ExpresswayLaunch – आज से खुलेगा दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे, सफर होगा तेज और आसान
ExpresswayLaunch – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी मंगलवार को देहरादून में दिल्ली-देहरादून एक्सप्रेसवे का औपचारिक उद्घाटन करेंगे। इसके साथ ही लंबे समय से प्रतीक्षित यह परियोजना आम लोगों के लिए खोल दी जाएगी। इस नए एक्सप्रेसवे के शुरू होने के बाद राजधानी दिल्ली से देहरादून की दूरी अब करीब ढाई घंटे में तय की जा सकेगी। यह मार्ग न केवल यात्रा को तेज बनाएगा, बल्कि दिल्ली, उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के कई महत्वपूर्ण क्षेत्रों को सीधे जोड़ने का काम भी करेगा।

उद्घाटन कार्यक्रम को लेकर तैयारियां पूरी
प्रधानमंत्री के दौरे को देखते हुए प्रशासन ने सभी तैयारियां पूरी कर ली हैं। तय कार्यक्रम के अनुसार, प्रधानमंत्री सुबह जौलीग्रांट एयरपोर्ट पहुंचेंगे और वहां से हेलीकॉप्टर के जरिए सहारनपुर के गणेशपुर पहुंचेंगे, जहां एक्सप्रेसवे का उद्घाटन होगा। इस मौके पर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी मौजूद रहेंगे। उद्घाटन के बाद प्रधानमंत्री देहरादून पहुंचकर मां डाटकाली मंदिर में पूजा-अर्चना करेंगे और फिर रोड शो करते हुए गढ़ी कैंट स्थित जसवंत सिंह ग्राउंड में जनसभा को संबोधित करेंगे।
आधुनिक तकनीक से तैयार हाई-स्पीड कॉरिडोर
करीब 213 किलोमीटर लंबे इस एक्सप्रेसवे को आधुनिक मानकों के अनुसार विकसित किया गया है। लगभग 12 हजार करोड़ रुपये की लागत से बने इस छह लेन मार्ग में यातायात को सुचारू रखने के लिए कई अहम संरचनाएं शामिल की गई हैं। इसमें दो रेलवे ओवरब्रिज, दस बड़े पुल और सात प्रमुख इंटरचेंज बनाए गए हैं। इन सुविधाओं का उद्देश्य सफर को सुरक्षित, व्यवस्थित और बिना रुकावट के बनाना है।
वन्यजीव संरक्षण के लिए विशेष प्रावधान
इस परियोजना की एक महत्वपूर्ण विशेषता इसका वाइल्डलाइफ कॉरिडोर है, जो करीब 12 किलोमीटर लंबा है और एशिया के सबसे लंबे कॉरिडोर में शामिल बताया जा रहा है। इसके जरिए जंगल क्षेत्र में रहने वाले वन्यजीव सुरक्षित तरीके से आवाजाही कर सकेंगे। इसके अलावा, हाथियों और अन्य जानवरों के लिए विशेष अंडरपास और मार्ग बनाए गए हैं, जिससे सड़क और जंगल के बीच संतुलन बनाए रखने की कोशिश की गई है। डाटकाली मंदिर के पास बनाई गई सुरंग भी इस एक्सप्रेसवे की इंजीनियरिंग क्षमता को दर्शाती है।
कई राज्यों के प्रमुख शहरों को मिलेगा सीधा लाभ
यह एक्सप्रेसवे दिल्ली के अक्षरधाम से शुरू होकर पूर्वी और उत्तर-पूर्वी दिल्ली के कई इलाकों को जोड़ता हुआ आगे बढ़ता है। इसके बाद यह उत्तर प्रदेश के लोनी, बागपत, शामली, मुजफ्फरनगर और सहारनपुर जैसे शहरों से गुजरते हुए उत्तराखंड में प्रवेश करता है। उत्तराखंड में यह मार्ग रुड़की होते हुए देहरादून तक पहुंचता है। इस तरह यह परियोजना क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
इंटरचेंज और हाईवे कनेक्टिविटी से बढ़ेगी सुविधा
एक्सप्रेसवे पर विभिन्न स्थानों पर इंटरचेंज विकसित किए गए हैं, जिससे आसपास के शहरों और हाईवे से बेहतर जुड़ाव सुनिश्चित हो सके। बागपत और बड़ौत बायपास से लेकर करनाल-मेरठ हाईवे और सहारनपुर-हरिद्वार मार्ग तक इसकी कनेक्टिविटी दी गई है। देहरादून के पास यह चारधाम मार्ग से भी जुड़ता है, जिससे धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। इन व्यवस्थाओं से यात्रियों को लंबी दूरी तय करने में कम समय और अधिक सुविधा मिलेगी।
सोशल मीडिया पर वीडियो से दिखी परियोजना की झलक
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस एक्सप्रेसवे से जुड़ा एक वीडियो भी साझा किया है, जिसमें इसकी प्रमुख विशेषताओं को दर्शाया गया है। वीडियो में हाई-स्पीड सड़क, आधुनिक संरचना और वाइल्डलाइफ कॉरिडोर को विस्तार से दिखाया गया है। इसमें यह भी नजर आता है कि किस तरह जानवर सुरक्षित रूप से सड़क के नीचे बने मार्गों से गुजर रहे हैं। यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से साझा किया जा रहा है और लोगों के बीच इस परियोजना को लेकर उत्साह देखा जा रहा है।
भविष्य में ट्रैफिक दबाव कम करने की तैयारी
एक्सप्रेसवे के शुरू होने के बाद देहरादून में वाहनों की संख्या बढ़ने की संभावना को देखते हुए प्रशासन आगे की योजनाओं पर भी काम कर रहा है। आशारोड़ी से मोहकमपुर तक प्रस्तावित एलिवेटेड रोड परियोजना पर तेजी से विचार किया जा रहा है। माना जा रहा है कि इस मार्ग के बनने से शहर के अंदर ट्रैफिक दबाव को कम करने में मदद मिलेगी। फिलहाल इस परियोजना की रिपोर्ट और सर्वे अंति