IranDeal – अमेरिका ने स्पष्ट किया, समझौते में नहीं होगी प्रतिबंधों में राहत…
IranDeal – ईरान और अमेरिका के बीच लंबे समय से चल रही तनावपूर्ण परिस्थितियों के बाद शांति समझौते को लेकर महत्वपूर्ण प्रगति सामने आई है। दोनों देशों के बीच कई दौर की बातचीत के बाद सहमति बनने की खबरें हैं, लेकिन आर्थिक प्रतिबंधों और अन्य रणनीतिक मुद्दों को लेकर मतभेद अभी पूरी तरह समाप्त नहीं हुए हैं। इसी बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने साफ कर दिया है कि प्रस्तावित समझौते के तहत ईरान को तत्काल किसी भी प्रकार की प्रतिबंध राहत नहीं दी जाएगी।

फ्रांस के एवियान में आयोजित जी-7 शिखर सम्मेलन के दौरान मीडिया से बातचीत में ट्रंप ने कहा कि भविष्य में किसी भी तरह की रियायत ईरान के व्यवहार और समझौते की शर्तों के पालन पर निर्भर करेगी। उन्होंने संकेत दिया कि वॉशिंगटन फिलहाल अपने आर्थिक दबाव वाले रुख में कोई बदलाव नहीं करने जा रहा है।
प्रतिबंधों पर ट्रंप का स्पष्ट रुख
पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए ट्रंप ने कहा कि मौजूदा समझौते में प्रतिबंध हटाने या उन्हें कम करने का कोई प्रावधान शामिल नहीं है। उनके अनुसार, यदि ईरान समझौते की सभी शर्तों का पालन करता है और अपेक्षित कदम उठाता है, तभी भविष्य में किसी संभावित राहत पर विचार किया जा सकता है।
अमेरिकी राष्ट्रपति का यह बयान ऐसे समय आया है जब अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इस समझौते को लेकर विभिन्न तरह की अटकलें लगाई जा रही थीं। ट्रंप ने दोहराया कि समझौते की सफलता पूरी तरह ईरान की प्रतिबद्धता और व्यवहार पर निर्भर करेगी।
पुराने परमाणु समझौते से की तुलना
बातचीत के दौरान ट्रंप ने वर्ष 2015 में हुए परमाणु समझौते का भी उल्लेख किया। उन्होंने दावा किया कि वर्तमान समझौता पहले की व्यवस्थाओं से अलग है और इसकी शर्तें अधिक प्रभावी हैं।
ट्रंप ने कहा कि वह इस समझौते से जुड़े दस्तावेजों को सार्वजनिक करने के पक्ष में हैं ताकि दुनिया इसकी वास्तविक शर्तों को समझ सके। उन्होंने पूर्व प्रशासन के दौरान हुए समझौतों की आलोचना करते हुए कहा कि मौजूदा व्यवस्था अधिक मजबूत और स्पष्ट आधार पर तैयार की गई है।
समझौते पर डिजिटल हस्ताक्षर की खबर
अंतरराष्ट्रीय मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया गया है कि दोनों देशों के बीच तैयार किए गए सहमति पत्र पर इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से हस्ताक्षर किए जा चुके हैं। रिपोर्टों के अनुसार, अमेरिकी पक्ष से राष्ट्रपति ट्रंप और उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने इस प्रक्रिया में भाग लिया।
बताया जा रहा है कि ईरान की ओर से भी वरिष्ठ नेतृत्व ने दस्तावेज पर डिजिटल हस्ताक्षर किए हैं। हालांकि इस संबंध में तेहरान की ओर से अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि जारी नहीं की गई है। इसलिए समझौते के अंतिम स्वरूप और उसकी शर्तों को लेकर औपचारिक घोषणा का इंतजार किया जा रहा है।
वैश्विक बाजारों में दिखा सकारात्मक असर
शांति समझौते और युद्धविराम की खबरों का असर अंतरराष्ट्रीय बाजारों पर भी देखने को मिला है। ऊर्जा बाजार में अनिश्चितता कम होने की उम्मीद के बीच कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट दर्ज की गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि यदि क्षेत्र में स्थिरता बनी रहती है तो वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला पर दबाव कम हो सकता है। इसी वजह से कई प्रमुख शेयर बाजारों में भी निवेशकों का भरोसा बढ़ा है और कारोबार में सकारात्मक रुझान देखने को मिला है।
होर्मुज जलडमरूमध्य पर भी नजर
दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण समुद्री व्यापार मार्गों में शामिल होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर भी राहत भरी खबरें सामने आई हैं। अमेरिकी अधिकारियों के अनुसार, क्षेत्र में सामान्य गतिविधियां बहाल करने की दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है।
सूत्रों का कहना है कि अगले 24 से 48 घंटों के भीतर समझौते की विस्तृत शर्तें सार्वजनिक की जा सकती हैं। इसके बाद यह स्पष्ट होगा कि दोनों देशों ने किन मुद्दों पर सहमति बनाई है और किन विषयों पर बातचीत आगे जारी रहेगी।