North India Winter Forecast: उत्तर भारत में कुदरत का डबल अटैक, अब बर्फबारी के साथ होगी झमाझम बारिश
North India Winter Forecast: देश के उत्तरी हिस्सों में इस समय कुदरत अपना सबसे सख्त चेहरा दिखा रही है, जहाँ शीतलहर के प्रकोप ने जनजीवन को पूरी तरह थाम दिया है। कश्मीर के पहाड़ों से लेकर पंजाब के मैदानों तक पारा गोता लगा रहा है, जिससे (Extreme Weather Conditions) के बीच लोग घरों में दुबकने को मजबूर हैं। अमृतसर में तो तापमान गिरकर 1.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुँच गया है, जो इस सीजन की सबसे भीषण ठंड का संकेत दे रहा है।

आसमान से बरसेगी सफेद आफत और राहत
मौसम विभाग की ताज़ा भविष्यवाणियों ने पहाड़ों पर रहने वालों की धड़कनें बढ़ा दी हैं, क्योंकि अगले कुछ दिनों में भारी बर्फबारी की चेतावनी जारी की गई है। 19 से 21 जनवरी के दौरान (Snowfall in Kashmir) और लद्दाख के इलाकों में हल्की सफेदी दिखने लगेगी, जो 22 जनवरी के बाद विकराल रूप ले सकती है। हिमाचल प्रदेश और लद्दाख के ऊंचे शिखरों पर 23 जनवरी को कुदरत का सफेद कालीन बिछने की पूरी संभावना जताई गई है।
मैदानी इलाकों में बारिश बढ़ाएगी ठिठुरन
पहाड़ों पर होने वाली हलचल का सीधा असर अब दिल्ली, पंजाब और हरियाणा के मैदानी इलाकों पर भी पड़ने वाला है। वेस्टर्न डिस्टरबेंस के सक्रिय होने से 22 से 24 जनवरी के बीच (Rainfall Alert) जारी किया गया है, जिसके चलते उत्तर प्रदेश और राजस्थान के कई जिलों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। गरज-चमक के साथ होने वाली यह बौछारें तापमान में अचानक गिरावट लाएंगी, जिससे गलन और ज्यादा बढ़ जाएगी।
कोहरे की चादर में लिपटे शहर और गांव
उत्तर भारत के लिए केवल बारिश ही चुनौती नहीं है, बल्कि सुबह और रात के समय छाने वाला घना कोहरा भी मुसीबत का सबब बना हुआ है। बिहार, दिल्ली और उत्तर प्रदेश में (Dense Fog Visibility) इतनी कम रहने वाली है कि सड़कों पर गाड़ियों की रफ्तार पर ब्रेक लग जाएगा। मौसम विभाग के अनुसार 19 से 21 जनवरी तक कोहरे का यह पहरा बेहद सख्त रहेगा, जिससे रेल और हवाई यातायात पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की आशंका है।
चार दिनों के बाद मिलेगी कड़ाके की ठंड से राहत
लगातार गिरते पारे के बीच एक राहत भरी खबर भी सामने आई है कि अगले चार दिनों के बाद मौसम का मिजाज थोड़ा नरम पड़ सकता है। उत्तर-पश्चिम भारत में (Minimum Temperature Rise) दर्ज किया जाएगा, जिससे कड़ाके की ठंड से थोड़ी निजात मिलने की उम्मीद है। मौसम वैज्ञानिकों का मानना है कि 22 जनवरी के बाद तापमान में 3 से 5 डिग्री सेल्सियस तक की बढ़ोतरी हो सकती है, जो ठिठुरते लोगों के लिए सुकून का संदेश लेकर आएगी।
हिमाचल की पहाड़ियों पर मौसम का नया मिजाज
हिमाचल प्रदेश के ऊंचे इलाकों जैसे लाहौल-स्पीति के कोक्सर और हंसा गांवों में हल्की बर्फबारी ने पहले ही दस्तक दे दी है। शिमला मौसम केंद्र के मुताबिक (Himachal Climate Update) यह संकेत दे रहा है कि 20 जनवरी तक ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हिमपात का सिलसिला जारी रहेगा। हालांकि, राज्य के निचले हिस्सों जैसे हमीरपुर और ऊना में अभी भी शुष्क शीतलहर का प्रकोप जारी है, जहाँ तापमान 2 डिग्री के आसपास बना हुआ है।
पंजाब और हरियाणा में रिकॉर्ड तोड़ ठिठुरन
पंजाब और हरियाणा के साझा क्षेत्र इस समय शीत युद्ध जैसे हालात झेल रहे हैं, जहाँ रात का तापमान सामान्य से काफी नीचे चला गया है। अमृतसर के साथ-साथ होशियारपुर और पटियाला में भी (Cold Wave Impact) साफ देखा जा सकता है, जहाँ पारा 3 से 5 डिग्री के बीच झूल रहा है। चंडीगढ़ में भी रातें बेहद सर्द हो गई हैं, जिससे कामकाजी लोगों और खुले में रहने वालों के लिए मुश्किलें काफी बढ़ गई हैं।
मध्य और पूर्वी भारत में भी बदलेगा मौसम
ठंड का यह असर केवल उत्तर तक सीमित नहीं रहने वाला है, बल्कि गुजरात, महाराष्ट्र और पूर्वी भारत में भी धीरे-धीरे मौसम करवट लेगा। इन राज्यों में (Weather Pattern Change) के कारण आने वाले दिनों में तापमान में 2 से 4 डिग्री की वृद्धि देखी जाएगी। फिलहाल ओडिशा और हिमाचल के कुछ हिस्सों में चलने वाली बर्फीली हवाएं लोगों को सताती रहेंगी, लेकिन महीने के अंत तक स्थिति में सुधार होने के आसार दिख रहे हैं।
सावधान रहें और मौसम पर रखें नजर
मौसम के इस बदलते तेवर को देखते हुए विशेषज्ञों ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है, विशेषकर उन क्षेत्रों में जहाँ गरज के साथ बारिश की संभावना है। (Winter Safety Measures) अपनाना इस समय स्वास्थ्य के लिए बहुत जरूरी है, क्योंकि अचानक होने वाली बारिश और बर्फबारी बीमारियों को न्योता दे सकती है। अगले एक हफ्ते तक उत्तर भारत का मौसम एक रोलरकोस्टर राइड की तरह होने वाला है, जहाँ कभी धूप तो कभी बारिश का दौर चलेगा।



