GoldPrice – वैश्विक संकेतों के बीच सोने-चांदी की कीमतों में दर्ज हुई नरमी
GoldPrice – सप्ताह के पहले कारोबारी दिन घरेलू और अंतरराष्ट्रीय बाजारों में सोने और चांदी की कीमतों में गिरावट देखने को मिली। Multi Commodity Exchange (MCX) पर सोने और चांदी के वायदा भाव दबाव में रहे, जबकि वैश्विक बाजार में भी दोनों की स्पॉट कीमतों में कमजोरी दर्ज की गई। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि भू-राजनीतिक घटनाक्रम, कच्चे तेल की कीमतों में बदलाव और अमेरिकी मौद्रिक नीति से जुड़ी उम्मीदों का असर कीमती धातुओं पर दिखाई दे रहा है।

घरेलू और वैश्विक बाजार में दिखी गिरावट
सोमवार सुबह MCX पर सोने का वायदा भाव करीब 0.40 प्रतिशत फिसलकर 1,43,583 रुपये प्रति 10 ग्राम के आसपास पहुंच गया। वहीं चांदी का वायदा भाव लगभग 0.26 प्रतिशत की गिरावट के साथ 2,22,899 रुपये प्रति किलोग्राम पर कारोबार करता दिखाई दिया। अंतरराष्ट्रीय बाजार में भी स्पॉट गोल्ड और स्पॉट सिल्वर दोनों में कमजोरी दर्ज की गई।
भू-राजनीतिक तनाव का पड़ा असर
विश्लेषकों के अनुसार, अमेरिका और ईरान के बीच हालिया तनाव ने वित्तीय बाजारों में अस्थिरता बढ़ाई है। सप्ताहांत में दोनों देशों के बीच सैन्य घटनाक्रम की खबरों के बाद निवेशकों की नजर पश्चिम एशिया की स्थिति पर बनी रही। हालांकि बाद में मीडिया रिपोर्टों में दोनों पक्षों के बीच वार्ता की संभावना और सैन्य गतिविधियां सीमित करने की जानकारी सामने आई, जिससे बाजार में मिश्रित प्रतिक्रिया देखने को मिली।
तेल की कीमतें और ब्याज दरों की चिंता
कच्चे तेल की कीमतों में तेजी भी निवेशकों की चिंता का कारण बनी हुई है। Brent Crude के दाम 72 डॉलर प्रति बैरल के ऊपर पहुंचने के बाद महंगाई को लेकर नई आशंकाएं उभरी हैं। बाजार में यह अनुमान लगाया जा रहा है कि यदि महंगाई का दबाव बना रहता है तो अमेरिकी Federal Reserve ब्याज दरों को लंबे समय तक ऊंचे स्तर पर बनाए रख सकता है। इसी संभावना का असर कीमती धातुओं की चाल पर भी देखा जा रहा है।
डॉलर की मजबूती से बढ़ा दबाव
अमेरिकी डॉलर इंडेक्स में मजबूती और बॉन्ड यील्ड में उतार-चढ़ाव भी सोने की कीमतों को प्रभावित कर रहे हैं। हालांकि हालिया महंगाई के आंकड़े अनुमान के अनुरूप रहे, फिर भी निवेशक आगामी आर्थिक आंकड़ों और Federal Reserve की नीति पर करीबी नजर बनाए हुए हैं। मजबूत डॉलर आमतौर पर सोने की मांग को सीमित करता है, क्योंकि इससे अन्य मुद्राओं में सोना महंगा हो जाता है।
विशेषज्ञों की नजर अगले संकेतों पर
बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले दिनों में अमेरिकी रोजगार आंकड़े, Manufacturing PMI और Federal Reserve से जुड़े संकेत सोने और चांदी की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं। कमोडिटी विश्लेषकों के अनुसार, निकट अवधि में अंतरराष्ट्रीय और घरेलू बाजार में कुछ प्रमुख सपोर्ट और रेजिस्टेंस स्तरों पर निवेशकों की विशेष नजर रहेगी, जिससे कीमतों में आगे की चाल तय हो सकती है।