WealthSurge – युद्धविराम के बाद अंबानी-अडानी की संपत्ति में बड़ा उछाल
WealthSurge – ईरान और अमेरिका के बीच तनाव कम होने और युद्धविराम की घोषणा के बाद वैश्विक बाजारों में तेजी का असर अब अरबपतियों की संपत्ति पर भी साफ दिखने लगा है। भारत के प्रमुख उद्योगपति मुकेश अंबानी और गौतम अडानी की दौलत में एक ही दिन में भारी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। ब्लूमबर्ग बिलियनेयर्स इंडेक्स के अनुसार, अडानी की संपत्ति में करीब 6.06 अरब डॉलर का इजाफा हुआ, जबकि अंबानी की नेटवर्थ में लगभग 3.37 अरब डॉलर की बढ़त देखी गई।

शेयर बाजार की तेजी से बढ़ी संपत्ति
युद्धविराम के ऐलान के बाद घरेलू शेयर बाजार में जबरदस्त उछाल देखने को मिला। इसका सीधा असर रिलायंस इंडस्ट्रीज और अडानी समूह की कंपनियों के शेयरों पर पड़ा। रिलायंस का शेयर करीब 3.30 प्रतिशत की बढ़त के साथ 1347.75 रुपये पर बंद हुआ। वहीं अडानी समूह की कई कंपनियों में उल्लेखनीय तेजी दर्ज की गई, जिससे समूह की कुल वैल्यूएशन में बड़ा उछाल आया।
अडानी ग्रुप के शेयरों में व्यापक तेजी
अडानी समूह की प्रमुख कंपनियों में निवेशकों की खरीदारी साफ नजर आई। अडानी पोर्ट्स में 5 प्रतिशत से अधिक की बढ़त दर्ज हुई, जबकि अडानी ग्रीन में लगभग 12 प्रतिशत तक उछाल देखा गया। इसके अलावा अडानी एंटरप्राइजेज, अडानी एनर्जी और अडानी पावर के शेयर भी मजबूत बढ़त के साथ बंद हुए। इन सभी कंपनियों के प्रदर्शन ने गौतम अडानी की कुल संपत्ति में तेजी से वृद्धि करने में अहम भूमिका निभाई।
वैश्विक बाजारों का सकारात्मक असर
सिर्फ भारत ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी इस घटनाक्रम का सकारात्मक प्रभाव देखने को मिला। वॉल स्ट्रीट में मजबूती आई और निवेशकों का भरोसा लौटा। इसी के साथ भारतीय बाजार में भी सेंसेक्स ने बड़ी छलांग लगाई और 77,562 के स्तर पर बंद हुआ, जो बाजार में मजबूत रुझान का संकेत देता है।
दुनिया के अन्य अरबपतियों को भी फायदा
इस वैश्विक तेजी का असर दुनिया के अन्य बड़े कारोबारियों की संपत्ति पर भी पड़ा। मेटा के प्रमुख मार्क जुकरबर्ग की संपत्ति में सबसे ज्यादा उछाल देखा गया, जिसमें करीब 12.8 अरब डॉलर की वृद्धि हुई। फ्रांस के कारोबारी बर्नार्ड अर्नाल्ट, गूगल के सह-संस्थापक लैरी पेज और सर्गेई ब्रिन सहित कई अन्य अरबपतियों की संपत्ति में भी उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई।
निवेशकों के भरोसे का संकेत
विशेषज्ञों का मानना है कि युद्धविराम जैसी सकारात्मक खबरों से बाजार में जोखिम लेने की प्रवृत्ति बढ़ती है, जिससे शेयर बाजार और अन्य निवेश साधनों में तेजी आती है। यही वजह है कि बड़े निवेशकों और अरबपतियों की संपत्ति में अचानक उछाल देखने को मिला है।
आगे क्या रहेगा रुख
हालांकि मौजूदा तेजी को लेकर बाजार विश्लेषक सतर्क रहने की सलाह दे रहे हैं। उनका कहना है कि वैश्विक परिस्थितियां अगर स्थिर रहती हैं, तो यह सकारात्मक रुझान जारी रह सकता है। लेकिन यदि भू-राजनीतिक तनाव फिर बढ़ता है, तो बाजार में उतार-चढ़ाव भी देखने को मिल सकता है।