New Year Safety Measures 2026: नए साल के जश्न में खलल न डालें हुड़दंग और नशा, नशे में गाड़ी चलाई तो पैदल जाना पड़ेगा घर…
New Year Safety Measures 2026: साल 2025 की विदाई और नए वर्ष 2026 के स्वागत की तैयारियों के बीच झारखंड का जिला प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद हो गया है। उपायुक्त मंजूनाथ भजंत्री ने स्पष्ट आदेश जारी किए हैं कि उत्सव के नाम पर कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। दशम, जोन्हा, हुंडरू जैसे विश्व प्रसिद्ध जलप्रपातों और विभिन्न डैमों पर उमड़ने वाली भारी भीड़ को देखते हुए (Strict Security Protocols) लागू कर दिए गए हैं। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि नागरिक शांतिपूर्ण माहौल में खुशियां मना सकें और किसी भी अप्रिय घटना को समय रहते रोका जा सके।

ड्रंक एंड ड्राइव पर डिजिटल स्ट्राइक: वाहन होगा जब्त और चालक जाएगा पैदल
प्रशासन ने नशे की हालत में वाहन चलाने वालों के लिए एक अनोखी और सख्त सजा का प्रावधान किया है। यदि कोई व्यक्ति शराब पीकर ड्राइविंग करते हुए पाया जाता है, तो उसका (Vehicle Impoundment Rules) के तहत वाहन तत्काल जब्त कर लिया जाएगा और उसे कड़कड़ाती ठंड में पैदल ही अपने गंतव्य की ओर जाना होगा। इतना ही नहीं, सड़कों पर ‘रेस ड्राइविंग’ या स्टंट करने वाले युवाओं के खिलाफ भी यही दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। सघन वाहन जांच अभियान के लिए प्रमुख चौराहों और पिकनिक स्थलों के रास्तों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है।
पिकनिक स्थलों पर ‘मिशन कवच’: लाइफ जैकेट के बिना पानी में उतरना मना
झारखंड के प्राकृतिक जलाशयों और डैमों में होने वाली दुर्घटनाओं को रोकने के लिए प्रशासन ने इस बार बेहद कड़े कदम उठाए हैं। जलाशयों में बोटिंग का आनंद केवल वही लोग ले पाएंगे जो लाइफ जैकेट पहनेंगे। (Water Safety Guidelines) का उल्लंघन करने वालों पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा। खतरनाक जलप्रपातों और गहरे तालाबों के पास गोताखोरों की विशेष टीम तैनात की गई है। साथ ही, दशम फॉल जैसे जोखिम भरे स्थलों को चिन्हित कर वहां पर्यटकों के जाने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है, ताकि फिसलन या गहराई के कारण होने वाली मौतों को टाला जा सके।
नारी सुरक्षा सर्वोपरि: छेड़खानी करने वालों के लिए तैनात हैं विशेष दस्ते
पर्यटक स्थलों और सार्वजनिक पार्कों में महिलाओं और युवतियों की सुरक्षा के लिए प्रशासन ने ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति अपनाई है। असामाजिक तत्वों और मनचलों पर नजर रखने के लिए (Anti Romeo Squads) और सादे लिबास में पुलिसकर्मियों को प्रतिनियुक्त किया गया है। छेड़खानी की किसी भी घटना पर त्वरित कानूनी कार्रवाई की जाएगी। उपायुक्त ने निर्देश दिया है कि पिकनिक स्थलों पर सघन गश्ती सुनिश्चित की जाए ताकि महिलाएं बिना किसी डर के नए साल का आनंद ले सकें।
मेडिकल इमरजेंसी के लिए ‘हाई अलर्ट’: 24 घंटे तैनात रहेगी एम्बुलेंस
भीड़भाड़ वाले इलाकों में किसी भी स्वास्थ्य संबंधी आपात स्थिति से निपटने के लिए सिविल सर्जन ने विशेष इंतजाम किए हैं। 31 दिसंबर 2025 की सुबह से लेकर 1 जनवरी 2026 तक जिला नियंत्रण कक्ष में (Emergency Medical Services) सक्रिय रहेंगी। चार आधुनिक एम्बुलेंस, डॉक्टरों की टीम और जीवन रक्षक दवाओं का स्टॉक तैयार रखा गया है। इसके अलावा, सभी बीडीओ और सीओ को निर्देश दिया गया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों की स्थिति का जायजा लेते रहें और हर दो घंटे में मुख्यालय को अपनी रिपोर्ट भेजें।
नागरिक जिम्मेदारी का आह्वान: खुशियों के बीच न भूलें अपनी सुरक्षा
प्रशासन ने सभी नागरिकों से अपील की है कि वे नए साल का जश्न जिम्मेदारी के साथ मनाएं। (Public Cooperation) की अपील करते हुए उपायुक्त ने कहा कि जारी किए गए दिशा-निर्देशों का पालन करना स्वयं नागरिकों की सुरक्षा के लिए आवश्यक है। किसी भी संदिग्ध गतिविधि या आपात स्थिति में तुरंत जिला नियंत्रण कक्ष या नजदीकी पुलिस थाने को सूचित करें। आपका थोड़ा सा सहयोग नए साल की शुरुआत को सुरक्षित और यादगार बना सकता है।



