Leadership – खामेनेई के जनाजे में दिखे नकाबपोश की पहचान आई सामने
Leadership- ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर आयतुल्लाह अली खामेनेई के अंतिम संस्कार के दौरान काले मास्क और टोपी में दिखाई दिए एक व्यक्ति को लेकर कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई थीं। सोशल मीडिया और कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया कि वह खामेनेई के बेटे मोजतबा खामेनेई हो सकते हैं। हालांकि बाद में सामने आई जानकारी के अनुसार जनाजे में मास्क पहनकर मौजूद व्यक्ति मोजतबा नहीं, बल्कि आयतुल्लाह खामेनेई के बड़े पोते मोहम्मद जवाद खामेनेई थे।

मास्क पहनने की वजह भी आई सामने
रिपोर्टों के मुताबिक मोहम्मद जवाद खामेनेई हाल के सैन्य हमले में घायल हुए थे। बताया गया है कि उन्हें चेहरे पर गंभीर चोटें और जलने के निशान आए थे, जिसके कारण उन्होंने अंतिम संस्कार में मास्क पहन रखा था। इसी वजह से उनकी पहचान स्पष्ट नहीं हो सकी और कार्यक्रम के दौरान उनकी मौजूदगी को लेकर भ्रम की स्थिति बन गई।
मोजतबा खामेनेई को लेकर जारी हैं अटकलें
विभिन्न मीडिया रिपोर्टों में कहा गया है कि मोजतबा खामेनेई भी उसी हमले के दौरान घायल हुए थे, जिसमें आयतुल्लाह अली खामेनेई की मौत हुई। बताया जाता है कि घटना के समय वह उसी परिसर में मौजूद थे, लेकिन अलग कमरे में होने के कारण उनकी जान बच गई। हालांकि उनकी चोटों और मौजूदा स्वास्थ्य स्थिति को लेकर कोई आधिकारिक पुष्टि सार्वजनिक नहीं की गई है।
सार्वजनिक कार्यक्रमों से दूर हैं मोजतबा
हमले के बाद से मोजतबा खामेनेई किसी सार्वजनिक कार्यक्रम में नजर नहीं आए हैं। कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया है कि वह इलाज के कारण सार्वजनिक जीवन से दूर हैं और आवश्यक संदेश लिखित माध्यम से संबंधित अधिकारियों तक पहुंचा रहे हैं। इस बीच ईरान की ओर से उनकी वर्तमान स्थिति पर विस्तृत आधिकारिक जानकारी जारी नहीं की गई है।
कई दिनों तक चला अंतिम विदाई का कार्यक्रम
ईरानी मीडिया के अनुसार आयतुल्लाह अली खामेनेई के पार्थिव शरीर को कई दिनों तक अंतिम दर्शन के लिए रखा गया था, जिसके बाद धार्मिक परंपराओं के अनुसार उनका अंतिम संस्कार किया गया। सरकारी दावों में अंतिम विदाई कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों की मौजूदगी का उल्लेख किया गया है। हालांकि इन आंकड़ों का स्वतंत्र स्रोतों से सत्यापन नहीं हो सका है।
संदेश में बदले की बात
अंतिम संस्कार के बाद जारी एक संदेश में मोजतबा खामेनेई ने अपने पिता और हालिया संघर्षों में जान गंवाने वाले अन्य लोगों की मौत का बदला लेने की बात कही। संदेश में उन्होंने कहा कि इस घटना के जिम्मेदार लोगों को जवाब दिया जाएगा और इसे राष्ट्रीय संकल्प बताया। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि व्यक्तिगत पद या जिम्मेदारियों से अलग हटकर भी इस संकल्प को पूरा करने का प्रयास जारी रहेगा। इस बयान पर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं, जबकि क्षेत्र में तनाव पहले से बना हुआ है।