ियों में फेंक दिया गया।
पुलिसिया तफ्तीश और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट का बड़ा खुलासा
धनबाद सदर पुलिस स्टेशन के प्रभारी मनोज कुमार पांडे ने बताया कि शुरुआती जांच में मामला संदिग्ध लग रहा था, लेकिन (Medical Forensics Report) ने पूरी तस्वीर साफ कर दी। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में साफ हुआ कि मौत प्राकृतिक नहीं बल्कि गला घोंटने की वजह से हुई है। इसके बाद पुलिस ने अपनी जांच का दायरा परिवार के सदस्यों की ओर मोड़ा। कड़ाई से पूछताछ करने पर घर के अंदर छिपा काला सच बाहर आ गया और पुलिस ने हत्या की धाराओं में मामला दर्ज कर लिया।
तीनों आरोपी पुलिस की गिरफ्त में और जुर्म कबूल
पुलिस ने इस मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए बुधवार को मृतक के बेटे रोहित कुमार, बेटी रितु कुमारी और रितु के बॉयफ्रेंड फरदीन खान को (Police Arrest Operations) के दौरान धर दबोचा। पुलिस के सामने तीनों ने अपना गुनाह स्वीकार कर लिया है। उन्होंने बताया कि पिता अपनी पत्नी यानी उनकी मां के चरित्र पर भी गलत आरोप लगाते थे, जिससे तंग आकर बच्चों ने इस हत्याकांड में अपनी बहन के प्रेमी को भी शामिल कर लिया और वारदात को अंजाम दिया।
रेलवे कर्मचारी की हत्या से सहमे सहकर्मी
बीरबल धनबाद रेलवे स्टेशन पर सिग्नलमैन के रूप में कार्यरत थे, उनकी इस तरह अचानक और हिंसक मौत की खबर ने (Railway Employees Community) को हिलाकर रख दिया है। उनके साथ काम करने वाले लोग इस बात पर यकीन नहीं कर पा रहे हैं कि जिस घर के लिए वे मेहनत करते थे, उसी घर के चिरागों ने उनकी जान ले ली। इस घटना ने एक बार फिर नशे की लत और उससे टूटने वाले परिवारों की कड़वी हकीकत को समाज के सामने लाकर खड़ा कर दिया है।
कानूनी शिकंजा और न्याय की गुहार
फिलहाल पुलिस ने तीनों आरोपियों को जेल भेज दिया है और मामले की आगे की कानूनी प्रक्रिया पूरी की जा रही है। धनबाद पुलिस इसे (Strong Evidence Collection) के जरिए कोर्ट में एक पुख्ता मामला बनाने की कोशिश कर रही है ताकि अपराधियों को कड़ी से कड़ी सजा मिल सके। समाज में इस घटना की कड़ी निंदा हो रही है और लोग इसे रिश्तों के पतन की पराकाष्ठा मान रहे हैं, जहां नफरत ने खून के रिश्तों पर जीत हासिल कर ली।



