WeatherAlert – उत्तराखंड में भारी बारिश का अलर्ट, भूस्खलन से प्रभावित हुए कई मार्ग
WeatherAlert– उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश के कारण पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन की घटनाएं जारी हैं। कई स्थानों पर सड़कें प्रभावित हुई हैं, जबकि मौसम विभाग ने गुरुवार के लिए भी कुछ जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई है। राजधानी देहरादून में बुधवार को सुबह हल्की बारिश के बाद तेज धूप निकलने से उमस बढ़ गई। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने देहरादून, बागेश्वर, चमोली और पिथौरागढ़ जिलों के लिए येलो अलर्ट जारी करते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।

अगले 24 घंटे मौसम रहेगा सक्रिय
मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक डॉ. सी.एस. तोमर के अनुसार, अगले 24 घंटों के दौरान पर्वतीय क्षेत्रों में कई स्थानों पर हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है। कुछ इलाकों में गरज-चमक के साथ तेज वर्षा और आकाशीय बिजली गिरने की भी आशंका है। देहरादून में बुधवार को अधिकतम तापमान 32 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से दो डिग्री अधिक रहा, जबकि न्यूनतम तापमान 24.2 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया।
मसूरी-दून मार्ग पर भूस्खलन से यातायात प्रभावित
लगातार बारिश के चलते मसूरी-दून मुख्य मार्ग पर पानीवाला बैंड के पास पहाड़ी से मलबा और पेड़ गिरने के कारण यातायात बाधित हो गया। सूचना मिलने के बाद लोक निर्माण विभाग की टीम मौके पर पहुंची और जेसीबी मशीनों की मदद से करीब दो घंटे तक मलबा हटाने का अभियान चलाया। इसके बाद सड़क पर आवाजाही बहाल कर दी गई। हालांकि सड़क का एक हिस्सा पहले से क्षतिग्रस्त होने के कारण फिलहाल इस मार्ग पर वन-वे ट्रैफिक की व्यवस्था लागू है।
किमाड़ी मार्ग अब भी जोखिम वाले क्षेत्र में
भारी बारिश का असर किमाड़ी मार्ग पर भी देखने को मिला, जहां भूस्खलन के कारण रास्ता अवरुद्ध हो गया। लोक निर्माण विभाग का कहना है कि जब तक पहाड़ी से मलबा गिरना पूरी तरह बंद नहीं हो जाता, तब तक सड़क साफ करने का काम शुरू करना सुरक्षित नहीं होगा। स्थानीय लोगों ने आशंका जताई है कि यदि मौसम ऐसा ही बना रहा तो मार्ग को पूरी तरह बहाल होने में और समय लग सकता है।
बस सेवाएं दूसरे दिन भी रहीं बंद
देहरादून-मसूरी मार्ग पूरी तरह सामान्य नहीं होने के कारण रोडवेज ने लगातार दूसरे दिन भी बसों का संचालन नहीं किया। इससे यात्रियों को निजी टैक्सी और अन्य वाहनों का सहारा लेना पड़ा। रोडवेज अधिकारियों के अनुसार, यदि सड़क की स्थिति में सुधार होता है तो बड़े वाहनों के बजाय पहले टेंपो ट्रैवलर जैसी छोटी सेवाएं शुरू की जा सकती हैं।
आपदा प्रबंधन को लेकर विभागों को सतर्क रहने के निर्देश
मानसून के दौरान संभावित आपदाओं को देखते हुए उत्तराखंड राज्य आपदा प्रबंधन सलाहकार समिति ने सभी संबंधित विभागों को चौबीसों घंटे अलर्ट मोड में रहने के निर्देश दिए हैं। समिति के उपाध्यक्ष विनय रुहेला ने समीक्षा बैठक में अधिकारियों से कंट्रोल रूम सक्रिय रखने, संवेदनशील क्षेत्रों की लगातार निगरानी करने और त्वरित राहत व्यवस्था सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही सड़कों से मलबा हटाने, जल निकासी व्यवस्था दुरुस्त रखने तथा बिजली और पेयजल आपूर्ति बाधित न होने देने के निर्देश भी दिए गए।