RajKumar – ‘जानी’ शब्द के पीछे छिपी थी राज कुमार की दिलचस्प कहानी
RajKumar – हिंदी सिनेमा के दिग्गज अभिनेता राज कुमार अपनी दमदार आवाज, अलग अंदाज और बेबाक संवाद अदायगी के लिए हमेशा याद किए जाते हैं। फिल्मों में उनका “जानी” बोलने का अंदाज इतना लोकप्रिय हुआ कि वह उनकी पहचान बन गया। अब फिल्म निर्माता केसी बोकादिया ने इस शब्द के पीछे की असली कहानी साझा की है, जिसने लोगों को हैरान कर दिया है।

एक बातचीत के दौरान केसी बोकादिया ने बताया कि राज कुमार हर किसी को “जानी” कहकर बुलाते थे, लेकिन इसके पीछे कोई दिखावा या स्टाइल नहीं था। उन्होंने कहा कि अभिनेता के पालतू कुत्ते का नाम “जानी” था और वह उससे बेहद लगाव रखते थे। यही कारण था कि यह शब्द उनकी बोलचाल का हिस्सा बन गया। बोकादिया ने यह भी बताया कि राज कुमार उन्हें कभी “जानी” नहीं कहते थे, बल्कि हमेशा सम्मान के साथ “बोकादिया साब” कहकर संबोधित करते थे।
मूडी स्वभाव के लिए मशहूर थे अभिनेता
फिल्ममेकर ने बातचीत में राज कुमार के स्वभाव को लेकर भी कई दिलचस्प बातें साझा कीं। उन्होंने कहा कि राज कुमार के साथ काम करना आसान नहीं था। उनके मुताबिक, अमिताभ बच्चन जैसे अनुशासित कलाकार की तुलना में राज कुमार कहीं ज्यादा मूडी थे और उनका मूड हर वक्त बदल सकता था।
केसी बोकादिया ने बताया कि किसी भी प्रोजेक्ट के लिए राज कुमार को तैयार करना काफी चुनौतीपूर्ण होता था। अगर उन्हें सामने वाला इंसान पसंद आ जाए, तभी वह फिल्म करने के लिए तैयार होते थे। कहानी या स्क्रिप्ट उनके लिए बाद में आती थी। बोकादिया ने कहा कि एक बार उन्होंने अपनी फिल्म “पुलिस और मुजरिम” के लिए राज कुमार को फोन किया और सिर्फ एक लाइन में फिल्म का प्रस्ताव रखा। अभिनेता ने तुरंत दिलचस्पी दिखाई और अगले दिन मुहूर्त शॉट के लिए हामी भर दी।
फीस को लेकर भी हुआ दिलचस्प संवाद
फिल्म निर्माता ने बताया कि जब उन्होंने राज कुमार से फीस के बारे में पूछा तो अभिनेता ने उनसे पिछली फिल्म की रकम याद दिलाने को कहा। बोकादिया ने बताया कि पिछली बार उन्हें 21 लाख रुपये दिए गए थे। इस पर राज कुमार ने ज्यादा रकम की मांग की। बातचीत के दौरान निर्माता ने पहले 24 लाख और फिर 25 लाख रुपये देने का प्रस्ताव रखा, जिसे अभिनेता ने स्वीकार कर लिया।
इसके बाद निर्माता ने उनसे एक और अनुरोध किया कि वे अगले ही दिन शूटिंग के लिए उपलब्ध हो जाएं, क्योंकि मुहूर्त शॉट तय हो चुका था। इस पर राज कुमार ने पूछा कि इतनी जल्दी कॉस्ट्यूम कैसे तैयार होंगे। तब बोकादिया ने मजाकिया अंदाज में कहा कि वह पिछले कई सालों से एक जैसे ही दिखते हैं, इसलिए नए कपड़ों की जरूरत नहीं है।
पुराने कोट में पहुंचे थे शूटिंग पर
बोकादिया ने बताया कि अगले दिन राज कुमार शूटिंग पर पहुंचे और उन्होंने वही पीले रंग का कोट पहन रखा था, जिसे उन्होंने अपनी पुरानी फिल्म “हमराज” में पहना था। यह किस्सा आज भी फिल्म इंडस्ट्री में चर्चा का विषय बना हुआ है।
राज कुमार की अलग शैली और अनोखी शख्सियत ने उन्हें हिंदी सिनेमा में खास पहचान दिलाई। उनकी संवाद अदायगी, चाल-ढाल और बोलने का तरीका आज भी दर्शकों के बीच उतना ही लोकप्रिय है, जितना उनके दौर में हुआ करता था।