बिहार

HealthMinister – अस्पताल निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य मंत्री सख्त, डॉक्टरों पर कार्रवाई के निर्देश

HealthMinister- बिहार के स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने सरकारी अस्पतालों की व्यवस्था सुधारने की दिशा में अपनी सक्रियता जारी रखते हुए मंगलवार को पटना स्थित एलएनजेपी अस्पताल का विस्तृत निरीक्षण किया। करीब साढ़े तीन घंटे तक चले इस दौरे में उन्होंने ओपीडी, इमरजेंसी, विभिन्न वार्डों और निर्माणाधीन नए भवन का जायजा लिया। इस दौरान मरीजों से सीधे बातचीत कर इलाज और उपलब्ध सुविधाओं को लेकर उनकी राय भी जानी। निरीक्षण में स्वास्थ्य सचिव कुमार रवि और विशेष सचिव डॉ. त्यागराजन एसएम भी मौजूद रहे।

health minister hospital inspection bihar

मरीजों ने रखीं जांच और इलाज से जुड़ी शिकायतें

अस्पताल में भर्ती कई मरीजों ने मंत्री के सामने शिकायत की कि आवश्यक जांच सुविधाएं उपलब्ध होने के बावजूद कई बार उन्हें निजी केंद्रों पर जांच कराने के लिए भेजा जाता है। मरीजों ने कुछ चिकित्सकों के व्यवहार और कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए। निरीक्षण के दौरान डॉ. श्याम किशोर के संबंध में मिली शिकायतों के बाद स्वास्थ्य मंत्री ने उन्हें तत्काल सचिवालय तलब करने के निर्देश दिए। वहीं ड्यूटी पर अनुपस्थित पाए जाने के मामले में डॉ. राकेश रोशन को भी स्पष्टीकरण के लिए बुलाने का आदेश दिया गया।

सफाई व्यवस्था पर जताई नाराजगी

अस्पताल परिसर में कई स्थानों पर गंदगी मिलने पर स्वास्थ्य मंत्री ने असंतोष व्यक्त किया। उन्होंने अधिकारियों को साफ-सफाई की व्यवस्था में तत्काल सुधार करने के निर्देश दिए। साथ ही सुझाव दिया कि स्वच्छता व्यवस्था की जिम्मेदारी जीविका समूह की महिलाओं को सौंपने की दिशा में आवश्यक कदम उठाए जाएं। अस्पताल प्रशासन को नियमित निगरानी सुनिश्चित करने के लिए भी कहा गया।

पीएमसीएच में नर्सों के कार्य बहिष्कार का असर

दूसरी ओर, पटना मेडिकल कॉलेज अस्पताल (पीएमसीएच) में नर्सिंग स्टाफ के कार्य बहिष्कार का असर मंगलवार को मरीजों की चिकित्सा सेवाओं पर साफ दिखाई दिया। अस्पताल प्रशासन के अनुसार लगभग 50 निर्धारित ऑपरेशन स्थगित करने पड़े। कई वार्डों में मरीजों को समय पर दवाएं और इंजेक्शन नहीं मिल सके, जबकि कुछ जगह परिजनों को स्वयं स्लाइन की बोतल बदलनी पड़ी। अस्पताल अधीक्षक डॉ. राजीव कुमार सिंह ने नर्सिंग स्टाफ से वार्ता कर उन्हें काम पर लौटने का अनुरोध किया। जांच का आश्वासन मिलने के बाद शाम को करीब 12 घंटे बाद कार्य बहिष्कार समाप्त हुआ।

मारपीट मामले की जांच के लिए समिति गठित

नर्स लक्ष्मी कुमारी और उनके बेटे के साथ कथित मारपीट की घटना को गंभीरता से लेते हुए स्वास्थ्य मंत्री के निर्देश पर सात सदस्यीय जांच समिति बनाई गई है। समिति की अध्यक्षता स्त्री एवं प्रसूति रोग विभागाध्यक्ष डॉ. कुमारी मंजू करेंगी। समिति में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ चिकित्सकों को शामिल किया गया है, जो पूरे मामले की जांच कर अपनी रिपोर्ट प्रशासन को सौंपेंगे। रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

जूनियर डॉक्टरों ने भी हड़ताल का ऐलान किया

इस बीच पीएमसीएच के जूनियर डॉक्टरों ने सुरक्षा व्यवस्था, प्रशासनिक समस्याओं और आधारभूत सुविधाओं में सुधार की मांग को लेकर बुधवार से अनिश्चितकालीन कार्य बहिष्कार शुरू करने की घोषणा की है। जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन के अनुसार हड़ताल के दौरान ओपीडी सेवाएं प्रभावित रहेंगी, जबकि इमरजेंसी, आईसीयू और प्रसूति सेवाओं को इससे अलग रखा जाएगा, ताकि गंभीर मरीजों का इलाज जारी रह सके।

Back to top button

Adblock Detected

Please remove AdBlocker first, and then watch everything easily.