Bollywood – ‘धुरंधर’ को लेकर मोहन कपूर ने रखी अलग राय
Bollywood – आदित्य धर की चर्चित फिल्म ‘धुरंधर’ इन दिनों लगातार चर्चा में बनी हुई है। फिल्म के दोनों हिस्सों को लेकर दर्शकों और समीक्षकों की राय बंटी हुई दिखाई दे रही है। जहां एक तरफ बड़ी संख्या में दर्शक फिल्म की कहानी और प्रस्तुति की सराहना कर रहे हैं, वहीं कुछ लोग इसे लेकर सवाल भी उठा रहे हैं। इसी बीच अभिनेता मोहन कपूर ने फिल्म पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा है कि उन्हें इसकी लोकप्रियता का स्तर थोड़ा असामान्य लगता है।

थिएटर में अकेले जाकर देखी फिल्म
एक बातचीत के दौरान मोहन कपूर ने बताया कि उन्होंने ‘धुरंधर’ का दूसरा भाग रिलीज होने से पहले अकेले थिएटर में जाकर देखा था। उनके मुताबिक यह शायद पहली बार था जब उन्होंने किसी फिल्म को अकेले बैठकर देखा। फिल्म खत्म होने के बाद वह इस बात को लेकर उलझन में थे कि आखिर लोग इसकी इतनी अधिक तारीफ क्यों कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि कई बार किसी फिल्म को लेकर इतना ज्यादा माहौल बना दिया जाता है कि उनकी उम्मीदें अलग स्तर पर पहुंच जाती हैं। यही वजह है कि वे आमतौर पर उन फिल्मों को तुरंत नहीं देखते जिनके बारे में हर तरफ बहुत चर्चा हो रही हो। उनका मानना है कि समय बीतने के बाद किसी फिल्म को शांत माहौल में देखना ज्यादा बेहतर अनुभव देता है।
कहानी कहने के तरीके की तारीफ
हालांकि मोहन कपूर ने फिल्म के निर्माण और लेखन की तारीफ भी की। उनका कहना था कि फिल्म को बेहद समझदारी से लिखा गया है। उन्होंने कहा कि कहानी को इस तरह पेश किया गया है जिससे दर्शकों के बीच बहस भी पैदा होती है और फिल्म को लेकर उत्सुकता भी बनी रहती है।
मोहन कपूर के अनुसार फिल्म में कुछ वास्तविक घटनाओं की झलक दिखाई देती है, लेकिन साथ ही निर्माता यह भी स्पष्ट कर देते हैं कि यह किसी सच्ची घटना का आधिकारिक चित्रण नहीं है। उनका कहना था कि यही संतुलन फिल्म को अलग बनाता है। उन्होंने यह भी कहा कि फिल्म के कई दृश्य दर्शकों को वास्तविकता के करीब महसूस कराते हैं, जबकि कहानी पूरी तरह सिनेमाई अंदाज में आगे बढ़ती है।
फिल्म की कहानी और विवाद
‘धुरंधर’ एक स्पाई थ्रिलर फिल्म है जिसमें रणवीर सिंह ने भारतीय एजेंट हमजा अली मजारी का किरदार निभाया है। फिल्म में जासूसी, अंतरराष्ट्रीय घटनाओं और राजनीतिक तनाव से जुड़े कई दृश्य दिखाए गए हैं। कुछ हिस्सों में वास्तविक घटनाओं के फुटेज का भी इस्तेमाल किया गया है, जिन्हें कहानी के साथ जोड़कर पेश किया गया है।
फिल्म रिलीज होने के बाद सोशल मीडिया पर इसे लेकर बहस शुरू हो गई थी। कुछ दर्शकों ने इसकी सिनेमैटिक प्रस्तुति और तकनीकी गुणवत्ता की तारीफ की, जबकि कुछ लोगों ने इसे प्रोपेगैंडा शैली की फिल्म बताया। हालांकि इन चर्चाओं का बॉक्स ऑफिस प्रदर्शन पर कोई बड़ा असर देखने को नहीं मिला।
दर्शकों का मजबूत समर्थन
विवादों और आलोचनाओं के बावजूद ‘धुरंधर’ को सिनेमाघरों में अच्छा प्रतिसाद मिला है। दोनों पार्ट्स ने टिकट खिड़की पर मजबूत कमाई की और कई रिकॉर्ड भी बनाए। फिल्म की सिनेमैटोग्राफी, बैकग्राउंड स्कोर और एक्शन सीक्वेंस को दर्शकों ने खास तौर पर पसंद किया है।
फिल्म इंडस्ट्री के जानकारों का मानना है कि मौजूदा दौर में ऐसी फिल्मों को दर्शक ज्यादा ध्यान से देखते हैं जिनमें वास्तविक घटनाओं की झलक हो और कहानी को बड़े पैमाने पर पेश किया गया हो। ‘धुरंधर’ ने इसी फॉर्मूले पर काम करते हुए दर्शकों के बीच अपनी अलग पहचान बनाई है।