Jharkhand Road Accident News 2026: झारखंड में खूनी हुआ नया साल, 24 घंटे के भीतर मौत के दरवाजे पर पहुंचे 7 लोग, कहीं बिखरा स्कूल बैग तो कहीं उजड़ गए सुहाग…
Jharkhand Road Accident News 2026: झारखंड के लिए साल 2026 की शुरुआत बेहद दर्दनाक और डरावनी रही है। जहां एक तरफ लोग खुशियां मना रहे थे, वहीं दूसरी तरफ राज्य के अलग-अलग हिस्सों में सड़क हादसों ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं। पुलिस मुख्यालय से मिली जानकारी के अनुसार, पिछले 24 घंटों के भीतर हुए भीषण सड़क हादसों में कुल 7 लोगों की दर्दनाक मौत हो गई है। इन (Fatal Road Traffic Collisions) की चपेट में आने वालों में मासूम स्कूली छात्रा से लेकर युवा तक शामिल हैं। कई लोग अब भी अस्पतालों में जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे हैं, जिससे पूरे राज्य में शोक की लहर दौड़ गई है।

बरहेट में तेल टैंकर और ऑटो की भीषण भिड़ंत
साहिबगंज जिले के बरहेट-बरहरवा मुख्य मार्ग पर शुक्रवार को एक दिल दहला देने वाला हादसा हुआ। छोटा रंगा डांड ब्रिज के पास एक तेज रफ्तार तेल टैंकर ने सवारी भरे ऑटो-रिक्शा को सामने से जोरदार टक्कर मार दी। इस (Head On Collision Impact) की तीव्रता इतनी अधिक थी कि ऑटो के परखच्चे उड़ गए। एसडीपीओ नितिन खंडेलवाल ने पुष्टि की है कि इस घटना में स्कूली छात्रा शांति हेम्ब्रोम समेत तीन लोगों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया। अन्य मृतकों की पहचान समर साह और रंदनी सोरेन के रूप में हुई है। चश्मदीदों के मुताबिक, छात्रा स्कूल से घर लौट रही थी जब यह अनहोनी हो गई।
पलामू में बाइक फिसलने से दो घरों के चिराग बुझे
सड़क हादसों का दूसरा खौफनाक मंजर पलामू जिले के डुमरी गांव में देखने को मिला। यहां एक बाइक पर सवार चार युवक अनियंत्रित होकर सड़क पर गिर गए। लेस्लीगंज एसडीपीओ मनोज कुमार झा के अनुसार, यह (Motorcycle Skid Accident Analysis) तेज रफ्तार की वजह से हुआ प्रतीत होता है। चारों घायलों को तत्काल मेदिनीराय मेडिकल कॉलेज अस्पताल ले जाया गया, लेकिन बदकिस्मती से चतरा जिले के रहने वाले मनोज तुरी और प्रेम भारती को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। एक ही बाइक पर चार लोगों का सवार होना सुरक्षा मानकों की भारी अनदेखी को दर्शाता है।
रांची की सड़कों पर तेज रफ्तार कार का कहर
झारखंड की राजधानी रांची भी इस खूनी खेल से अछूती नहीं रही। गुरुवार रात बिरसा चौक के पास एक पेट्रोल पंप के समीप तेज रफ्तार कार ने एक बाइक सवार को अपनी चपेट में ले लिया। पुलिस अधिकारी दिग्विजय सिंह ने बताया कि 26 वर्षीय विवेक कुमार तिर्की की इस (Hit and Run Investigation) जैसी दुर्घटना में जान चली गई। विवेक लंका कॉलोनी का निवासी था और अपने घर की ओर जा रहा था। इस हादसे ने शहर के भीतर रात के समय होने वाली तेज ड्राइविंग और यातायात नियमों के उल्लंघन पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
गोड्डा हाईवे पर ट्रक और कार की आमने-सामने की टक्कर
हादसों का सिलसिला गोड्डा जिले के पोरैयाहाट थाना क्षेत्र तक जा पहुंचा। भटोंडा हाईवे पर गुरुवार की देर रात एक कार और ट्रक के बीच सीधी भिड़ंत हो गई। गोड्डा डीएसपी जेपीएन चौधरी ने जानकारी साझा की है कि इस (Highway Vehicle Collision Severity) में कार सवार निरंजन मिर्धा की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि कार का ड्राइवर गंभीर रूप से घायल है। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार के अगले हिस्से को काटकर घायलों को बाहर निकालना पड़ा। हाईवे पर भारी वाहनों की अनियंत्रित गति अक्सर ऐसे जानलेवा हादसों का सबब बनती है।
प्रशासन की अपील और सुरक्षा संबंधी चिंताएं
एक के बाद एक हुए इन सात मौतों ने जिला प्रशासन और पुलिस महकमे को अलर्ट मोड पर ला दिया है। पुलिस अधिकारियों ने आम जनता से अपील की है कि वे (Road Safety Regulations Adherence) का सख्ती से पालन करें। दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट जरूर पहनें और क्षमता से अधिक सवारी न बैठाएं। ठंड के मौसम में कोहरे के कारण विजिबिलिटी कम होने पर वाहनों की गति नियंत्रित रखना अनिवार्य है। प्रशासन अब ब्लैक स्पॉट्स की पहचान करने और वहां सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम करने पर विचार कर रहा है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
पीड़ित परिवारों में पसरा सन्नाटा
इन हादसों में जान गंवाने वाले लोग अपने परिवारों के भविष्य थे। कहीं किसी मां ने अपनी बेटी को खोया, तो कहीं किसी पिता का सहारा छिन गया। (Human Impact of Road Accidents) की यह कहानी आंकड़ों से कहीं ज्यादा दर्दनाक है। घायल हुए लोगों का इलाज जारी है, लेकिन उनके मन में बैठा यह डर शायद ही कभी खत्म हो पाए। समाज और सरकार दोनों को मिलकर यह सोचना होगा कि सड़कों को सुरक्षित बनाने के लिए केवल नियम पर्याप्त नहीं हैं, बल्कि हर नागरिक की जिम्मेदारी भी उतनी ही महत्वपूर्ण है।
यातायात नियमों के प्रति जागरूकता की कमी
झारखंड में बढ़ते हादसों का एक मुख्य कारण यातायात शिक्षा का अभाव भी है। लोग अक्सर (Traffic Law Violation Consequences) को हल्के में लेते हैं, जिसका खामियाजा अंततः जान देकर चुकाना पड़ता है। पुलिस ने नए साल के इस दुखद अनुभव के बाद जांच और चेकिंग अभियान को तेज करने का निर्णय लिया है। खासकर नेशनल हाईवे और ग्रामीण सड़कों पर पीसीआर वैन की गश्त बढ़ाई जाएगी ताकि ओवरस्पीडिंग और ड्रंक एंड ड्राइविंग पर लगाम कसी जा सके। आपकी एक छोटी सी सावधानी आपके परिवार को ताउम्र के गम से बचा सकती है।



