Election Update – केरल में मुख्यमंत्री चयन को लेकर कांग्रेस में मंथन तेज
Election Update – केरल में विधानसभा चुनाव में बड़ी जीत दर्ज करने के बाद कांग्रेस नेतृत्व वाले यूनाइटेड डेमोक्रेटिक फ्रंट (यूडीएफ) के सामने अब मुख्यमंत्री के चयन की चुनौती खड़ी हो गई है। पश्चिम बंगाल और तमिलनाडु में नई सरकारों के गठन के बाद अब सभी की नजरें केरल पर टिकी हैं, जहां अभी तक मुख्यमंत्री के नाम का आधिकारिक ऐलान नहीं हो पाया है। पार्टी के भीतर लगातार बैठकों और विचार-विमर्श का दौर जारी है।

तीन नेताओं के नाम सबसे आगे
कांग्रेस सूत्रों के मुताबिक मुख्यमंत्री पद की दौड़ में फिलहाल तीन प्रमुख नेताओं के नाम चर्चा में हैं। इनमें विपक्ष के नेता वी डी सतीशन, कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल और वरिष्ठ नेता रमेश चेन्निथला शामिल हैं। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं का कहना है कि अंतिम फैसला कांग्रेस आलाकमान द्वारा लिया जाएगा। हालांकि अभी तक किसी एक नाम पर सर्वसम्मति नहीं बन पाई है।
दिल्ली में हुई बैठकों में कई वरिष्ठ नेताओं ने अपनी राय रखी। पार्टी अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी ने भी नेताओं से अलग-अलग बातचीत कर स्थिति का आकलन किया। कांग्रेस नेतृत्व इस बात को लेकर सतर्क दिखाई दे रहा है कि मुख्यमंत्री चयन की प्रक्रिया से संगठन में किसी तरह का असंतोष सार्वजनिक रूप से सामने न आए।
पोस्टर और समर्थक अभियान से बढ़ी हलचल
मुख्यमंत्री पद को लेकर राज्य में समर्थकों के बीच सक्रियता भी बढ़ गई है। तिरुवनंतपुरम और अन्य शहरों में अलग-अलग नेताओं के समर्थन में पोस्टर और बैनर लगाए गए हैं। सोशल मीडिया पर भी समर्थकों द्वारा अभियान चलाए जा रहे हैं। पार्टी के भीतर इस गतिविधि को लेकर चिंता जताई जा रही है।
सूत्रों के अनुसार राहुल गांधी ने नेताओं को स्पष्ट संदेश दिया है कि जनता ने यूडीएफ को मजबूत जनादेश विकास और स्थिर सरकार के लिए दिया है। ऐसे में गुटबाजी या शक्ति प्रदर्शन से बचने की जरूरत है। पार्टी चाहती है कि सरकार गठन की प्रक्रिया शांत और संगठित तरीके से पूरी हो।
आलाकमान के फैसले पर टिकी नजर
दिल्ली में हुई अहम बैठक में केसी वेणुगोपाल, रमेश चेन्निथला, वी डी सतीशन, प्रदेश अध्यक्ष सनी जोसेफ, अजय माकन, मुकुल वासनिक और दीपा दासमुंशी समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे। बैठक के बाद नेताओं ने सार्वजनिक तौर पर कहा कि जो भी निर्णय लिया जाएगा, उसे सभी स्वीकार करेंगे।
रमेश चेन्निथला ने कहा कि सभी नेताओं ने अपनी बात नेतृत्व के सामने रखी है और अंतिम निर्णय पार्टी हाईकमान करेगा। वहीं दीपा दासमुंशी ने संकेत दिए कि जल्द ही मुख्यमंत्री के नाम की घोषणा हो सकती है। उन्होंने बताया कि सभी विधायकों ने प्रस्ताव पर हस्ताक्षर कर नेतृत्व को फैसला लेने का अधिकार दिया है।
विधायकों और जनता की राय अलग
पार्टी सूत्रों का दावा है कि कांग्रेस के कई विधायक केसी वेणुगोपाल के पक्ष में माने जा रहे हैं, जबकि आम कार्यकर्ताओं और कुछ स्थानीय नेताओं के बीच वी डी सतीशन को लेकर समर्थन अधिक दिखाई दे रहा है। दूसरी ओर, रमेश चेन्निथला का अनुभव और संगठन में उनकी लंबी भूमिका भी उन्हें मजबूत दावेदार बनाती है।
वी डी सतीशन और केसी वेणुगोपाल दोनों ने सार्वजनिक रूप से समर्थकों से अपील की है कि मुख्यमंत्री पद को लेकर प्रदर्शन या प्रचार अभियान से बचें। नेताओं का कहना है कि चुनाव में मिली जीत सामूहिक मेहनत का परिणाम है और अब प्राथमिकता जनता से किए गए वादों को पूरा करने की होनी चाहिए।
यूडीएफ ने हालिया विधानसभा चुनाव में 140 में से 102 सीटों पर जीत दर्ज की है। गठबंधन में कांग्रेस सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरी और उसने 63 सीटों पर सफलता हासिल की।