सामुदायिक जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार योजना
करीब ढाई वर्ष पहले मुख्यमंत्री ने ऐसे बहुउद्देश्यीय कल्याण मंडपम विकसित करने की परिकल्पना रखी थी, ताकि अल्प और मध्यम आय वर्ग के परिवार अपने सामाजिक और मांगलिक कार्यक्रम सीमित बजट में सम्मानजनक ढंग से कर सकें। इसी सोच के तहत शहर के विभिन्न हिस्सों में चरणबद्ध तरीके से निर्माण कार्य शुरू किया गया। इससे पहले खोराबार, सूरजकुंड, मानबेला और राप्तीनगर विस्तार में भी ऐसे केंद्रों का उद्घाटन किया जा चुका है। प्रशासन का मानना है कि इन भवनों से आम लोगों को निजी बैंकेट हॉल की तुलना में कम खर्च में बेहतर सुविधा मिल सकेगी।
बिछिया कन्वेंशन सेंटर की विशेषताएं
बिछिया स्थित इस कन्वेंशन सेंटर का निर्माण 10 जून 2024 से प्रारंभ हुआ था। लगभग 1120 वर्गमीटर क्षेत्रफल में बने इस भवन में एक विशाल हाल है, जिसमें एक साथ करीब 300 लोगों के बैठने की व्यवस्था की गई है। इसके अतिरिक्त आधुनिक रसोईघर, भंडारण कक्ष और आवश्यक मूलभूत सुविधाएं भी उपलब्ध कराई गई हैं। अधिकारियों के अनुसार, भवन को इस तरह डिजाइन किया गया है कि शादी, सामुदायिक बैठक, सांस्कृतिक कार्यक्रम या अन्य सामाजिक आयोजनों में आसानी से उपयोग किया जा सके।
संचालन के लिए टेंडर प्रक्रिया जारी
गोरखपुर विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष आनंद वर्द्धन ने बताया कि कल्याण मंडपम के संचालन के लिए निविदा प्रक्रिया चल रही है। जल्द ही चयनित संस्था को संचालन की जिम्मेदारी सौंपी जाएगी। साथ ही शहर के जंगल बेनीमाधव, बशारतपुर, नकहा नंबर दो, महादेव झारखंडी और सेमरा क्षेत्रों में भी ऐसे ही मंडपम प्रस्तावित हैं। दो नए केंद्रों का शिलान्यास भी निकट भविष्य में संभावित बताया जा रहा है।
महाशिवरात्रि पर पीतेश्वरनाथ मंदिर जाएंगे मुख्यमंत्री
इसी क्रम में मुख्यमंत्री के पीपीगंज क्षेत्र के भरोहिया स्थित प्राचीन पीतेश्वरनाथ शिव मंदिर पहुंचने की भी संभावना है। महाशिवरात्रि के अवसर पर प्रस्तावित कार्यक्रम को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियां तेज कर दी हैं। जिलाधिकारी दीपक मीणा ने मंदिर परिसर का निरीक्षण कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। प्रशासन का लक्ष्य है कि आयोजन शांतिपूर्ण और सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न हो।
नोएडा में पारदर्शिता और समयबद्ध विकास पर जोर
इस बीच मुख्यमंत्री ने नोएडा में जिला और पुलिस प्रशासन के साथ-साथ तीनों प्राधिकरणों के अधिकारियों की बैठक भी की। उन्होंने विकास परियोजनाओं को तय समयसीमा में पूरा करने और कार्यप्रणाली में पारदर्शिता बनाए रखने के निर्देश दिए। बैठक में नागरिकों की शिकायतों के त्वरित समाधान पर विशेष बल दिया गया। मुख्यमंत्री एक निजी वैवाहिक कार्यक्रम में शामिल होने नोएडा पहुंचे थे, लेकिन उन्होंने अवसर का उपयोग प्रशासनिक समीक्षा के लिए भी किया।
आवास आवंटन से लाभार्थियों को राहत
राप्तीनगर विस्तार स्पोर्ट्स सिटी योजना के अंतर्गत जिन लाभार्थियों को प्रमाण पत्र दिए जाएंगे, वे लंबे समय से आवास की प्रतीक्षा कर रहे थे। एलआईजी और ईडब्ल्यूएस वर्ग के लिए यह योजना महत्वपूर्ण मानी जा रही है, क्योंकि इससे किफायती दरों पर घर उपलब्ध कराने का लक्ष्य पूरा होता है। अधिकारियों का कहना है कि आवंटन प्रक्रिया को पारदर्शी और व्यवस्थित रखा गया है, ताकि पात्र परिवारों को समय पर लाभ मिल सके।
कुल मिलाकर, गोरखपुर में विकसित हो रहे ये कल्याण मंडपम न केवल सामाजिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करेंगे, बल्कि सीमित आय वाले परिवारों के लिए एक व्यावहारिक विकल्प भी बनेंगे। प्रशासन का दावा है कि आगामी महीनों में और परियोजनाएं धरातल पर उतरेंगी, जिससे शहर की सामुदायिक आधारभूत संरचना और मजबूत होगी।