IPLRecord – हैदराबाद में पंजाब किंग्स के नाम जुड़ा अनचाहा रिकॉर्ड
IPLRecord – आईपीएल 2026 के शुरुआती मुकाबलों में शानदार प्रदर्शन करने वाली पंजाब किंग्स अब लगातार हार के कारण चर्चा में है। सीजन के पहले सात मैचों में टीम ने छह जीत दर्ज कर खुद को सबसे मजबूत दावेदारों में शामिल कर लिया था, लेकिन उसके बाद टीम की लय बिगड़ गई। लगातार तीन हार के बीच पंजाब किंग्स के नाम एक ऐसा रिकॉर्ड दर्ज हो गया है, जिसे टीम शायद जल्द भूलना चाहेगी। सनराइजर्स हैदराबाद के खिलाफ हैदराबाद के मैदान पर टीम की लगातार हार अब आईपीएल इतिहास का सबसे लंबा सिलसिला बन चुकी है।

हैदराबाद में नहीं टूटा हार का सिलसिला
राजीव गांधी इंटरनेशनल स्टेडियम में पंजाब किंग्स को एक बार फिर सनराइजर्स हैदराबाद के हाथों हार का सामना करना पड़ा। यह लगातार नौवां मौका है जब पंजाब की टीम इस मैदान पर हैदराबाद को नहीं हरा सकी। यह सिलसिला साल 2015 से शुरू हुआ था और अब 2026 तक जारी है। आईपीएल के इतिहास में किसी एक मैदान पर किसी एक टीम के खिलाफ लगातार इतनी हार पहले कभी दर्ज नहीं हुई थी।
चेन्नई और मुंबई के रिकॉर्ड भी पीछे छूटे
इस मामले में पहले चेन्नई सुपर किंग्स का रिकॉर्ड सबसे ऊपर माना जाता था। चेन्नई ने अपने घरेलू मैदान पर रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु को लगातार आठ मुकाबलों में हराया था। यह सिलसिला 2010 से 2024 तक चला था। अब पंजाब किंग्स की लगातार नौ हार ने उस रिकॉर्ड को पीछे छोड़ दिया है। इसी सूची में चेन्नई सुपर किंग्स का दिल्ली कैपिटल्स के खिलाफ सात लगातार जीत का रिकॉर्ड और मुंबई इंडियंस का कोलकाता नाइट राइडर्स के खिलाफ वानखेड़े स्टेडियम में सात जीत का सिलसिला भी शामिल है।
लगातार हार से बढ़ा दबाव
पंजाब किंग्स ने इस सीजन की शुरुआत काफी आत्मविश्वास के साथ की थी। श्रेयस अय्यर की कप्तानी में टीम संतुलित नजर आ रही थी और बल्लेबाजी के साथ गेंदबाजी भी प्रभावी दिखाई दे रही थी। हालांकि पिछले कुछ मुकाबलों में टीम दबाव में नजर आई। खासकर हैदराबाद के खिलाफ मैचों में टीम लगातार अपनी रणनीति बदलने के बावजूद जीत हासिल नहीं कर पा रही है। इससे खिलाड़ियों और टीम प्रबंधन दोनों पर दबाव बढ़ता दिखाई दे रहा है।
रिकॉर्ड टूटना फिलहाल मुश्किल
आईपीएल के मौजूदा प्रारूप को देखें तो यह रिकॉर्ड लंबे समय तक कायम रह सकता है। एक सीजन में ज्यादातर टीमों का किसी विरोधी टीम के घरेलू मैदान पर केवल एक मुकाबला होता है। ऐसे में लगातार इतने वर्षों तक किसी टीम का जीतना और दूसरी टीम का हारना बेहद दुर्लभ माना जाता है। क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले कुछ वर्षों में इस रिकॉर्ड को तोड़ना किसी भी टीम के लिए आसान नहीं होगा।
2027 में रहेगा सबकी नजर
अब सभी की नजर अगले सीजन पर होगी, जब पंजाब किंग्स फिर हैदराबाद के मैदान पर उतरेगी। अगर टीम अगले साल भी जीत हासिल नहीं कर पाती, तो यह हार का सिलसिला और लंबा हो जाएगा। दूसरी ओर सनराइजर्स हैदराबाद अपने घरेलू मैदान पर लगातार मजबूत प्रदर्शन करती रही है। टीम की गेंदबाजी और बल्लेबाजी दोनों विभाग यहां संतुलित दिखाई देते हैं, जिसका फायदा उसे हर सीजन में मिलता रहा है।
प्लेऑफ की दौड़ में पंजाब के सामने चुनौती
लगातार हार का असर पंजाब किंग्स की प्लेऑफ संभावनाओं पर भी पड़ सकता है। शुरुआती बढ़त के बावजूद अब टीम को बाकी मुकाबलों में बेहतर प्रदर्शन करना होगा। कप्तान श्रेयस अय्यर और टीम प्रबंधन की कोशिश होगी कि खिलाड़ी इस रिकॉर्ड के दबाव से बाहर निकलकर अगले मैचों में सकारात्मक प्रदर्शन करें। आईपीएल जैसे लंबे टूर्नामेंट में वापसी की संभावना हमेशा बनी रहती है, लेकिन इसके लिए लगातार जीत जरूरी होगी।