FoodSafety – बेंगलुरु बेकरी में पनीर रोल में छिपकली मिलने से हड़कंप
FoodSafety – बेंगलुरु के मगदी मेन रोड स्थित एक बेकरी से जुड़ा एक चिंताजनक मामला सामने आया है, जिसने बाहर खाने वाले लोगों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। एक स्थानीय व्यक्ति ने आरोप लगाया है कि उसने बेकरी से खरीदे गए पनीर टिक्का रोल में छिपकली देखी, जिसके बाद उसकी तबीयत बिगड़ गई और उसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। घटना के बाद संबंधित व्यक्ति ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है और मामले की जांच शुरू हो चुकी है।

घटना कैसे सामने आई
जानकारी के अनुसार, अग्रहारा दसराहल्ली के रहने वाले 32 वर्षीय टैक्सी चालक दीपू एनके 25 अप्रैल की शाम करीब 4 बजे उस बेकरी पर पहुंचे थे। पहले उन्होंने शहद का केक खाया और इसके बाद चिकन रोल ऑर्डर किया। हालांकि, चिकन रोल उपलब्ध नहीं होने के कारण उन्होंने पनीर टिक्का रोल लेने का फैसला किया। दीपू के मुताबिक, जैसे ही उन्होंने रोल का एक हिस्सा खाया, उन्हें उसमें कुछ असामान्य नजर आया। ध्यान से देखने पर उन्होंने दावा किया कि उसमें छिपकली थी।
कर्मचारियों की प्रतिक्रिया पर सवाल
दीपू ने तुरंत इस बारे में बेकरी कर्मचारियों को जानकारी दी। उनका आरोप है कि कर्मचारियों ने मामले को गंभीरता से लेने के बजाय टालने की कोशिश की और कहा कि उनकी दुकान में साफ-सफाई का पूरा ध्यान रखा जाता है। इस प्रतिक्रिया से पीड़ित संतुष्ट नहीं हुआ और उसने इस लापरवाही को लेकर नाराजगी जताई।
स्वास्थ्य बिगड़ने के बाद अस्पताल में भर्ती
घटना के कुछ ही समय बाद दीपू की तबीयत खराब होने लगी। उन्हें उल्टी और बेचैनी महसूस हुई, जिसके बाद बेकरी का एक कर्मचारी उन्हें नजदीकी अस्पताल लेकर गया। अस्पताल में जांच के दौरान उन्हें दस्त की भी शिकायत हुई। डॉक्टरों ने उनकी हालत को देखते हुए उन्हें कम से कम 24 घंटे निगरानी में रखने की सलाह दी, ताकि किसी गंभीर संक्रमण की संभावना से बचा जा सके।
खर्च को लेकर विवाद
दीपू का कहना है कि बेकरी प्रबंधन ने इस पूरी घटना की जिम्मेदारी लेने से इनकार कर दिया। उनका आरोप है कि कर्मचारियों ने इलाज का खर्च उठाने से भी मना कर दिया और उन्हें किसी अन्य डॉक्टर के पास जाने की सलाह दी। इस व्यवहार से नाराज होकर उन्होंने कानूनी कार्रवाई का रास्ता चुना।
पुलिस जांच जारी
मामले की शिकायत गोविंदराज नगर पुलिस स्टेशन में दर्ज कराई गई है। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (BNS) के तहत लापरवाही और स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाने से जुड़े प्रावधानों के अंतर्गत एफआईआर दर्ज की है। एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि शिकायतकर्ता के पास घटना का कोई ठोस दृश्य प्रमाण, जैसे फोटो या वीडियो, उपलब्ध नहीं है। बताया गया कि अचानक तबीयत बिगड़ने और घबराहट के कारण वह ऐसा सबूत जुटा नहीं पाया।
आगे क्या होगा
पुलिस का कहना है कि मामले की गहराई से जांच की जा रही है और बेकरी की स्वच्छता व्यवस्था की भी जांच की जाएगी। साथ ही, कर्मचारियों और अन्य संभावित गवाहों से पूछताछ की जाएगी। जांच पूरी होने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि आरोप कितने सही हैं और जिम्मेदारी किसकी बनती है।
यह घटना एक बार फिर बाहर मिलने वाले खाने की गुणवत्ता और निगरानी व्यवस्था पर सवाल उठाती है। उपभोक्ताओं के लिए सतर्क रहना और प्रशासन के लिए नियमित जांच सुनिश्चित करना बेहद जरूरी माना जा रहा है।