बिज़नेस

PowerTariff – मार्च में ईंधन अधिभार घटा, उपभोक्ताओं को राहत

PowerTariff – उत्तर प्रदेश के बिजली उपभोक्ताओं के लिए मार्च 2026 से राहत की खबर है। उत्तर प्रदेश पावर कार्पोरेशन लिमिटेड ने ईंधन अधिभार शुल्क में 2.42 प्रतिशत की कमी की घोषणा की है। यह कमी दिसंबर 2025 की दरों की तुलना में की गई है। नई दरों के लागू होने से प्रदेशभर के उपभोक्ताओं को सामूहिक रूप से लगभग 141 करोड़ रुपये से अधिक का लाभ मिलने का अनुमान है।

up electricity fuel surcharge cut march

ईंधन अधिभार में कमी का असर

ईंधन अधिभार शुल्क बिजली उत्पादन में इस्तेमाल होने वाले ईंधन की लागत के आधार पर जोड़ा जाता है। जब ईंधन की लागत घटती है या समायोजन होता है, तो इसका असर सीधे उपभोक्ताओं के बिल पर पड़ता है।

मार्च माह के लिए घोषित कमी को उपभोक्ता परिषद ने सकारात्मक कदम बताया है। परिषद का कहना है कि इसे प्रभावी रूप से बिजली दरों में 2.42 प्रतिशत की कमी के रूप में देखा जाना चाहिए, जिससे आम उपभोक्ताओं को कुछ राहत मिलेगी।

फरवरी के आदेश पर विवाद

फरवरी में 10 प्रतिशत ईंधन अधिभार वसूले जाने के आदेश के खिलाफ विद्युत उपभोक्ता परिषद ने विद्युत नियामक आयोग में आपत्ति दर्ज कराई थी। परिषद का तर्क था कि दरों के निर्धारण में पारदर्शिता और समयबद्धता जरूरी है।

मामला फिलहाल आयोग के समक्ष विचाराधीन है। परिषद ने यह भी मुद्दा उठाया है कि औसत बिलिंग दर के निर्धारण में देरी के कारण उपभोक्ताओं से अधिक वसूली हुई।

औसत बिलिंग दर पर सवाल

वर्ष 2025-26 के लिए विद्युत नियामक आयोग ने औसत बिलिंग दर 6.36 रुपये प्रति यूनिट तय की थी। हालांकि, टैरिफ आदेश में देरी के चलते पावर कार्पोरेशन पुराने 6.14 रुपये प्रति यूनिट के आधार पर ही ईंधन अधिभार की गणना करता रहा।

परिषद के अनुसार, इस अंतर से करीब 200 करोड़ रुपये की राशि प्रभावित हुई है। परिषद ने मांग की है कि इस रकम का समायोजन उपभोक्ताओं के बिल में किया जाए। पूरा मामला आयोग के समक्ष रखा जाएगा ताकि उचित निर्णय लिया जा सके।

होली पर निर्बाध आपूर्ति के निर्देश

उधर, होली पर्व को देखते हुए ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने प्रदेशभर में बिजली कटौती न करने के निर्देश दिए हैं। शक्ति भवन में हुई समीक्षा बैठक में उन्होंने अधिकारियों को साफ कहा कि त्योहार के दौरान निर्बाध आपूर्ति सुनिश्चित की जाए।

मंत्री ने यह भी कहा कि त्योहार के समय किसी प्रकार की तकनीकी लापरवाही न हो और सुरक्षा मानकों का पालन सख्ती से किया जाए, ताकि कोई अप्रिय घटना न हो।

गर्मियों की तैयारी पर जोर

बैठक में आगामी गर्मी के मौसम की तैयारियों की भी समीक्षा की गई। मंत्री ने निर्देश दिए कि ट्रांसफार्मर, लाइनों और केबलों के अनुरक्षण का काम समय से पूरा किया जाए। जहां जरूरत हो, वहां तेल परिवर्तन और अन्य तकनीकी सुधार पहले ही कर लिए जाएं।

उन्होंने अधिकारियों से कहा कि गर्मी के दौरान मांग बढ़ने की संभावना रहती है, इसलिए अभी से योजना बनाकर काम किया जाए। लक्ष्य यह है कि उपभोक्ताओं को अधिकतम समय तक निर्बाध बिजली मिल सके और शिकायतों की संख्या न्यूनतम रहे।

कुल मिलाकर, मार्च में ईंधन अधिभार में कमी और त्योहारों के दौरान निर्बाध आपूर्ति के निर्देशों से उपभोक्ताओं को तत्काल राहत मिलने की उम्मीद है। आगे आयोग के फैसले पर भी नजर रहेगी।

Related Articles

Back to top button

Adblock Detected

Please remove AdBlocker first, and then watch everything easily.