CBIArrest – बिहार का कुख्यात भोला सिंह सूरत से गिरफ्तार
CBIArrest – केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बिहार के कुख्यात अपराधी भोला सिंह को गुजरात के सूरत से गिरफ्तार किया है। लंबे समय से फरार चल रहा यह आरोपी फर्जी पहचान के सहारे वहां छिपकर रह रहा था। उसकी गिरफ्तारी एक पुराने अपहरण मामले में हुई है, जिसकी जांच कई वर्षों से जारी थी।

फर्जी नाम से रह रहा था आरोपी
जांच एजेंसी के मुताबिक, भोला सिंह अपनी पहचान छिपाने के लिए अलग-अलग नामों का इस्तेमाल कर रहा था। वह सूरत में ‘गौतम’ और ‘अमित शर्मा’ के नाम से रह रहा था और सामान्य जीवन जीने की कोशिश कर रहा था।
सीबीआई को उसके ठिकाने की जानकारी मिलने के बाद जाल बिछाकर उसे गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तारी के बाद उसे आगे की कार्रवाई के लिए संबंधित एजेंसियों के हवाले कर दिया गया है।
पुराने अपहरण मामले से जुड़ा है मामला
यह कार्रवाई पश्चिम बंगाल के दो लोगों के अपहरण से जुड़े एक पुराने मामले के सिलसिले में की गई है। दोनों व्यक्ति वर्ष 2014 से लापता बताए जाते हैं। इस मामले में पहले राज्य पुलिस ने जांच की थी, लेकिन बाद में उच्च न्यायालय के निर्देश पर सीबीआई ने इसे अपने हाथ में लिया।
सीबीआई ने वर्ष 2015 में इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की थी और तभी से भोला सिंह फरार चल रहा था।
कई गंभीर मामलों में भी वांछित
भोला सिंह के खिलाफ बिहार के विभिन्न थानों में कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। इनमें हत्या, हत्या के प्रयास, अपहरण और अवैध हथियार रखने जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, इन मामलों में पूछताछ के लिए उसे रिमांड पर लेने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। इसके लिए न्यायालय में आवेदन दिया जाएगा।
लंबे समय से था फरार
बताया जाता है कि जांच शुरू होने के बाद से ही आरोपी लगातार अपना ठिकाना बदलता रहा और पुलिस से बचता रहा। सूरत में वह फर्जी दस्तावेजों के सहारे रह रहा था, जिससे उसकी पहचान करना मुश्किल हो गया था।
सीबीआई ने तकनीकी साक्ष्यों और खुफिया जानकारी के आधार पर उसकी लोकेशन का पता लगाया और फिर कार्रवाई को अंजाम दिया।
आपराधिक पृष्ठभूमि लंबी रही
भोला सिंह का नाम पिछले कई वर्षों से आपराधिक गतिविधियों में सामने आता रहा है। पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार, वह कई संगठित अपराधों में शामिल रहा है और उस पर गंभीर आरोप लगे हैं।
उसकी गतिविधियों को देखते हुए उस पर इनाम भी घोषित किया गया था। उसके खिलाफ चल रहे मामलों में आगे की जांच जारी है और विभिन्न एजेंसियां उससे पूछताछ कर रही हैं।
आगे की कार्रवाई पर नजर
गिरफ्तारी के बाद अब संबंधित राज्यों की पुलिस और जांच एजेंसियां उससे पूछताछ कर रही हैं, ताकि पुराने मामलों से जुड़े और तथ्य सामने आ सकें।
यह कार्रवाई लंबे समय से लंबित एक महत्वपूर्ण मामले में बड़ी सफलता मानी जा रही है। साथ ही इससे उन मामलों की जांच को भी गति मिलने की उम्मीद है, जिनमें आरोपी की भूमिका संदिग्ध रही है।



