Box Office – रणवीर सिंह की धुरंधर ने रचा नया ऐतिहासिक फुटफॉल कीर्तिमान
Box Office – रणवीर सिंह की फिल्म धुरंधर भारतीय बॉक्स ऑफिस के हालिया इतिहास में उन विरले उदाहरणों में शामिल हो गई है, जिनकी पकड़ रिलीज के महीनों बाद भी ढीली नहीं पड़ती। पिछले साल 5 दिसंबर को सिनेमाघरों में उतरी यह फिल्म शुरुआती चर्चा और ओपनिंग वीकेंड की गहमागहमी तक सीमित नहीं रही, बल्कि लगातार दर्शकों को हॉल तक खींचती रही। शहरों से लेकर छोटे कस्बों तक, बार-बार देखने वाले दर्शकों और नए दर्शकों के मेल ने इसे वह ऊँचाई दी, जिसकी मिसालें बहुत कम फिल्मों में मिलती हैं। अब इस सफ़र में एक और मील का पत्थर जुड़ गया है—फिल्म ने पूरे देश में चार करोड़ से अधिक टिकट बिक्री का आंकड़ा पार कर लिया है, जो इसे भारतीय सिनेमा की सबसे सफल फिल्मों की विशिष्ट सूची में जगह दिलाता है।

टीजर के दिन टूटा बड़ा पड़ाव
यह उपलब्धि संयोगवश उसी दिन दर्ज हुई, जिस दिन धुरंधर 2 का टीजर जारी किया गया। ट्रेड विश्लेषकों के अनुसार, लगभग 250 रुपये की औसत टिकट कीमत को आधार मानें तो फिल्म की कुल दर्शक संख्या चार करोड़ से ऊपर जा चुकी है। दिलचस्प यह है कि इस तरह का व्यापक फुटफॉल दो दशक से अधिक समय बाद देखने को मिला है। इससे पहले वर्ष 2001 में आई ‘गदर’ ने करीब पाँच करोड़ दर्शकों का रिकॉर्ड बनाया था। धुरंधर का यह आंकड़ा न केवल मौजूदा दौर के लिए उल्लेखनीय है, बल्कि यह भी दिखाता है कि कंटेंट, स्टार पावर और माउथ-पब्लिसिटी का सही संतुलन अब भी सिनेमाघरों को भरा रख सकता है।
ऐतिहासिक सूची में 19वां नाम
घरेलू बाजार में चार करोड़ फुटफॉल का स्तर छूने वाली धुरंधर अब 19वीं भारतीय फिल्म बन चुकी है। इस प्रतिष्ठित सूची के शीर्ष पर आज भी ‘शोले’, ‘बाहुबली 2’, ‘मुगल-ए-आजम’ और ‘मदर इंडिया’ जैसी कालजयी फिल्में काबिज हैं, जिन्होंने दस करोड़ से अधिक टिकट बेचे थे। भले ही धुरंधर इन दिग्गजों के पैमाने को अभी चुनौती नहीं दे पाई है, लेकिन उसने हाल के दौर की कई चर्चित फिल्मों को पीछे छोड़ दिया है। आमिर खान की ‘दंगल’ और ‘पीके’, सनी देओल की ‘बॉर्डर’, शाहरुख खान की ‘कुछ कुछ होता है’ और ‘कभी खुशी कभी गम’ जैसे बड़े नामों के फुटफॉल रिकॉर्ड अब इससे नीचे हैं। इसके अलावा देव आनंद की ‘सीआईडी’ और राजकुमार की ‘लैला मजनू’ जैसी क्लासिक फिल्मों के आंकड़ों को भी धुरंधर ने पीछे छोड़ दिया है, जो इसकी व्यापक अपील को दर्शाता है।
कमाई में भी मजबूती
केवल दर्शक संख्या ही नहीं, बल्कि कमाई के मोर्चे पर भी फिल्म ने प्रभावशाली प्रदर्शन किया है। भारत में इसका नेट कलेक्शन 836.95 करोड़ रुपये तक पहुँच चुका है, जबकि वैश्विक स्तर पर यह आंकड़ा 1303 करोड़ रुपये को पार कर गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि फिल्म की मजबूत कहानी, भव्य विजुअल्स और रणवीर सिंह के ऊर्जावान अभिनय ने इसे बार-बार देखने लायक बनाया। मल्टीप्लेक्स के साथ-साथ सिंगल स्क्रीन थिएटरों में भी इसके शो लगातार चलते रहे, जिसने इसकी कुल कमाई को स्थिर गति दी।
सीक्वल को लेकर बढ़ती उत्सुकता
अब दर्शकों की निगाहें पूरी तरह धुरंधर 2 पर टिक गई हैं। हाल ही में जारी टीजर ने सोशल मीडिया पर जबरदस्त चर्चा बटोरी है और फ्रैंचाइज़ी के दायरे को और बड़ा करने के संकेत दिए हैं। निर्माता इसे पहले से भी बड़े पैमाने पर रिलीज करने की तैयारी कर रहे हैं। तय कार्यक्रम के अनुसार, फिल्म का दूसरा भाग 19 मार्च को सिनेमाघरों में उतरेगा। ट्रेड सर्कल में उम्मीद जताई जा रही है कि यदि मौजूदा रुझान जारी रहे, तो सीक्वल भी बॉक्स ऑफिस पर नए मानक स्थापित कर सकता है।
उद्योग के लिए क्या मायने
धुरंधर की सफलता केवल एक फिल्म की जीत नहीं है, बल्कि यह इस बात का भी संकेत है कि सही सामग्री और सही प्रस्तुति के साथ भारतीय दर्शक आज भी थिएटर का अनुभव चुनते हैं। महामारी के बाद बदले हुए देखने के पैटर्न के बावजूद, बड़े पर्दे पर सामूहिक अनुभव की चाहत बरकरार है। इस उपलब्धि को इंडस्ट्री के लिए उत्साहजनक माना जा रहा है, खासकर ऐसे समय में जब कई बड़ी फिल्में उम्मीद के मुताबिक प्रदर्शन नहीं कर पाई हैं।



