Prayagraj Crime News Today: मजबूर मां को मिली बेटी को देह व्यापार से बचाने की बेहद खौफनाक सजा
Prayagraj Crime News Today: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में शुक्रवार की दोपहर गोलियों की तड़तड़ाहट से दहल उठी, जब एक दामाद ने अपनी ही सास की सरेराह हत्या कर दी। करेली के अकबरपुर इलाके में हुई इस दुस्साहसिक वारदात ने पूरे शहर को सन्न कर दिया है। एक बेबस मां, जो अपनी बेटी की अस्मत बचाने की (Legal Justice System) जंग लड़ रही थी, उसे दिनदहाड़े मौत के घाट उतार दिया गया। इस घटना के बाद इलाके में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है, लेकिन आरोपी अब भी कानून की पकड़ से बाहर है।

संघर्षों से भरा था आशिया खातून का जीवन
55 वर्षीय आशिया खातून का जीवन संघर्षों की एक लंबी दास्तान था। पति मुश्ताक के इंतकाल के बाद उन्होंने दूसरों के घरों में चौका-बर्तन करके अपने सात बच्चों का पालन-पोषण किया। उनकी सबसे छोटी बेटी चांद बीबी की शादी साल 2019 में मोहल्ले के ही इरफान के साथ हुई थी। चांद बीबी का जीवन (Domestic Violence Protection) के अभाव में नर्क बन चुका था, क्योंकि उसका पति इरफान न केवल बेरोजगार था, बल्कि उसकी नीयत भी अपनी पत्नी को लेकर बेहद खराब हो चुकी थी।
जबरन देह व्यापार का घिनौना दबाव
इस हत्याकांड के पीछे जो वजह सामने आई है, वह रूह कंपा देने वाली है। चांद बीबी ने आरोप लगाया है कि उसका शौहर इरफान उस पर देह व्यापार करने का दबाव बनाता था। जब एक मां को अपनी बेटी पर हो रहे इस (Human Rights Violation) का पता चला, तो उसने तुरंत हस्तक्षेप किया। आशिया खातून ने अपनी बेटी को इरफान के चंगुल से छुड़ाकर अपने पास बुला लिया था। यही बात इरफान को इतनी नागवार गुजरी कि उसने अपनी सास को ही रास्ते से हटाने की साजिश रच डाली।
गैस सिलेंडर भराने निकली थी और मिल गई मौत
शुक्रवार की दोपहर करीब साढ़े तीन बजे आशिया खातून घर से गैस सिलेंडर भराने के लिए निकली थीं। वह अभी काली मंदिर के पास ही पहुंची थीं कि घात लगाकर बैठे इरफान ने उन्हें रोक लिया। दोनों के बीच तीखी नोकझोंक हुई और इसी दौरान इरफान ने तमंचा निकालकर (Criminal Intentions) के साथ आशिया के सीने पर गोली दाग दी। गोली लगते ही वह फर्श पर गिर पड़ीं और मौके पर ही उन्होंने दम तोड़ दिया। वारदात को अंजाम देकर आरोपी इरफान भीड़ का फायदा उठाकर वहां से फरार हो गया।
पुलिस की लापरवाही पर उठे गंभीर सवाल
मृतका की बेटी चांद बीबी ने पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उसका कहना है कि अगर पुलिस ने समय रहते उसकी शिकायतों पर गौर किया होता, तो शायद आज उसकी मां जिंदा होती। 23 दिसंबर को भी इरफान ने नशे में धुत होकर घर पर हमला किया था और (Police Inaction Consequences) के कारण वह बचता रहा। चांद बीबी का कहना है कि उसने करेली थाने में शिकायत दर्ज कराई थी, लेकिन पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया, जिसका नतीजा आज इस हत्याकांड के रूप में सामने आया है।
धमकी भरे फोन और खौफ का माहौल
हत्या के बाद भी चांद बीबी और उसके परिवार पर खतरे के बादल मंडरा रहे हैं। उसने बताया कि आरोपी के साथियों, विक्की और शेरा, ने उसे फोन कर धमकी दी है कि अब उसकी और उसके बच्चों की बारी है। यह (Threat to Life) स्पष्ट करता है कि आरोपी के हौसले कितने बुलंद हैं। रोती-बिलखती बेटी ने पुलिस से गुहार लगाई है कि अगर उसकी मां के कातिलों को सख्त सजा नहीं मिली, तो उसके पास आत्महत्या के अलावा कोई दूसरा रास्ता नहीं बचेगा।
फरार आरोपी की तलाश में जुटी टीमें
करेली पुलिस ने मृतका के बेटे की तहरीर पर हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया है। पुलिस की कई टीमें इरफान की तलाश में संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही हैं। एएसपी ने आश्वासन दिया है कि (Criminal Absconding Cases) में शामिल सभी आरोपियों को जल्द ही सलाखों के पीछे भेजा जाएगा। मोहल्ले में तनाव को देखते हुए पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है और चश्मदीदों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं ताकि कोर्ट में पुख्ता पैरवी की जा सके।
समाज और रिश्तों पर एक बदनुमा दाग
यह घटना न केवल एक अपराध है, बल्कि रिश्तों की पवित्रता पर भी एक बड़ा प्रहार है। एक व्यक्ति अपनी जरूरतों के लिए अपनी पत्नी का सौदा करना चाहता था और जब एक मां ने ढाल बनकर उसे रोका, तो उसकी जान ले ली गई। आज (Social Justice Awareness) की सख्त जरूरत है ताकि ऐसी कुरीतियों और अपराधियों के खिलाफ समाज एकजुट हो सके। आशिया खातून का बलिदान प्रयागराज की गलियों में हमेशा याद रखा जाएगा, जिन्होंने अपनी बेटी के स्वाभिमान के लिए अपनी जान न्योछावर कर दी।



