ChestPain – जानें सीने के दर्द में कैसे समझें घबराहट और हार्ट अटैक का फर्क…
ChestPain – सीने में अचानक दर्द उठने पर अधिकतर लोग घबरा जाते हैं और सबसे पहले हार्ट अटैक का डर सताने लगता है। हालांकि हर बार सीने का दर्द दिल की बीमारी का संकेत नहीं होता। कई मामलों में अत्यधिक तनाव, घबराहट या एंग्जाइटी के कारण भी सीने में दर्द और बेचैनी महसूस हो सकती है। यही वजह है कि लोग अक्सर समझ नहीं पाते कि दर्द मानसिक तनाव की वजह से है या किसी गंभीर हृदय समस्या का संकेत।

स्वास्थ्य विशेषज्ञों के अनुसार, दोनों स्थितियों के कुछ लक्षण अलग होते हैं जिन्हें पहचानना जरूरी है। सही समय पर अंतर समझना और जरूरत पड़ने पर डॉक्टर से सलाह लेना स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।
एंग्जाइटी के दौरान कैसा महसूस होता है दर्द
डॉक्टरों के मुताबिक, घबराहट या तनाव की स्थिति में सीने में अचानक तेज चुभन जैसा दर्द हो सकता है। यह दर्द अक्सर सीने के किसी एक हिस्से तक सीमित रहता है और कई बार इसके साथ तेज सांस चलना, घबराहट या पसीना आने जैसी समस्याएं भी महसूस हो सकती हैं।
विशेषज्ञ बताते हैं कि एंग्जाइटी से जुड़ा दर्द कुछ समय शांत बैठने, गहरी सांस लेने या मानसिक तनाव कम होने पर हल्का पड़ सकता है। कई लोगों में यह स्थिति पैनिक अटैक के दौरान भी देखने को मिलती है, जहां शरीर तनाव पर तेज प्रतिक्रिया देता है।
हार्ट अटैक के दर्द में दिखते हैं अलग संकेत
हृदय रोग विशेषज्ञों के अनुसार, हार्ट अटैक का दर्द सामान्य घबराहट से अलग हो सकता है। इसमें सीने में दबाव, भारीपन या जकड़न महसूस होती है। यह दर्द केवल एक हिस्से तक सीमित नहीं रहता, बल्कि कंधों, हाथों, पीठ और जबड़े तक फैल सकता है।
इसके साथ सांस फूलना, ठंडा पसीना आना, चक्कर महसूस होना, उल्टी या कमजोरी जैसे लक्षण भी दिखाई दे सकते हैं। डॉक्टरों का कहना है कि हार्ट अटैक के दौरान दर्द लगातार बढ़ सकता है और आराम करने या गहरी सांस लेने से इसमें राहत नहीं मिलती।
किन लोगों को ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत
विशेषज्ञों का मानना है कि कुछ लोगों में दिल से जुड़ी समस्याओं का खतरा अधिक होता है। हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, बढ़ा हुआ कोलेस्ट्रॉल, मोटापा और पहले से मौजूद हृदय रोग वाले लोगों को सीने के दर्द को हल्के में नहीं लेना चाहिए।
इसके अलावा धूम्रपान करने वालों और परिवार में दिल की बीमारी का इतिहास रखने वाले लोगों को भी सावधानी बरतने की सलाह दी जाती है। वहीं जिन लोगों को लगातार तनाव या एंग्जाइटी की समस्या रहती है, उन्हें मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ से सलाह लेने की जरूरत पड़ सकती है।
कब तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए
यदि सीने का दर्द लगातार बढ़ रहा हो या शरीर के दूसरे हिस्सों तक फैलने लगे, तो तुरंत चिकित्सा सहायता लेना जरूरी माना जाता है। सांस लेने में तकलीफ, ठंडा पसीना, बेहोशी, चक्कर या उल्टी जैसे लक्षण भी गंभीर स्थिति का संकेत हो सकते हैं।
डॉक्टरों का कहना है कि केवल अनुमान के आधार पर सीने के दर्द को एंग्जाइटी मान लेना जोखिम भरा हो सकता है। थोड़ी भी शंका होने पर जांच करवाना सुरक्षित विकल्प माना जाता है।
तनाव कम रखना भी है जरूरी
विशेषज्ञों के अनुसार, लगातार मानसिक तनाव शरीर और दिल दोनों पर असर डाल सकता है। पर्याप्त नींद, संतुलित भोजन, नियमित व्यायाम और समय-समय पर स्वास्थ्य जांच से कई समस्याओं के खतरे को कम किया जा सकता है।
हालांकि किसी भी तरह के सीने के दर्द को लेकर खुद से निष्कर्ष निकालने के बजाय डॉक्टर की सलाह लेना सबसे जरूरी माना जाता है। समय पर पहचान और सही इलाज गंभीर स्थिति से बचाने में मदद कर सकता है।