RajyaSabhaElection – नामांकन के साथ अभिषेक मनु सिंघवी की संपत्ति का हुआ खुलासा
RajyaSabhaElection – कांग्रेस नेता और वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक मनु सिंघवी ने तेलंगाना से राज्यसभा चुनाव के लिए नामांकन दाखिल करते हुए अपनी संपत्ति का विवरण सार्वजनिक किया है। चुनावी प्रक्रिया के तहत दाखिल किए गए हलफनामे में उन्होंने अपनी आय, चल-अचल संपत्तियों, निवेश और देनदारियों से जुड़ी जानकारी दी है। इस खुलासे के बाद उनकी कुल संपत्ति और आय को लेकर राजनीतिक और कानूनी हलकों में चर्चा तेज हो गई है। दस्तावेजों के अनुसार सिंघवी, उनकी पत्नी और उनके हिंदू अविभाजित परिवार (HUF) की संयुक्त संपत्ति का मौजूदा बाजार मूल्य लगभग 2,558 करोड़ रुपये आंका गया है।

संपत्ति और आय का विस्तृत विवरण
नामांकन के साथ दाखिल हलफनामे में पिछले कई वर्षों की आय का भी उल्लेख किया गया है। वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए सिंघवी की घोषित आय 374 करोड़ रुपये से अधिक बताई गई है। इससे पहले 2023-24 में उनकी आय करीब 333 करोड़ रुपये रही थी, जबकि 2022-23 में यह लगभग 359 करोड़ रुपये दर्ज की गई थी। इसी तरह 2021-22 में उनकी आय लगभग 290 करोड़ रुपये और 2020-21 में 158 करोड़ रुपये से अधिक बताई गई थी।
इन आंकड़ों से स्पष्ट होता है कि वरिष्ठ अधिवक्ता के रूप में सिंघवी की वार्षिक आय लगातार ऊंचे स्तर पर बनी हुई है। कानूनी पेशे और अन्य निवेशों से प्राप्त आय का विवरण भी हलफनामे में शामिल किया गया है, जिससे उनके आर्थिक प्रोफाइल की विस्तृत तस्वीर सामने आती है।
परिवार की चल संपत्तियों में गहनों और कला संग्रह का जिक्र
दस्तावेज में परिवार की चल संपत्तियों का भी विस्तार से उल्लेख किया गया है। इसमें बैंक खातों में जमा राशि, शेयर बाजार में निवेश, म्यूचुअल फंड, वाहन, आभूषण और अन्य कीमती वस्तुओं की जानकारी शामिल है।
हलफनामे के अनुसार अभिषेक मनु सिंघवी के पास लगभग 2.40 करोड़ रुपये मूल्य के आभूषण हैं। वहीं उनकी पत्नी के नाम दर्ज गहनों का मूल्य करीब 157.53 करोड़ रुपये बताया गया है। इसके अलावा सिंघवी के पास कला संग्रह भी है, जिसमें पेंटिंग और अन्य आर्टवर्क शामिल हैं। इन कलाकृतियों की कुल कीमत 25 करोड़ रुपये से अधिक बताई गई है।
निवेश और दिए गए पर्सनल लोन
हलफनामे में वित्तीय निवेश से जुड़ी जानकारी भी सामने आई है। इसमें बताया गया है कि सिंघवी ने विभिन्न संस्थाओं और व्यक्तियों को बड़ी राशि के पर्सनल लोन दिए हुए हैं। दस्तावेज के अनुसार उन्होंने करीब 353.32 करोड़ रुपये के पर्सनल लोन दिए हैं।
इसी तरह उनकी पत्नी ने भी अलग-अलग कंपनियों को लगभग 72.99 करोड़ रुपये के ऋण दिए हैं। इसके अलावा अचल संपत्तियों के रूप में नई दिल्ली में स्थित आवासीय संपत्तियों का भी उल्लेख किया गया है, जो सिंघवी और उनकी पत्नी के नाम पर दर्ज हैं। हलफनामे में इन संपत्तियों के साथ अन्य निवेशों का भी विवरण दिया गया है।
घरेलू और कार्यालयी सामान तक का उल्लेख
नामांकन के साथ जमा किए गए दस्तावेज में केवल बड़ी संपत्तियों ही नहीं बल्कि घर और कार्यालय में इस्तेमाल होने वाले उपकरणों का भी विवरण दिया गया है। “अन्य फिक्स्ड एसेट्स” की श्रेणी में एयर कंडीशनर, फर्नीचर, रसोई उपकरण, कंप्यूटर और कई अन्य सामानों को सूचीबद्ध किया गया है।
इस सूची में एक कंप्यूटर की कीमत 163 रुपये दर्ज होने का उल्लेख भी किया गया है, जिसने ध्यान आकर्षित किया है। इसके अलावा हलफनामे में यह भी बताया गया है कि सिंघवी पर 63 करोड़ रुपये से अधिक का आयकर बकाया दर्ज है।
राज्यसभा चुनाव के बीच संपत्ति का खुलासा चर्चा में
राज्यसभा चुनाव के लिए नामांकन के साथ संपत्ति का यह विस्तृत खुलासा कानूनी और राजनीतिक दोनों ही क्षेत्रों में चर्चा का विषय बन गया है। चुनावी नियमों के तहत उम्मीदवारों को अपनी आय, संपत्ति और देनदारियों का पूरा विवरण देना होता है ताकि पारदर्शिता बनी रहे।
सिंघवी देश के जाने-माने वरिष्ठ अधिवक्ताओं में गिने जाते हैं और लंबे समय से कानूनी और राजनीतिक दोनों क्षेत्रों में सक्रिय हैं। ऐसे में उनके आर्थिक विवरण के सार्वजनिक होने से उनके पेशेवर और व्यक्तिगत निवेश से जुड़ी जानकारी भी सामने आई है।



