Prayagraj Crime Husband Killed Pregnant Wife: पत्नी को भारी पड़ा फोन पर पराई औरत से बात करने का विरोध करना, जान से धो बैठी हाथ…
Prayagraj Crime Husband Killed Pregnant Wife: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले के होलागढ़ क्षेत्र में गुरुवार की रात एक ऐसी वारदात हुई जिसने मानवता को शर्मसार कर दिया। थाना रोड निवासी रजनीश मौर्य के घर में उसकी 30 वर्षीय पत्नी खुशबू मौर्य का शव संदिग्ध परिस्थितियों में पंखे से लटका मिला। खुशबू (Four Month Pregnant Woman) थी, जिसकी मौत की खबर मिलते ही मायके पक्ष में कोहराम मच गया। मृतका के पिता और भाइयों ने आरोप लगाया है कि यह आत्महत्या नहीं, बल्कि सोची-समझी साजिश के तहत की गई हत्या है। पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है।

दस साल का रिश्ता और बेवफाई का शक
सोरांव के बलकरनपुर निवासी लाल बहादुर मौर्य ने अपनी बेटी खुशबू की शादी दस साल पहले रजनीश से की थी। रजनीश पेशे से ड्राइवर है और इस (Domestic Dispute History) के पीछे पति के किसी अन्य युवती से फोन पर बात करने का विवाद बताया जा रहा है। परिजनों का आरोप है कि रजनीश अक्सर चोरी-छिपे किसी लड़की से बात करता था, जिसका विरोध करने पर वह खुशबू के साथ मारपीट और प्रताड़ना करता था। दो बार इस मामले में सामाजिक स्तर पर सुलह-समझौता भी कराया गया था, लेकिन रजनीश की आदतों में कोई सुधार नहीं आया।
हत्या के बाद शव को फंदे पर लटकाने का आरोप
मृतका के भाई शैलेश कुमार ने पुलिस को दी तहरीर में रोंगटे खड़े कर देने वाले आरोप लगाए हैं। उनके अनुसार, गुरुवार रात जब रजनीश देर से घर लौटा, तो खुशबू ने उससे सवाल पूछे, जिससे विवाद बढ़ गया। भाई का दावा है कि (Manual Strangulation Allegation) के तहत पहले खुशबू का गला घोंटा गया और फिर जुर्म को आत्महत्या का रूप देने के लिए शव को पंखे से लटका दिया गया। हैरानी की बात यह है कि आरोपी पति ने ससुराल वालों को फोन कर यह बताया कि खुशबू की मौत ‘दवा के रिएक्शन’ की वजह से हुई है।
मासूम रुद्र की तोतली जुबान ने बयां किया खौफनाक मंजर
इस पूरे मामले में सबसे दिल दहला देने वाला मोड़ तब आया जब खुशबू के ढाई साल के बेटे रुद्र ने अपनी मां की मौत का राज खोला। शैलेंद्र मौर्य के अनुसार, जब वे मौके पर पहुंचे तो मासूम रुद्र रोते हुए अपनी तोतली जुबान में बार-बार कह रहा था, “पापा ने मम्मी को मार डाला।” (Toddler Eyewitness Statement) ने पुलिस और वहां मौजूद ग्रामीणों की आंखों में आंसू ला दिए। एक मासूम बच्चे ने अपनी आंखों के सामने अपनी मां को दम तोड़ते देखा, जो अब इस हाई-प्रोफाइल केस में सबसे अहम सबूत बन सकता है।
फॉरेंसिक टीम और पुलिस की गहन तफ्तीश
होलागढ़ पुलिस ने सूचना मिलते ही फॉरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचकर जांच-पड़ताल शुरू कर दी है। घटनास्थल से फिंगरप्रिंट्स और अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य जुटाए गए हैं ताकि (Forensic Crime Scene Analysis) के जरिए मौत के असली कारणों का पता लगाया जा सके। थाना प्रभारी वीरेंद्र मिश्र ने पुष्टि की है कि मृतका के पिता की तहरीर के आधार पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस ने आरोपी पति रजनीश को हिरासत में ले लिया है और उससे कड़ाई से पूछताछ की जा रही है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर टिकी है इंसाफ की उम्मीद
पुलिस के अनुसार, खुशबू की मौत के पीछे की असली वजह पोस्टमार्टम के बाद ही स्पष्ट हो पाएगी। यदि गले की हड्डियों में फ्रैक्चर या दम घुटने के निशान मिलते हैं, तो यह (Post Mortem Medical Findings) हत्या के आरोपों को पुख्ता कर देगी। दो छोटे बच्चों, खुशी और रुद्र के सिर से मां का साया उठने के बाद पूरे बलकरनपुर गांव में गम और गुस्से का माहौल है। मायके वालों की मांग है कि आरोपी को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए ताकि भविष्य में कोई दूसरा पति ऐसी हैवानियत न कर सके।
अवैध संबंधों के कारण उजड़ गया हंसता-खेलता परिवार
अक्सर देखा गया है कि पति-पत्नी के बीच तीसरे व्यक्ति की एंट्री पूरे परिवार को तबाह कर देती है। इस मामले में भी (Extramarital Affair Consequences) ने न केवल एक महिला की जान ली, बल्कि कोख में पल रहे चार माह के मासूम को भी दुनिया देखने से पहले ही खत्म कर दिया। रजनीश की कथित बेवफाई ने उसे आज सलाखों के पीछे पहुंचा दिया है और उसके दो मासूम बच्चों का भविष्य अंधकार में डाल दिया है। सामाजिक कार्यकर्ता इस घटना को लेकर घरेलू हिंसा के खिलाफ सख्त कानून की मांग कर रहे हैं।
विधिक कार्रवाई और पुलिस का अगला कदम
होलागढ़ पुलिस अब उन कॉल डिटेल्स की भी जांच कर रही है, जिन्हें लेकर पति-पत्नी के बीच अक्सर झगड़ा होता था। पुलिस उस (Cyber Cell Investigation) की मदद से उस युवती का भी पता लगाने की कोशिश कर रही है जिससे रजनीश बात करता था। थाना प्रभारी का कहना है कि कानून के दायरे में रहकर साक्ष्यों के आधार पर सख्त विधिक कार्रवाई की जाएगी। न्याय के लिए संघर्ष कर रहे खुशबू के पिता का कहना है कि जब तक उनकी बेटी के हत्यारे को सजा नहीं मिलती, वे शांत नहीं बैठेंगे।



