MonsoonRain – प्रयागराज में झमाझम बारिश से मौसम सुहाना, कई इलाकों में हुआ जलभराव
MonsoonRain – प्रयागराज में मानसून ने अब पूरी तरह रफ्तार पकड़ ली है। गुरुवार को हुई लगातार बारिश ने एक ओर लोगों को उमस और तेज गर्मी से राहत दिलाई, वहीं दूसरी ओर शहर के कई हिस्सों में जलभराव की समस्या भी पैदा कर दी। सुबह करीब 11 बजे शुरू हुई बारिश धीरे-धीरे तेज होती गई और रात तक रुक-रुक कर वर्षा का सिलसिला जारी रहा। मौसम विभाग के अनुसार, दिनभर में 2.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई। बारिश के कारण कई प्रमुख सड़कों पर पानी भर गया, जिससे यातायात प्रभावित हुआ और लोगों को आवागमन में दिक्कतों का सामना करना पड़ा।

तापमान में दर्ज हुई गिरावट
बारिश का असर शहर के तापमान पर भी साफ दिखाई दिया। गुरुवार को अधिकतम तापमान 32.6 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया, जबकि एक दिन पहले यह 34.4 डिग्री सेल्सियस था। यानी 24 घंटे के भीतर तापमान में 1.8 डिग्री सेल्सियस की कमी दर्ज की गई। मौसम विभाग का अनुमान है कि 10 से 15 जुलाई के बीच आसमान में बादल छाए रहेंगे और बीच-बीच में बारिश की संभावना बनी रहेगी।
मौसम विभाग ने जताई बारिश जारी रहने की संभावना
मौसम वैज्ञानिक प्रो. शैलेंद्र राय के अनुसार, उत्तर प्रदेश के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र सक्रिय है और बंगाल की खाड़ी से लगातार नमी मिलने के कारण मानसूनी गतिविधियां मजबूत बनी हुई हैं। यही वजह है कि अगले तीन से चार दिनों तक बारिश का दौर जारी रहने की संभावना है। बादलों की मौजूदगी के चलते तेज धूप निकलने की संभावना भी कम है, जिससे तापमान में और गिरावट आ सकती है।
किसानों के लिए राहत लेकर आई बारिश
हालिया वर्षा को जिले के किसानों के लिए राहत भरी खबर माना जा रहा है। लंबे समय से गर्मी और उमस के कारण खेती का काम प्रभावित हो रहा था। अब पर्याप्त नमी मिलने से धान की रोपाई और अन्य कृषि कार्यों में तेजी आने की उम्मीद है। कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि समय पर हुई बारिश से फसलों की बेहतर वृद्धि और उत्पादन में भी मदद मिलेगी।
आधे घंटे की बारिश में कई इलाके जलमग्न
मानसून की पहली तेज बारिश ने शहर की जल निकासी व्यवस्था की भी परीक्षा ले ली। लगभग आधे घंटे की तेज वर्षा के बाद कई मोहल्लों और मुख्य मार्गों पर पानी भर गया। कोठापार्चा, जाफरी कॉलोनी, अकबरपुर और खुल्दाबाद जैसे इलाकों में सड़कों और निचले हिस्सों में दो से पांच फीट तक पानी जमा होने की सूचना मिली। कई स्थानों पर दुकानों और मकानों में भी पानी प्रवेश कर गया, जिससे लोगों को नुकसान उठाना पड़ा।
प्रमुख मार्गों पर यातायात हुआ प्रभावित
बारिश के बाद निरंजन डॉट पुल, मेडिकल चौराहा, रामबाग आरओबी, बड़ा डाकघर चौराहा, लाउदर रोड, दयानंद मार्ग, मिश्रा भवन चौराहा और बाई का बाग सहित कई क्षेत्रों में जलभराव की स्थिति बनी रही। कई सड़कों पर वाहनों की आवाजाही धीमी हो गई और लोगों को वैकल्पिक मार्गों का सहारा लेना पड़ा। स्थानीय नागरिकों ने जल निकासी व्यवस्था को लेकर भी चिंता जताई।
नगर निगम के दावों पर उठे सवाल
तेज बारिश के बाद कई इलाकों में जलभराव होने से नगर निगम की नाला सफाई व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं। जिन क्षेत्रों में हर वर्ष पानी भरने की समस्या सामने आती है, वहां इस बार भी स्थिति में विशेष सुधार नहीं दिखा। स्थानीय लोगों का कहना है कि बारिश के दौरान जल निकासी की बेहतर व्यवस्था होने से ऐसी परेशानी काफी हद तक कम की जा सकती है।