SnakeBite – करनाल में कोबरा के डंसने से युवक की मौत, लापरवाही पड़ी भारी
SnakeBite – हरियाणा के करनाल जिले से एक दर्दनाक घटना सामने आई है, जहां सांप के साथ लापरवाही करना एक युवक के लिए जानलेवा साबित हो गया। संधीर गांव में रहने वाले राजेंद्र की मौत कोबरा के काटने से हो गई। बताया जा रहा है कि वह पहले भी कई बार सांप पकड़ता था और उन्हें बाद में जंगल में छोड़ देता था। लेकिन इस बार उसकी पुरानी आदत और नशे की हालत ने उसे संभलने का मौका नहीं दिया।

घटना उस समय की है जब गांव के श्मशान घाट पर निर्माण कार्य चल रहा था। मजदूरों ने वहां एक काले रंग का सांप देखा, जिसके बाद उन्होंने तुरंत एक स्नेक कैचर को सूचना दी। स्नेक कैचर ने थोड़ी देर में पहुंचने की बात कही थी, लेकिन इसी बीच राजेंद्र मौके पर पहुंच गया। आसपास मौजूद लोगों ने उसे रोकने की कोशिश की, क्योंकि वे जानते थे कि यह खतरनाक हो सकता है, लेकिन उसने किसी की बात नहीं मानी।
खतरनाक तरीके से सांप को पकड़ना पड़ा भारी
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, राजेंद्र ने बिना किसी सुरक्षा के सांप को पकड़ लिया और उसे गले में डाल लिया। इतना ही नहीं, वह सांप को हाथ में लेकर घुमाने भी लगा। इसी दौरान कोबरा ने अचानक उसके हाथ पर काट लिया। घटना के बाद वह वहां से चला गया और कुछ देर बाद जब लोग उसके घर पहुंचे, तब तक उसकी हालत गंभीर हो चुकी थी। इलाज मिलने से पहले ही उसकी मौत हो गई।
गांव में पहले से था जोखिम भरा शौक
स्थानीय लोगों के मुताबिक, राजेंद्र को सांप पकड़ने का शौक था और वह कई बार ऐसा कर चुका था। इस वजह से गांव में लोग उसे अलग नाम से बुलाने लगे थे। हालांकि, इस बार परिस्थितियां अलग थीं और लापरवाही की कीमत उसे अपनी जान देकर चुकानी पड़ी। वह मजदूरी कर अपना जीवनयापन करता था और अपने परिवार के साथ रहता था।
बचाव दल ने बाद में संभाला मोर्चा
घटना की जानकारी मिलने के बाद स्नेक कैचर भी मौके पर पहुंचा और सांप को सुरक्षित तरीके से पकड़ लिया। तब तक काफी देर हो चुकी थी। ग्रामीणों में इस घटना के बाद डर और शोक का माहौल है। कई लोगों ने कहा कि अगर इंतजार किया जाता और विशेषज्ञ को काम करने दिया जाता, तो शायद यह हादसा टल सकता था।
कोबरा के जहर का असर और खतरे
विशेषज्ञ बताते हैं कि कोबरा का जहर बेहद खतरनाक होता है और यह सीधे शरीर के नर्वस सिस्टम पर असर डालता है। इसके काटने के बाद शुरुआती लक्षणों में दर्द, सूजन, चक्कर, घबराहट और उल्टी शामिल हो सकते हैं। समय पर इलाज न मिलने पर स्थिति तेजी से बिगड़ती है और जान जाने का खतरा बढ़ जाता है। यही कारण है कि सांप के काटने की स्थिति में तुरंत चिकित्सा सहायता लेना बेहद जरूरी होता है।
सावधानी ही बचाव का सबसे बड़ा उपाय
यह घटना एक बार फिर यह याद दिलाती है कि जंगली जीवों के साथ किसी भी तरह की लापरवाही गंभीर परिणाम दे सकती है। विशेषज्ञ लगातार यह सलाह देते हैं कि ऐसे मामलों में खुद से कोई जोखिम न लें और प्रशिक्षित लोगों को ही जिम्मेदारी सौंपें। गांव के लोगों ने भी इस हादसे के बाद सतर्क रहने और ऐसी घटनाओं से सबक लेने की बात कही है।



