EquitasSFB – मजबूत नतीजों के बाद शेयर पर बढ़ा ब्रोकरेज का भरोसा
EquitasSFB – शुक्रवार के कारोबारी सत्र में इक्विटास स्मॉल फाइनेंस बैंक के शेयरों में उल्लेखनीय तेजी देखने को मिली। निवेशकों की खरीदारी बढ़ने से बैंक का शेयर 7 प्रतिशत से अधिक चढ़ गया और अपने 52 सप्ताह के उच्च स्तर के करीब पहुंच गया। कारोबार के दौरान शेयर ने 76.15 रुपये का स्तर छुआ, जबकि इसका एक वर्ष का उच्चतम स्तर 76.90 रुपये दर्ज किया गया था।

बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि हालिया वित्तीय प्रदर्शन और प्रबंधन की ओर से दिए गए सकारात्मक संकेतों ने निवेशकों का भरोसा मजबूत किया है। यही वजह है कि कई प्रमुख ब्रोकरेज फर्मों ने भी इस बैंकिंग शेयर पर सकारात्मक रुख अपनाया है।
ब्रोकरेज हाउस ने बढ़ाए लक्ष्य
विभिन्न ब्रोकरेज संस्थानों ने बैंक के शेयर को लेकर आशावादी दृष्टिकोण व्यक्त किया है। सिस्टेमैटिक्स ने शेयर पर ‘Buy’ रेटिंग बरकरार रखते हुए 80 रुपये का लक्ष्य मूल्य निर्धारित किया है।
वहीं, एमके ग्लोबल ने भी निवेशकों को शेयर खरीदने की सलाह दी है और 75 रुपये का लक्ष्य रखा है। जेएम फाइनेंशियल ने अपने पुराने अनुमान को संशोधित करते हुए लक्ष्य मूल्य 65 रुपये से बढ़ाकर 77 रुपये कर दिया है। दूसरी ओर, मोतीलाल ओसवाल ने सबसे अधिक 85 रुपये का लक्ष्य मूल्य तय किया है।
प्रबंधन की स्थिरता पर जताया भरोसा
विश्लेषकों के अनुसार, बैंक के नेतृत्व को लेकर स्पष्टता ने भी निवेशकों की धारणा को सकारात्मक बनाया है। सिस्टेमैटिक्स की रिपोर्ट में कहा गया है कि बैंक प्रबंधन ने नेतृत्व की निरंतरता को लेकर भरोसा जताया है।
रिपोर्ट के मुताबिक, प्रबंध निदेशक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी पी.एन. वासुदेवन बैंक का नेतृत्व जारी रखने के इच्छुक हैं। नियामकीय प्रावधानों के तहत उन्हें आगे भी कार्यकाल विस्तार मिलने की संभावना बताई जा रही है। इससे बैंक की दीर्घकालिक रणनीति और संचालन को स्थिरता मिलने की उम्मीद है।
यूनिवर्सल बैंक लाइसेंस पर सतर्क रुख
बैंक फिलहाल यूनिवर्सल बैंकिंग लाइसेंस हासिल करने को लेकर जल्दबाजी के पक्ष में नहीं दिख रहा है। प्रबंधन का मानना है कि नियामकीय स्तर पर और अधिक विश्वास बनने के बाद ही इस दिशा में अगला कदम उठाया जाएगा।
विशेषज्ञों का कहना है कि बैंक की मौजूदा स्थिति मजबूत है और वह धीरे-धीरे अपने परिचालन का विस्तार कर रहा है। ऐसे में जल्दबाजी के बजाय चरणबद्ध विकास रणनीति को प्राथमिकता दी जा रही है।
ऋण पोर्टफोलियो और परिसंपत्ति गुणवत्ता बनी ताकत
एमके ग्लोबल की रिपोर्ट के अनुसार, बैंक का विविधीकृत ऋण पोर्टफोलियो और नियंत्रित गैर-निष्पादित परिसंपत्ति अनुपात इसकी प्रमुख ताकतों में शामिल हैं। बैंक का सकल एनपीए अनुपात 3 प्रतिशत से नीचे बना हुआ है, जो परिसंपत्ति गुणवत्ता के लिहाज से सकारात्मक संकेत माना जाता है।
विश्लेषकों का मानना है कि मजबूत जोखिम प्रबंधन और संतुलित ऋण वितरण नीति बैंक को भविष्य में और बेहतर प्रदर्शन करने में मदद कर सकती है।
मार्च तिमाही में रिकॉर्ड मुनाफा
वित्त वर्ष की मार्च तिमाही बैंक के लिए बेहद मजबूत रही। इस अवधि में बैंक ने 213 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ दर्ज किया, जो अब तक का उसका सर्वाधिक तिमाही मुनाफा माना जा रहा है।
यह लाभ पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 406 प्रतिशत अधिक रहा। वहीं, पिछली तिमाही के मुकाबले भी लाभ में 136 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। बैंक का नेट इंटरेस्ट मार्जिन बढ़कर 7.29 प्रतिशत हो गया, जो उसकी आय क्षमता में सुधार का संकेत देता है।
इसके अलावा बैंक की कुल आय में भी सालाना और तिमाही आधार पर अच्छी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। मजबूत वित्तीय प्रदर्शन और सकारात्मक ब्रोकरेज रिपोर्ट्स के चलते निवेशकों की नजर अब आने वाली तिमाहियों के प्रदर्शन पर बनी हुई है।