Til Bugga Recipe for Lohri: त्योहारों की मिठास में लगाएं चार चांद, सिर्फ 10 मिनट में बनाएं सेहतमंद ‘तिल बुग्गा’
Til Bugga Recipe for Lohri: सर्दियों के मौसम में जब त्योहारों की दस्तक होती है, तो रसोई से आने वाली सोंधी खुशबू मन को मोह लेती है। लोहड़ी और मकर संक्रांति जैसे पर्वों पर तिल और गुड़ का मेल अनिवार्य माना जाता है। अगर आप इस बार कुछ हटकर और झटपट बनाना चाहते हैं, तो (Traditional Indian Festival Sweets) की श्रेणी में तिल बुग्गा एक लाजवाब विकल्प है। यह न केवल बनाने में बेहद आसान है, बल्कि इसमें इस्तेमाल होने वाली सामग्री भी हर घर में आसानी से उपलब्ध होती है। मात्र 10 मिनट की मेहनत से आप बाजार जैसी शुद्ध मिठाई घर पर ही तैयार कर सकते हैं।

उत्तर भारत और पंजाब की खास सौगात
तिल बुग्गा मुख्य रूप से पंजाब और उत्तर भारत के घरों में सर्दियों के दौरान बड़े चाव से बनाया और खाया जाता है। इसे (Cultural Importance of Til Gud) के प्रतीक के रूप में देखा जाता है, जो रिश्तों में मिठास और गर्माहट घोलने का काम करता है। त्योहारों पर जब मेहमानों का तांता लगा हो, तब यह रेसिपी गृहिणियों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। पूजा के भोग से लेकर बच्चों के टिफिन तक, तिल बुग्गा हर जगह अपनी खास जगह बना लेता है और सेहत का भी पूरा ख्याल रखता है।
तिल बुग्गा बनाने के लिए जरूरी सामग्री
इस स्वादिष्ट मिठाई को तैयार करने के लिए आपको बहुत कम चीजों की जरूरत पड़ेगी। आपको चाहिए एक कप सफेद तिल, पौना कप कद्दूकस किया हुआ गुड़, एक छोटा चम्मच शुद्ध देसी घी और खुशबू के लिए (Cardamom Powder for Flavor) का इस्तेमाल करें। अगर आप इसे और भी शाही अंदाज देना चाहते हैं, तो इसमें दो से तीन चम्मच पानी के साथ कटे हुए बादाम या भुनी हुई मूंगफली भी डाल सकते हैं। यह सारी सामग्री मिलकर एक ऐसा मिश्रण तैयार करती हैं जो मुंह में जाते ही घुल जाता है।
स्टेप 1: तिल को भूनने की सही तकनीक
सबसे पहले एक भारी तले की कढ़ाही लें और उसमें सफेद तिल डालकर धीमी आंच पर भूनना शुरू करें। ध्यान रहे कि (Dry Roasting Sesame Seeds) के दौरान आंच तेज न हो, वरना तिल जल सकते हैं और स्वाद कड़वा हो सकता है। जैसे ही तिल चटकने लगें और उनसे हल्की सोंधी खुशबू आने लगे, समझ जाइए कि वे तैयार हैं। हल्का सुनहरा रंग आते ही गैस बंद कर दें और तिलों को एक अलग प्लेट में निकाल लें ताकि वे कढ़ाही की गर्मी से ज्यादा न भुनें।
स्टेप 2: गुड़ की चाशनी तैयार करने का तरीका
अब उसी कढ़ाही में एक चम्मच घी डालें और कद्दूकस किया हुआ गुड़ डाल दें। इसमें दो-तीन चम्मच पानी मिलाएं ताकि गुड़ आसानी से पिघल जाए। (Making Jaggery Syrup Correct) इस रेसिपी का सबसे महत्वपूर्ण हिस्सा है। धीमी आंच पर गुड़ को लगातार चलाते रहें जब तक कि वह पूरी तरह पिघल न जाए। जब गुड़ में बुलबुले उठने लगें और वह हल्का गाढ़ा होने लगे, तो समझ लें कि चाशनी तैयार है। इसे बहुत ज्यादा सख्त न होने दें, वरना बुग्गा दांतों से चबाना मुश्किल हो जाएगा।
स्टेप 3: मिश्रण को आकार देने का हुनर
जैसे ही चाशनी तैयार हो जाए, उसमें भुने हुए तिल, इलायची पाउडर और ड्राई फ्रूट्स डालकर अच्छी तरह मिलाएं। जब सारा मिश्रण एक जान हो जाए, तो गैस बंद कर दें। अब मिश्रण को हल्का ठंडा होने दें। जब यह इतना गर्म रहे कि आप इसे छू सकें, तो (Handmade Til Gud Ladoo) की तरह छोटे-छोटे बुग्गे या गोल लड्डू बना लें। हाथों पर थोड़ा घी लगा लेने से मिश्रण चिपकेगा नहीं और बुग्गे एकदम चिकने और आकर्षक बनेंगे।
सेहत का खजाना है तिल और गुड़
तिल बुग्गा केवल स्वाद में ही नहीं, बल्कि सेहत के मामले में भी सुपरफूड है। तिल में भरपूर मात्रा में कैल्शियम और आयरन होता है, जो हड्डियों और खून की कमी को दूर करता है। वहीं (Health Benefits of Jaggery) की बात करें तो यह पाचन तंत्र को दुरुस्त रखता है और शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता यानी इम्युनिटी को बढ़ाता है। सर्दियों में इन दोनों का सेवन शरीर को प्राकृतिक रूप से गर्म रखने में मदद करता है और तुरंत एनर्जी प्रदान करता है, जिससे आप दिनभर तरोताजा महसूस करते हैं।
स्टोर करने के टिप्स और सावधानियां
तैयार तिल बुग्गा को पूरी तरह ठंडा होने के बाद एक एयरटाइट कंटेनर में भरकर रखें। इससे इनका कुरकुरापन बना रहेगा और ये (Storing Homemade Sweets) के नियमों के अनुसार 15 से 20 दिनों तक खराब नहीं होंगे। ध्यान रखने वाली बात यह है कि चाशनी बनाते समय गुड़ को जरूरत से ज्यादा न पकाएं, क्योंकि ऐसा करने से मिठाई पत्थर जैसी सख्त हो सकती है। इस आसान और सेहतमंद रेसिपी के साथ अपनी लोहड़ी और मकर संक्रांति को और भी यादगार बनाएं।



