CrimeReveal – मेरठ में जहरीली शराब कांड का खुलासा, साजिश का हुआ पर्दाफाश
CrimeReveal – उत्तर प्रदेश के मेरठ जिले के दौराला क्षेत्र में शराब पीने से तीन लोगों की मौत के मामले में पुलिस ने चौंकाने वाला खुलासा किया है। शुरुआती तौर पर इसे सामान्य घटना माना जा रहा था, लेकिन जांच में सामने आया कि यह सुनियोजित साजिश थी। पुलिस ने इस मामले में एक महिला, उसके कथित साथी और एक अन्य व्यक्ति को गिरफ्तार किया है, जिन पर जहरीला पदार्थ मिलाकर हत्या करने का आरोप है।

जांच में सामने आई साजिश की कहानी
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, तीन अप्रैल की रात अंकित उर्फ दौलत, बाबूराम और जितेंद्र की शराब पीने के बाद मौत हो गई थी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में जहर की पुष्टि होने के बाद मामला संदिग्ध हो गया। जांच के दौरान पता चला कि शराब अंकित खुद लेकर आया था, लेकिन उसी में जहरीला पदार्थ मिलाया गया था। इसके बाद पुलिस ने मामले की गहराई से पड़ताल शुरू की।
रिश्तों के विवाद से जुड़ा मामला
पूछताछ में सामने आया कि आरोपियों के बीच निजी संबंधों को लेकर विवाद था। पुलिस के अनुसार, महिला और उसके परिचित के बीच संबंध थे, जिनका विरोध मृतक अंकित करता था। इसी वजह से दोनों के बीच तनाव बना रहता था। आरोप है कि इसी तनाव ने हत्या की साजिश का रूप ले लिया।
जहर की खरीद और इस्तेमाल की योजना
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपियों ने पहले से योजना बनाकर जहरीला पदार्थ जुटाया था। एक स्थानीय व्यक्ति की मदद से यह रसायन हासिल किया गया और बाद में इसे शराब में मिलाया गया। पुलिस का कहना है कि यह पूरी घटना पूर्व नियोजित थी और इसे अंजाम देने के लिए सभी पहलुओं पर विचार किया गया था।
डिजिटल सबूतों से खुला मामला
पुलिस को आरोपियों के खिलाफ अहम सुराग उनके मोबाइल फोन से मिले। जांच में पाया गया कि एक आरोपी ने इंटरनेट पर लंबे समय से जहरीले पदार्थों और उनके इस्तेमाल से जुड़ी जानकारी खोजी थी। इसी आधार पर पुलिस ने उससे सख्ती से पूछताछ की, जिसके बाद पूरे मामले का खुलासा हो गया।
सीसीटीवी और कॉल डिटेल से मिली पुष्टि
जांच के दौरान पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और कॉल डिटेल रिकॉर्ड भी खंगाले। इनमें घटना से पहले की गतिविधियों की पुष्टि हुई, जिससे साजिश के क्रम को समझने में मदद मिली। पुलिस का कहना है कि ये सभी साक्ष्य आरोपियों की भूमिका को स्पष्ट करते हैं।
आरोपियों से पूछताछ जारी
पुलिस ने तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनसे आगे की पूछताछ जारी है। अधिकारियों का कहना है कि मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है, ताकि पूरी सच्चाई सामने आ सके। साथ ही, यह भी देखा जा रहा है कि कहीं इस घटना में अन्य लोग भी शामिल तो नहीं हैं।
खतरनाक रसायनों के इस्तेमाल पर चिंता
विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के रसायन बेहद विषैले होते हैं और उनका इस्तेमाल बेहद सावधानी से किया जाता है। गलत हाथों में पहुंचने पर यह जानलेवा साबित हो सकते हैं। इस घटना ने ऐसे पदार्थों की उपलब्धता और उनके दुरुपयोग को लेकर भी चिंता बढ़ा दी है



