MurderMystery – तीन साल बाद लॉ छात्रा हत्याकांड में हुआ बड़ा खुलासा
MurderMystery – उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर में करीब तीन साल पहले लापता हुई लॉ छात्रा के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा किया है। क्राइम ब्रांच की जांच में सामने आया कि छात्रा की हत्या कर शव को रामगंगा नदी में फेंक दिया गया था। इस मामले में मुख्य आरोपी एक वकील को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है, जबकि दूसरे आरोपी के खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई जारी है।

पुलिस के मुताबिक, छात्रा वर्ष 2023 में अचानक लापता हो गई थी। परिवार ने उसकी तलाश की, लेकिन कोई सुराग नहीं मिला। बाद में मां ने दो वकीलों के खिलाफ नामजद शिकायत दर्ज कराई थी। मामला लंबे समय तक अलग-अलग विवेचकों के पास रहा और आखिरकार क्राइम ब्रांच की जांच में पूरी घटना सामने आई।
कचहरी से बुलाकर ले जाने का आरोप
परिवार की शिकायत के अनुसार, छात्रा शाहजहांपुर में लॉ की पढ़ाई कर रही थी और कचहरी में प्रैक्टिस भी करती थी। आरोप लगाया गया कि 5 अगस्त 2023 को उसे रुपये लौटाने के बहाने कचहरी बुलाया गया था। इसके बाद उसका मोबाइल बंद हो गया और परिवार से संपर्क टूट गया।
जांच के दौरान पुलिस ने इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों, कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी जानकारियों को खंगाला। इसके आधार पर पुलिस आरोपियों तक पहुंची। पूछताछ में मुख्य आरोपी ने कथित तौर पर स्वीकार किया कि छात्रा को कार में बैठाकर रामगंगा नदी की ओर ले जाया गया और वहां उसकी हत्या कर दी गई।
रिश्तों में तनाव के बाद बिगड़ा मामला
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी और छात्रा के बीच लंबे समय से संबंध थे। बताया गया कि आरोपी ने छात्रा को आगे बढ़ाने और करियर बनाने के नाम पर उसके करीबियां बढ़ाईं। उसने छात्रा को पढ़ाई और कोचिंग में मदद भी की थी।
बाद में दोनों के बीच विवाद शुरू हो गया। जांच में दावा किया गया कि आरोपी की शादी हो जाने के बाद छात्रा उस पर शादी का दबाव बना रही थी। इसी दौरान दोनों के बीच तनाव बढ़ा और मामला शिकायत तक पहुंच गया।
तकनीकी साक्ष्यों से मिला सुराग
क्राइम ब्रांच के अधिकारियों ने बताया कि मामले में कई तरह के डिजिटल और बैंकिंग रिकॉर्ड जुटाए गए। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने छात्रा के लिए किराए का कमरा भी दिलवाया था और उसके बैंक खाते से जुड़े दस्तावेज भी जांच में शामिल किए गए।
जांच आगे बढ़ने पर पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ अपहरण, हत्या, साक्ष्य मिटाने और आपराधिक साजिश जैसी धाराएं बढ़ाईं। अदालत से गैर जमानती वारंट जारी होने के बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।
कई विवेचकों के बाद सुलझा मामला
यह मामला शुरुआत से ही चर्चा में रहा। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, जांच कई अधिकारियों के पास गई और समय के साथ अलग-अलग स्तर पर इसकी समीक्षा हुई। बाद में क्राइम ब्रांच को जांच सौंपी गई, जहां नए सिरे से साक्ष्य जुटाए गए।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मुख्य आरोपी को अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया है। दूसरे आरोपी के खिलाफ भी कानूनी प्रक्रिया जारी है। मामले के खुलासे के बाद छात्रा के परिवार ने न्याय मिलने की उम्मीद जताई है।