NishantKumar – जदयू युवा विधायकों ने निशांत को मुख्यमंत्री बनाने की उठाई मांग
NishantKumar – बिहार की राजनीति में इन दिनों एक नया नाम चर्चा के केंद्र में आ गया है। जनता दल यूनाइटेड के कुछ युवा विधायकों ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार को राज्य की भावी नेतृत्व भूमिका में देखने की बात कही है। पटना में हुई एक बैठक के दौरान पार्टी के कई युवा विधायक एकत्र हुए और उन्होंने संकेत दिया कि वे भविष्य की राजनीति में निशांत कुमार की सक्रिय भूमिका चाहते हैं।

बताया जा रहा है कि यह बैठक विधायक रूहेल रंजन के आवास पर आयोजित हुई, जिसमें लगभग 14 विधायक मौजूद थे। बैठक में शामिल विधायकों ने खुद को ‘टीम निशांत’ बताते हुए कहा कि वे आने वाले समय में उनके नेतृत्व में काम करने की इच्छा रखते हैं।
युवा विधायकों ने नेतृत्व को लेकर रखी राय
बैठक में शामिल विधायकों ने कहा कि राज्य की राजनीति में नई पीढ़ी की भूमिका महत्वपूर्ण हो सकती है और वे चाहते हैं कि निशांत कुमार आगे आकर नेतृत्व संभालें। कुछ विधायकों ने यह भी कहा कि आने वाले वर्षों में पार्टी को नई ऊर्जा और दिशा देने के लिए युवा नेतृत्व की जरूरत है।
उनका कहना था कि हालिया विधानसभा चुनाव में पार्टी ने नीतीश कुमार के नेतृत्व में चुनाव लड़ा और जनता ने उनके चेहरे पर भरोसा जताते हुए गठबंधन को स्पष्ट बहुमत दिया। इसी संदर्भ में उन्होंने भविष्य की राजनीति को लेकर भी अपने विचार साझा किए।
विधायकों ने निशांत को बताया नई पीढ़ी का चेहरा
बैठक के दौरान कई विधायकों ने निशांत कुमार के बारे में अलग-अलग राय रखी। विधायक रूहेल रंजन ने कहा कि वे मानते हैं कि निशांत कुमार राज्य की राजनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
वहीं विधायक शुभानंद मुकेश ने उन्हें नीतीश कुमार की राजनीतिक सोच का नया संस्करण बताया। समृद्ध वर्मा का कहना था कि निशांत कुमार के नेतृत्व में पार्टी की विचारधारा को आगे बढ़ाया जा सकता है। इसी क्रम में चेतन आनंद ने कहा कि राज्य में कई लोग उन्हें भविष्य के नेतृत्व के रूप में देख रहे हैं।
पूरे बिहार के दौरे की तैयारी में निशांत कुमार
दूसरी ओर निशांत कुमार ने भी संकेत दिया है कि वे जल्द ही बिहार के विभिन्न जिलों का दौरा करने की योजना बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि वे राज्य के सभी 38 जिलों का भ्रमण कर लोगों से सीधे संवाद करना चाहते हैं।
निशांत कुमार सोमवार को पटना के कंकड़बाग स्थित एक पार्क में अपनी माता मंजू सिन्हा को श्रद्धांजलि देने पहुंचे थे। इस दौरान पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि वे राज्य को करीब से समझना चाहते हैं और इसके लिए व्यापक यात्रा की योजना तैयार की जा रही है।
जनता से संवाद के जरिए राज्य को समझने की योजना
निशांत कुमार के अनुसार, बिहार के अलग-अलग जिलों में जाकर वे स्थानीय लोगों से बातचीत करेंगे और वहां की परिस्थितियों को जानने की कोशिश करेंगे। उनका मानना है कि राज्य के विकास से जुड़े मुद्दों को समझने के लिए सीधे लोगों से मिलना जरूरी है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह यात्रा भविष्य में उनकी संभावित राजनीतिक भूमिका के लिहाज से भी महत्वपूर्ण हो सकती है। हालांकि फिलहाल उन्होंने राजनीति में औपचारिक रूप से प्रवेश को लेकर कोई स्पष्ट घोषणा नहीं की है।
मुख्यमंत्री बनाने की मांग पर दिया संयमित जवाब
जब पत्रकारों ने उनसे यह सवाल किया कि कुछ विधायकों ने उन्हें मुख्यमंत्री बनाने की मांग की है, तो उन्होंने इस पर कोई सीधा जवाब नहीं दिया। उन्होंने मुस्कुराते हुए इस प्रश्न को टाल दिया।
राजनीतिक हलकों में उनके इस रुख को संतुलित प्रतिक्रिया के रूप में देखा जा रहा है। फिलहाल पार्टी नेतृत्व की ओर से भी इस विषय पर कोई आधिकारिक टिप्पणी सामने नहीं आई है। हालांकि जदयू के कुछ युवा नेताओं के बयान से यह स्पष्ट है कि पार्टी के भीतर भविष्य के नेतृत्व को लेकर चर्चाएं शुरू हो चुकी हैं।



