Metro Project – पटना मेट्रो कॉरिडोर-टू की खुदाई 12 मार्च से फिर होगी शुरू
Metro Project – पटना में मेट्रो परियोजना के कॉरिडोर-टू से जुड़ा एक अहम निर्माण कार्य फिर से शुरू होने जा रहा है। मोइनुल हक स्टेडियम से राजेन्द्र नगर टर्मिनल के बीच रुका हुआ टनल निर्माण 12 मार्च से दोबारा शुरू किया जाएगा। इस काम को आगे बढ़ाने के लिए रेलवे ने पटना मेट्रो रेल कॉरपोरेशन को आवश्यक अनुमति दे दी है। रेलवे से नो ऑब्जेक्शन सर्टिफिकेट मिलने के बाद अब लंबे समय से ठप पड़ा यह प्रोजेक्ट फिर गति पकड़ने की उम्मीद है।

रेलवे से अनुमति मिलने के बाद निर्माण कार्य को मिली हरी झंडी
दरअसल, मोइनुल हक स्टेडियम से टनल की खुदाई पहले ही शुरू कर दी गई थी। निर्माण कार्य रेलवे ट्रैक के नजदीक पहुंचने के बाद रुक गया था, क्योंकि इस हिस्से में आगे काम करने के लिए रेलवे की अनुमति जरूरी थी। दिसंबर 2025 में एनओसी नहीं मिलने के कारण टनल निर्माण को अस्थायी रूप से रोकना पड़ा था। अब रेलवे द्वारा औपचारिक मंजूरी दिए जाने के बाद परियोजना से जुड़े अधिकारी निर्माण कार्य फिर से शुरू करने की तैयारी में जुट गए हैं।
परियोजना से जुड़े इंजीनियरों का कहना है कि काम रुकने के कारण निर्माण की समयसीमा पर असर पड़ा है। हालांकि अब अनुमति मिलने के बाद कोशिश की जा रही है कि काम को तेज गति से आगे बढ़ाया जाए, ताकि देरी को कुछ हद तक कम किया जा सके।
लगभग 1800 मीटर लंबा बनाया जाना है टनल
जानकारी के अनुसार, मोइनुल हक स्टेडियम से लेकर मलाही पकड़ी स्टेशन से पहले तक करीब 1800 मीटर लंबाई में भूमिगत टनल तैयार किया जाना है। इस पूरे हिस्से में से लगभग 800 मीटर का टनल मोइनुल हक स्टेडियम से राजेन्द्र नगर टर्मिनल तक बनेगा।
टनल निर्माण के लिए पटना मेट्रो ने दो टनल बोरिंग मशीन का इस्तेमाल शुरू किया था। ये मशीनें भूमिगत सुरंग बनाने के लिए इस्तेमाल की जाती हैं और लगातार खुदाई करते हुए आगे बढ़ती हैं। रेलवे की अनुमति नहीं मिलने के कारण इन मशीनों का काम बीच में ही रोकना पड़ा था, जिससे परियोजना की प्रगति प्रभावित हुई।
रेलवे लाइन और टर्मिनल के नीचे से गुजरेगा टनल
यह टनल पटना–हावड़ा मुख्य रेलवे लाइन के नीचे से होकर गुजरेगा और राजेन्द्र नगर टर्मिनल के नीचे से पार करेगा। इसके बाद यह कंकड़बाग ओल्ड बाईपास के नीचे बन रहे राजेन्द्र नगर मेट्रो स्टेशन तक पहुंचेगा।
इसी इलाके में रेलवे भी राजेन्द्र नगर टर्मिनल के विकास की योजना पर काम कर रहा है। ऐसे में यह सुनिश्चित करना जरूरी था कि मेट्रो टनल का एलाइनमेंट रेलवे की भविष्य की योजनाओं को प्रभावित न करे। दोनों परियोजनाओं के बीच संभावित प्रभावों को लेकर तकनीकी स्तर पर चर्चा और समीक्षा के बाद आखिरकार रेलवे ने एनओसी जारी कर दी।
मेट्रो स्टेशन और टर्मिनल के बीच बनेगा सीधा संपर्क
योजना के मुताबिक, राजेन्द्र नगर मेट्रो स्टेशन का सीधा कनेक्शन राजेन्द्र नगर टर्मिनल से भी होगा। इससे यात्रियों को रेल और मेट्रो के बीच आवागमन में काफी सुविधा मिलेगी। भविष्य में यह कनेक्टिविटी शहर के परिवहन तंत्र को और मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
कॉरिडोर-टू में पहले भी तैयार हो चुके हैं कई हिस्से
कॉरिडोर-टू के कुछ हिस्सों में टनल निर्माण का काम पहले ही पूरा किया जा चुका है। मोइनुल हक स्टेडियम से पटना विश्वविद्यालय के बीच लगभग 1480 मीटर लंबा टनल तैयार किया जा चुका है। इसके अलावा गांधी मैदान से आकाशवाणी होते हुए पटना जंक्शन तक करीब 1450 मीटर का भूमिगत टनल भी बनकर तैयार हो चुका है।
पटना मेट्रो रेल कॉरपोरेशन की एपीआरओ अर्चना कुमारी के अनुसार, राजेन्द्र नगर टर्मिनल के नीचे से टनल निर्माण के लिए रेलवे की मंजूरी मिल चुकी है। इसके बाद निर्माण एजेंसियां जल्द ही दोबारा खुदाई शुरू करेंगी, जिससे परियोजना को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी।



