Lucknow Road Accident: स्कूल फेयरवेल से लौट रहे छात्रों की बाइक डीसीएम से टकराई, एक की मौत
Lucknow Road Accident: उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के पीजीआई थाना क्षेत्र में गुरुवार दोपहर एक बड़ा हादसा हो गया। किसान पथ पर तेज रफ्तार बाइक सड़क किनारे खड़े एक डीसीएम ट्रक से जा टकराई। इस बाइक पर तीन छात्र सवार थे, जो अपने स्कूल की विदाई पार्टी (Farewell Party) मनाकर घर लौट रहे थे। टक्कर इतनी जबरदस्त थी कि तीनों छात्र गंभीर रूप से जख्मी हो गए। स्थानीय लोगों और सूचना पर पहुंची पुलिस ने आनन-फानन में तीनों को नजदीकी ट्रॉमा सेंटर पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने 18 वर्षीय शिवम यादव को मृत घोषित कर दिया। वहीं, उसका साथी जतिन जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ रहा है, जबकि तीसरे छात्र की स्थिति खतरे से बाहर बताई जा रही है।

स्कूल की खुशियां मातम में बदलीं
परिजनों से मिली जानकारी के मुताबिक, मृतक शिवम यादव मोहनलालगंज के मालती नारायण इंटर कॉलेज का छात्र था। गुरुवार को स्कूल में कक्षा 12 के छात्रों के लिए फेयरवेल पार्टी का आयोजन किया गया था। शिवम सुबह बेहद खुश होकर अपने घर बाबूखेड़ा से स्कूल के लिए निकला था। पार्टी खत्म होने के बाद वह अपने दोस्त जतिन और एक अन्य सहपाठी के साथ बाइक से वापस लौट रहा था। दोपहर के समय जब उनकी बाइक टिकरा मार्ग से होते हुए किसान पथ पर बाबूखेड़ा के करीब पहुंची, तभी सड़क किनारे खड़े एक डीसीएम से उनकी सीधी भिड़ंत हो गई।
हेलमेट न होने की वजह से गई जान
पीजीआई इंस्पेक्टर धीरेंद्र सिंह ने बताया कि जिस समय यह हादसा (Lucknow Road Accident) हुआ, डीसीएम चालक सड़क किनारे अपनी गाड़ी खड़ी कर उसका टायर (स्टेपनी) बदल रहा था। इसी दौरान छात्रों की बाइक अनियंत्रित होकर पीछे से ट्रक में घुस गई। प्रत्यक्षदर्शियों और पुलिस का कहना है कि बाइक की रफ्तार काफी अधिक थी। सबसे दुखद पहलू यह रहा कि बाइक चला रहे शिवम ने हेलमेट नहीं पहन रखा था। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि यदि छात्र के सिर पर हेलमेट होता, तो शायद उसकी जान बच सकती थी। टक्कर के बाद शिवम के सिर में गंभीर चोटें आई थीं, जो अंततः जानलेवा साबित हुईं।
कोमा में साथी छात्र और परिवार में कोहराम
इस हादसे ने एक हंसते-खेलते परिवार को कभी न भूलने वाला जख्म दे दिया है। शिवम के पिता सुभाष यादव, जो एक मेडिकल स्टोर में काम कर बड़ी मुश्किल से परिवार का गुजारा करते हैं, बेटे की मौत की खबर सुनते ही बेसुध हो गए। पोस्टमार्टम के बाद जब शिवम का शव गांव पहुंचा, तो वहां चीख-पुकार मच गई। देर शाम गमगीन माहौल में पिता ने अपने जवान बेटे को मुखाग्नि दी। शिवम के बड़े भाई सत्यम और दो छोटी बहनों का रो-रोकर बुरा हाल है। दूसरी ओर, गंभीर रूप से घायल जतिन कोमा में चला गया है और उसकी हालत काफी नाजुक बनी हुई है।
सड़क सुरक्षा को लेकर पुलिस की अपील
इस घटना ने एक बार फिर युवाओं के बीच बढ़ते रफ्तार के जुनून और ट्रैफिक नियमों की अनदेखी पर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस प्रशासन ने अभिभावकों और छात्रों से अपील की है कि दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट का उपयोग अनिवार्य रूप से करें। किसान पथ जैसे चौड़े रास्तों पर अक्सर तेज रफ्तार गाड़ियां चलती हैं, ऐसे में सावधानी ही बचाव का एकमात्र रास्ता है। पुलिस ने दुर्घटनाग्रस्त वाहनों को कब्जे में ले लिया है और मामले की आगे की जांच की जा रही है।



