Election Vigilance Congress: गोदियाल ने किया ऐलान, विपक्षियों को दी खुली धमकी
Election Vigilance Congress: शनिवार को कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में मीडिया से बातचीत में प्रदेश अध्यक्ष गोदियाल ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस किसी भी तरह के (SIR Monitoring) के खिलाफ नहीं है। उनका कहना था कि डर केवल इस बात का है कि केंद्र और भाजपा सरकार चुनाव आयोग के साथ मिलकर वोटिंग प्रक्रिया में हेरफेर कर सकते हैं। इसलिए पार्टी खुद इस पूरी प्रक्रिया की कड़ी निगरानी करेगी।

बूथ पर नियुक्त किए जाएंगे BLA
गोदियाल ने बताया कि जनवरी 2026 तक पार्टी प्रत्येक मतदान केंद्र पर एक बीएलए नियुक्त करेगी। उनकी पूरी सूची निर्वाचन आयोग को भी सौंप दी जाएगी। इसके लिए सभी जिला और ब्लॉक पदाधिकारियों को निर्देश भी जारी किए जा चुके हैं। यह कदम कांग्रेस की (Election Booth Surveillance) में सक्रिय भागीदारी को दर्शाता है।
प्रदेश में जनविरोधी नीतियों के खिलाफ अभियान
गोदियाल ने आगे कहा कि रैली के बाद प्रदेश में सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ व्यापक अभियान चलाया जाएगा। वह खुद प्रदेश के विभिन्न हिस्सों का भ्रमण करेंगे और जनता के बीच सरकार की नीतियों का सच उजागर करेंगे। राजपुर रोड विधानसभा क्षेत्र में पूर्व विधायक राजकुमार की अध्यक्षता में बैठक में बताया गया कि केंद्र की नीतियों के कारण लोग समस्याओं से जूझ रहे हैं और लोकतांत्रिक अधिकार लगातार बाधित हो रहे हैं। यह स्थिति (Political Awareness Campaign) की जरूरत को दर्शाती है।
वोट चोरी रोकने के लिए कांग्रेस की सक्रियता
गोदियाल ने जोर देकर कहा कि पार्टी ने वोटिंग प्रक्रिया में किसी भी गड़बड़ी को रोकने के लिए तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी कार्यकर्ताओं और नेताओं को निर्देश दिए गए हैं कि वे हर बूथ पर नजर रखें और संभावित अनियमितताओं की जानकारी तुरंत दें। इस योजना के तहत (Election Security Measures) को मजबूत किया जाएगा।
दिल्ली में “वोट चोर गद्दी छोड़” रैली
रविवार को दिल्ली में होने वाली “वोट चोर गद्दी छोड़” रैली में प्रदेश के कई कांग्रेस नेता और कार्यकर्ता शामिल होंगे। प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों से समर्थक अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए दिल्ली रवाना हो चुके हैं। गोदियाल ने कहा कि दून, हरिद्वार और अन्य निकटवर्ती क्षेत्रों से बड़ी संख्या में कार्यकर्ता इस रैली में भाग लेंगे।
उत्तराखंड का ऐतिहासिक योगदान
गोदियाल ने दावा किया कि इस रैली में उत्तराखंड की भागीदारी ऐतिहासिक होगी। यह न केवल पार्टी की ताकत का प्रदर्शन होगा, बल्कि जनता में जागरूकता बढ़ाने का भी अवसर है। इस पहल से (Voter Awareness Campaign) को मजबूती मिलेगी और लोकतांत्रिक प्रक्रिया में लोगों का विश्वास बढ़ेगा।
लोकतंत्र और पारदर्शिता पर जोर
गोदियाल ने स्पष्ट किया कि पार्टी की प्राथमिकता लोकतंत्र की सुरक्षा और पारदर्शिता सुनिश्चित करना है। किसी भी तरह के हेरफेर को रोकने के लिए कांग्रेस हर कदम उठाएगी और जनता की आवाज को सशक्त बनाएगी। उनका मानना है कि यह (Election Integrity) का प्रमुख हिस्सा है।
कार्यकर्ताओं के लिए निर्देश
कांग्रेस ने सभी जिला और ब्लॉक पदाधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि वे पार्टी कार्यकर्ताओं की जिम्मेदारी सुनिश्चित करें। हर बूथ पर बीएलए की तैनाती और निगरानी से यह सुनिश्चित किया जाएगा कि किसी भी तरह की अनियमितता न हो। यह रणनीति पार्टी की (Grassroot Election Management) क्षमता को दिखाती है।
रैली के माध्यम से जनता तक संदेश
गोदियाल ने कहा कि रैली केवल विरोध प्रदर्शन नहीं होगी, बल्कि जनता के बीच सरकार की नीतियों और उनके प्रभाव के बारे में जागरूकता फैलाने का अवसर भी है। इस अभियान में शामिल कार्यकर्ता और नेता जनता से सीधे संवाद करेंगे और लोकतांत्रिक अधिकारों की रक्षा के लिए उन्हें प्रेरित करेंगे।
निष्कर्ष: लोकतंत्र की रक्षा में कांग्रेस की प्रतिबद्धता
गोदियाल का यह कदम स्पष्ट संदेश देता है कि कांग्रेस चुनाव प्रक्रिया की सुरक्षा और पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। हर बूथ पर निगरानी, बीएलए की नियुक्ति और दिल्ली रैली जैसे उपाय इस प्रतिबद्धता को दर्शाते हैं। पार्टी का लक्ष्य (Election Monitoring in India) के माध्यम से लोकतंत्र की मजबूती और जनता के अधिकारों की रक्षा करना है।



