HollywoodStory – 48 साल में पूरी हुई फिल्म, रिलीज तक चला लंबा संघर्ष
HollywoodStory – फिल्म निर्माण की दुनिया में देरी होना कोई नई बात नहीं है, लेकिन एक ऐसी फिल्म भी रही जिसे दर्शकों तक पहुंचने में लगभग पांच दशक लग गए। यह कहानी है हॉलीवुड फिल्म द अदर साइड ऑफ द विंड की, जिसका निर्माण 1970 में शुरू हुआ था और आखिरकार 2018 में रिलीज हो पाई। इतने लंबे समय तक अटकी रहने की वजह सिर्फ तकनीकी या रचनात्मक नहीं थी, बल्कि इसके पीछे कई कानूनी, आर्थिक और व्यक्तिगत कारण जुड़े थे, जिन्होंने इस प्रोजेक्ट को बार-बार रोका।

शुरुआत से ही मुश्किलों में घिरा प्रोजेक्ट
इस फिल्म का निर्देशन मशहूर फिल्मकार ऑर्सन वेल्स कर रहे थे। शुरुआत में शूटिंग तेज़ी से आगे बढ़ी, लेकिन जल्द ही इसे रोकना पड़ा। उस समय अमेरिकी प्रशासन ने वेल्स की प्रोडक्शन कंपनी की स्थिति पर सवाल उठाए और टैक्स से जुड़ी जटिलताएं सामने आईं। इन परिस्थितियों के चलते फिल्म का काम रुक गया और वेल्स को दूसरे प्रोजेक्ट्स में लगना पड़ा ताकि वे फंडिंग जुटा सकें। कुछ वर्षों बाद, 1974 में फिल्म की शूटिंग दोबारा शुरू हुई, लेकिन चुनौतियां पूरी तरह खत्म नहीं हुई थीं।
फंडिंग और भरोसे की कमी बनी बड़ी वजह
फिल्म को पूरा करने के लिए वित्तीय सहयोग जुटाना भी आसान नहीं था। कई संभावित निवेशकों ने इस प्रोजेक्ट से दूरी बनाए रखी, क्योंकि इंडस्ट्री में इसे लेकर अनिश्चितता और जोखिम की धारणा बन चुकी थी। कुछ रिपोर्ट्स में तो इसे एक कठिन और जटिल प्रोजेक्ट तक कहा गया। हालांकि बाद में कुछ निवेशकों ने सहयोग दिया, लेकिन लगातार रुकावटों के कारण काम धीमी गति से ही आगे बढ़ सका।
निर्देशक के निधन के बाद और बढ़ी जटिलता
1976 तक फिल्म की शूटिंग किसी तरह पूरी हो गई, लेकिन एडिटिंग का काम लंबा खिंचता चला गया। इसी बीच 1985 में ऑर्सन वेल्स का निधन हो गया, जिससे यह प्रोजेक्ट अधूरा ही रह गया। वेल्स अपने पीछे फिल्म की लगभग 100 घंटे की अनएडिटेड फुटेज छोड़ गए थे। उन्होंने यह भी संकेत दिए थे कि वे फिल्म को किस तरह अंतिम रूप देना चाहते थे, ताकि भविष्य में कोई इसे पूरा कर सके। लेकिन उनके जाने के बाद इस दिशा में काम करना आसान नहीं रहा।
कॉपीराइट और अधिकारों को लेकर अड़चनें
निर्देशक के निधन के बाद फिल्म के अधिकारों को लेकर कई पक्षों के बीच विवाद खड़े हो गए। अलग-अलग निवेशकों और हितधारकों के कारण यह तय करना मुश्किल हो गया कि फिल्म को कैसे और किसके द्वारा पूरा किया जाए। यही वजह रही कि यह प्रोजेक्ट वर्षों तक ठंडे बस्ते में पड़ा रहा और दर्शकों तक नहीं पहुंच सका।
नेटफ्लिक्स की पहल से मिला नया जीवन
करीब तीन दशक बाद, 2017 में स्थिति बदली जब नेटफ्लिक्स ने इस फिल्म के अधिकार हासिल किए। इसके बाद टीम ने ऑर्सन वेल्स की मूल सोच के अनुरूप फिल्म को पूरा करने का प्रयास किया। उपलब्ध फुटेज और नोट्स के आधार पर एडिटिंग और पोस्ट-प्रोडक्शन का काम तेजी से किया गया। अंततः 2018 में यह फिल्म दर्शकों के सामने आई, जो अपने आप में एक ऐतिहासिक घटना मानी गई।
कहानी और दर्शकों की प्रतिक्रिया
फिल्म की कहानी एक उम्रदराज फिल्म निर्देशक के इर्द-गिर्द घूमती है, जो अपने करियर में वापसी की कोशिश कर रहा होता है। अपने जन्मदिन के मौके पर वह अपनी अधूरी फिल्म की स्क्रीनिंग आयोजित करता है, जहां कई अप्रत्याशित घटनाएं सामने आती हैं। फिल्म में जॉन हस्टन, ओजा कोडर और पीटर बोगदानोविच जैसे कलाकार नजर आए। रिलीज के बाद इसे मिश्रित प्रतिक्रिया मिली और आईएमडीबी पर इसे 6.7 की रेटिंग दी गई।