Metro – मलाही पकड़ी मेट्रो स्टेशन से पटना को मिला नए सफर का अहम पड़ाव
Metro – पटना मेट्रो परियोजना के तहत मलाही पकड़ी मेट्रो स्टेशन गुरुवार से यात्रियों के लिए खोल दिया जाएगा। 6.2 किलोमीटर लंबे प्राथमिक एलिवेटेड कॉरिडोर का यह स्टेशन राजधानी के सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क में एक महत्वपूर्ण कड़ी माना जा रहा है। इसके शुरू होने से कंकड़बाग, राजेंद्र नगर और आसपास के इलाकों के लोगों को तेज, सुरक्षित और सुविधाजनक यात्रा का नया विकल्प मिलेगा। आधिकारिक जानकारी के अनुसार, मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी स्टेशन से मेट्रो सेवा को हरी झंडी दिखाकर संचालन की शुरुआत करेंगे।

शहर के प्रमुख इलाकों को मिलेगा बेहतर संपर्क
मलाही पकड़ी स्टेशन के चालू होने से दैनिक यात्रियों को आवागमन में समय की बचत होने की उम्मीद है। यह स्टेशन प्राथमिक कॉरिडोर के अहम हिस्से के रूप में विकसित किया गया है, जिससे शहर के घनी आबादी वाले रिहायशी और व्यावसायिक क्षेत्रों की कनेक्टिविटी मजबूत होगी। हालांकि, इसी मार्ग पर स्थित खेमनीचक मेट्रो स्टेशन का निर्माण अभी पूरा नहीं हुआ है। ऐसे में फिलहाल इस स्टेशन पर मेट्रो ट्रेनों का ठहराव नहीं होगा और यात्री सीधे अगले निर्धारित स्टेशन तक सफर करेंगे।
समयबद्ध निर्माण पर सरकार का जोर
हाल ही में हुई समीक्षा बैठक में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अधिकारियों को निर्देश दिए थे कि पटना मेट्रो परियोजना के सभी निर्माण कार्य तय समयसीमा के भीतर और निर्धारित गुणवत्ता मानकों के अनुसार पूरे किए जाएं। उन्होंने कहा था कि मेट्रो सेवा का विस्तार राजधानी की बढ़ती परिवहन आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए किया जा रहा है। सरकार का उद्देश्य नागरिकों को आधुनिक, सुरक्षित और भरोसेमंद सार्वजनिक परिवहन उपलब्ध कराना है, जिससे शहर की यातायात व्यवस्था अधिक व्यवस्थित बन सके।
परियोजना की प्रगति की हुई समीक्षा
मुख्यमंत्री कार्यालय के अनुसार, समीक्षा बैठक में नगर विकास एवं आवास विभाग तथा पटना मेट्रो परियोजना से जुड़े अधिकारियों ने विभिन्न निर्माण कार्यों की विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की। बैठक में नया अंतरराज्यीय बस अड्डा (आईएसबीटी) से आकाशवाणी तक प्रस्तावित कॉरिडोर-1 और आईएसबीटी से मीठापुर होते हुए जगनपुरा तक विकसित किए जा रहे मार्ग की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई। अधिकारियों ने निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति और आगामी चरणों की रूपरेखा भी साझा की।
निर्माण के दौरान नागरिकों की सुविधा पर विशेष ध्यान
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिया कि मेट्रो निर्माण के दौरान आम लोगों को कम से कम असुविधा हो, इसके लिए प्रभावी और वैज्ञानिक ट्रैफिक प्रबंधन लागू किया जाए। उन्होंने परियोजना के अलग-अलग स्थलों पर समानांतर रूप से कार्य तेज करने पर भी जोर दिया, ताकि निर्धारित समय के भीतर निर्माण पूरा हो सके। साथ ही स्पष्ट किया गया कि निर्माण की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाएगा और परियोजना की नियमित निगरानी जारी रहेगी।
राजधानी की परिवहन व्यवस्था को मिलेगा नया आधार
सरकार का मानना है कि पटना मेट्रो के विस्तार से सड़कों पर वाहनों का दबाव कम होगा और लोगों को तेज, सुरक्षित तथा पर्यावरण के अनुकूल यात्रा सुविधा मिलेगी। इससे प्रदूषण में कमी आने के साथ-साथ शहर के विभिन्न हिस्सों के बीच आवागमन भी अधिक आसान होगा। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा था कि राजधानी के भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए सैटेलाइट टाउनशिप के विकास पर भी समानांतर रूप से कार्य किया जा रहा है, ताकि शहरी विकास संतुलित और योजनाबद्ध तरीके से आगे बढ़ सके।