SamratChaudhary – पद संभालते ही अधिकारियों को दिए सख्त निर्देश
SamratChaudhary – बिहार के नए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पदभार संभालने के तुरंत बाद प्रशासनिक सक्रियता तेज कर दी है। शपथ लेने के बाद लगातार दूसरे दिन भी उन्होंने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ बैठक कर कामकाज की गति बढ़ाने के स्पष्ट निर्देश दिए। मुख्यमंत्री ने साफ शब्दों में कहा कि अब केवल योजनाएं बनाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि उनके परिणाम भी दिखने चाहिए।

अधिकारियों को काम में तेजी लाने का निर्देश
मुख्यमंत्री सचिवालय में आयोजित बैठक में सम्राट चौधरी ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता जनता तक योजनाओं का लाभ समय पर पहुंचाना है। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि मौजूदा कामकाज की गति को और तेज किया जाए, ताकि योजनाओं का प्रभाव जमीन पर नजर आए।
बैठक में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और बिजेंद्र प्रसाद यादव के साथ मुख्य सचिव समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। मुख्यमंत्री ने सभी से समन्वय के साथ काम करने और जिम्मेदारी तय करने पर जोर दिया।
भ्रष्टाचार और लापरवाही पर सख्ती का संकेत
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि प्रशासन में किसी भी स्तर पर लापरवाही या भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने निर्देश दिया कि जनता को सरकारी कार्यालयों और थानों में अनावश्यक परेशानियों का सामना न करना पड़े।
उन्होंने कहा कि शिकायतों का तुरंत समाधान किया जाए और हर विभाग में जवाबदेही सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में भी तेजी से कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए।
सचिवालय का निरीक्षण और कार्यप्रणाली की समीक्षा
बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने अपने कार्यालय परिसर का भी निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विभिन्न शाखाओं के कामकाज की जानकारी ली और कार्यप्रणाली को बेहतर बनाने पर अधिकारियों से चर्चा की।
उन्होंने यह भी जाना कि योजनाओं के क्रियान्वयन में किन-किन स्तरों पर सुधार की जरूरत है। इस दौरान मुख्यमंत्री के प्रमुख सचिव और अन्य वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे।
जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं से मुलाकात
मुख्यमंत्री बनने के बाद सम्राट चौधरी ने अपने आवास पर जनप्रतिनिधियों, पार्टी कार्यकर्ताओं और अन्य गणमान्य लोगों से मुलाकात की। इस दौरान बड़ी संख्या में विधायक, विधान परिषद सदस्य और समर्थक उनसे मिलने पहुंचे।
लोगों ने उन्हें शुभकामनाएं दीं और मुख्यमंत्री ने भी सभी का धन्यवाद करते हुए सहयोग की अपेक्षा जताई। यह मुलाकात राजनीतिक स्तर पर संवाद बनाए रखने की दिशा में महत्वपूर्ण मानी जा रही है।
महिला आरक्षण पर जताया समर्थन
मुख्यमंत्री ने इस दौरान महिला आरक्षण के मुद्दे पर भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने की पहल का बिहार पूरा समर्थन करता है।
उनका कहना था कि इससे महिलाओं की भागीदारी बढ़ेगी और उन्हें निर्णय लेने की प्रक्रिया में अधिक अवसर मिलेगा।
ऐतिहासिक स्थलों पर भी किया दौरा
गुरुवार को मुख्यमंत्री ने पटना में लोकनायक जयप्रकाश नारायण से जुड़े स्थलों का भी दौरा किया। उन्होंने उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी और संबंधित परिसर का निरीक्षण किया।
इस दौरान उन्होंने वहां चल रहे विभिन्न कार्यों और व्यवस्थाओं की जानकारी ली। मुख्यमंत्री की इस सक्रियता को प्रशासनिक और राजनीतिक दोनों दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
बिहार की नई सरकार के शुरुआती संकेत बताते हैं कि प्रशासनिक स्तर पर तेजी और जवाबदेही पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है, जिसका असर आने वाले समय में दिखाई दे सकता है।