PRDJobs – उत्तराखंड में पीआरडी जवानों को सालभर रोजगार देने की तैयारी
PRDJobs – उत्तराखंड में प्रांतीय रक्षक दल (पीआरडी) से जुड़े जवानों के लिए राहत भरी पहल सामने आई है। राज्य सरकार अब उन्हें पूरे साल रोजगार उपलब्ध कराने की दिशा में ठोस कदम उठा रही है। इसके साथ ही सरकार पीआरडी जवानों को होमगार्ड की तरह मानदेय और महंगाई भत्ता देने की योजना पर भी काम कर रही है। इस फैसले से लंबे समय से अपनी मांगों को लेकर संघर्ष कर रहे स्वयंसेवकों को उम्मीद की नई किरण मिली है।

बैठक में सहमति, धरना समाप्त करने का फैसला
सोमवार को सचिवालय में खेल एवं युवा कल्याण मंत्री रेखा आर्या ने पीआरडी जवानों के प्रतिनिधियों के साथ विस्तृत चर्चा की। इस बैठक में जवानों की विभिन्न मांगों पर विचार किया गया और समाधान की दिशा में आगे बढ़ने पर सहमति बनी। मंत्री ने भरोसा दिलाया कि सरकार उनकी समस्याओं को गंभीरता से ले रही है और जल्द ही आवश्यक प्रस्ताव तैयार किए जाएंगे। इसी आश्वासन के बाद लंबे समय से जारी धरना समाप्त करने का निर्णय लिया गया।
मानदेय और भत्तों पर सरकार का फोकस
बैठक के दौरान यह भी स्पष्ट किया गया कि पीआरडी जवानों को आर्थिक रूप से अधिक सुरक्षित बनाने के लिए उन्हें नियमित मानदेय और डीए देने की योजना तैयार की जा रही है। फिलहाल ये जवान सीमित अवधि के लिए ही ड्यूटी पर लगाए जाते हैं, जिससे उनकी आय स्थिर नहीं रह पाती। सरकार की नई पहल से उनकी आय में स्थिरता आने की संभावना है, जिससे उनका जीवन स्तर बेहतर हो सकेगा।
अधिकारियों को दिए गए निर्देश
बैठक में मौजूद वरिष्ठ अधिकारियों को मंत्री ने स्पष्ट निर्देश दिए कि पीआरडी जवानों की मांगों पर तेजी से काम किया जाए। इस दौरान विशेष प्रमुख सचिव अमित सिन्हा, खेल निदेशक आशीष चौहान और अपर निदेशक अजय अग्रवाल भी उपस्थित रहे। अधिकारियों को कहा गया है कि वे जल्द से जल्द विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर सरकार के समक्ष प्रस्तुत करें, ताकि निर्णय प्रक्रिया में देरी न हो।
खेल विश्वविद्यालय को लेकर भी अहम फैसले
इसी बैठक में प्रस्तावित खेल विश्वविद्यालय को लेकर भी महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। मंत्री ने निर्देश दिए कि इसी वर्ष से विश्वविद्यालय में शैक्षणिक गतिविधियां शुरू करने की तैयारी की जाए। इसके लिए 142 नए पदों के सृजन को मंजूरी देने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। इससे राज्य में खेल शिक्षा को नया आयाम मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
भूमि और नियुक्तियों पर जोर
खेल विश्वविद्यालय के लिए भूमि से जुड़े लंबित मामलों को प्राथमिकता से निपटाने के निर्देश भी दिए गए हैं। इसके अलावा, राज्य के खिलाड़ियों को प्रोत्साहित करने के लिए आउट ऑफ टर्न नौकरी देने की प्रक्रिया को भी तेज करने की बात कही गई है। सरकार का मानना है कि इससे खिलाड़ियों को बेहतर अवसर मिलेंगे और वे अपने प्रदर्शन में और सुधार कर सकेंगे।
जवानों में जगी उम्मीद
सरकार के इन आश्वासनों के बाद पीआरडी जवानों के बीच सकारात्मक माहौल देखा जा रहा है। लंबे समय से रोजगार और आर्थिक सुरक्षा की मांग कर रहे जवान अब उम्मीद कर रहे हैं कि उनकी सेवाओं को अधिक स्थिर और व्यवस्थित रूप मिल सकेगा। आने वाले समय में सरकार के फैसलों के लागू होने पर उनकी स्थिति में वास्तविक बदलाव देखने को मिल सकता है।



