StreetFood – सही चुनाव से बाहर का खाना भी हो सकता है संतुलित
StreetFood – भारत में स्ट्रीट फूड सिर्फ खाने का विकल्प नहीं, बल्कि संस्कृति का हिस्सा है। चाट की खुशबू, भुट्टे की महक और ठेले पर सजे उबले अंडे—ये नज़ारे हर शहर की पहचान हैं। स्वाद और किफायती दाम के कारण लोग इन्हें पसंद करते हैं, लेकिन सेहत और साफ-सफाई को लेकर अक्सर संदेह बना रहता है। खासकर दिल की सेहत को लेकर जागरूक लोग बाहर के खाने से दूरी बना लेते हैं। हालांकि विशेषज्ञों का मानना है कि हर स्ट्रीट फूड अनहेल्दी नहीं होता, फर्क सिर्फ चुनाव का है।

दिल की सेहत और समझदारी भरे विकल्प
दिल्ली के वरिष्ठ हृदय रोग विशेषज्ञ डॉ. आलोक चोपड़ा का कहना है कि पौष्टिक भोजन का मतलब हमेशा महंगा भोजन नहीं होता। यदि व्यक्ति सोच-समझकर विकल्प चुने और स्वच्छता का ध्यान रखे, तो कई स्ट्रीट फूड आइटम संतुलित आहार का हिस्सा बन सकते हैं। उनके अनुसार, पोषण का संबंध दिखावे से नहीं, बल्कि सही समझ से है।
भुना चना: सादा लेकिन पोषक
भुना हुआ चना सड़कों पर आसानी से मिल जाता है और यह पौध-आधारित प्रोटीन का अच्छा स्रोत है। शाकाहारी लोगों के लिए यह खास तौर पर लाभकारी है। इसमें मौजूद फाइबर पाचन को बेहतर बनाता है और देर तक भूख नहीं लगने देता। यही कारण है कि वजन नियंत्रित रखने में भी यह सहायक माना जाता है। बिना तले और कम मसाले वाले चने अपेक्षाकृत सुरक्षित विकल्प हो सकते हैं।
हल्की भेल पूरी: संतुलन जरूरी
भेल पूरी का नाम सुनते ही तली हुई सेव और मीठी चटनी का ख्याल आता है, लेकिन अगर इसे हल्के अंदाज में तैयार किया जाए तो यह अपेक्षाकृत हेल्दी स्नैक बन सकती है। मुरमुरा, कटी सब्जियां, नींबू और हरी चटनी के साथ तैयार की गई कम मसाले वाली भेल में फाइबर की मात्रा अच्छी होती है। यह पेट पर भारी भी नहीं पड़ती और स्वाद भी बनाए रखती है।
भुट्टा: सादा और प्राकृतिक विकल्प
सड़क किनारे कोयले पर भुना हुआ भुट्टा कम प्रोसेस्ड विकल्पों में गिना जाता है। इसमें फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट पाए जाते हैं, जो हृदय के लिए लाभकारी माने जाते हैं। नींबू और हल्का नमक लगाकर खाया गया भुट्टा लंबे समय तक ऊर्जा देने में मदद करता है। हालांकि, अत्यधिक मक्खन या अतिरिक्त नमक से बचना बेहतर होता है।
शकरकंद: कम दिखने वाला लेकिन उपयोगी
उबला या भुना शकरकंद हर जगह उपलब्ध नहीं होता, लेकिन जहां मिलता है, वहां यह अच्छा विकल्प साबित हो सकता है। इसमें मौजूद फाइबर पाचन को संतुलित रखता है और रक्त शर्करा का स्तर धीरे-धीरे बढ़ाता है। इससे शरीर को स्थिर ऊर्जा मिलती है और अचानक भूख नहीं लगती।
उबला अंडा: प्रोटीन से भरपूर
उबला अंडा स्ट्रीट फूड में अपेक्षाकृत सुरक्षित और पोषण से भरपूर माना जाता है। इसमें उच्च गुणवत्ता वाला प्रोटीन होता है, जो मांसपेशियों के लिए जरूरी है और लंबे समय तक पेट भरा रखने में मदद करता है। अगर इसे साफ-सुथरे स्थान से लिया जाए तो यह अच्छा स्नैक हो सकता है।
सावधानी भी उतनी ही जरूरी
विशेषज्ञ यह भी याद दिलाते हैं कि बाहर का खाना लेते समय स्वच्छता पर ध्यान देना जरूरी है। जहां भीड़ कम हो और सामग्री ताजी दिखे, वहां से खरीदना बेहतर है। अधिक तेल, ज्यादा नमक या तले हुए विकल्पों से बचना दिल की सेहत के लिए फायदेमंद रहता है।
निष्कर्ष यही है कि स्ट्रीट फूड को पूरी तरह त्यागना जरूरी नहीं, बल्कि समझदारी से चयन करना अधिक महत्वपूर्ण है। संतुलन और जागरूकता के साथ बाहर का खाना भी सेहतमंद जीवनशैली का हिस्सा बन सकता है।



