Politics – भरत तिवारी मामले पर पप्पू यादव ने दोहराई CBI जांच की मांग
Politics – पूर्णिया से निर्दलीय सांसद और कांग्रेस नेता राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने भरत तिवारी की कथित पुलिस मुठभेड़ के मामले में एक बार फिर अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस प्रकरण की स्वतंत्र और निष्पक्ष जांच कराने की आवश्यकता बताते हुए CBI जांच की मांग दोहराई। साथ ही उन्होंने राज्य की कानून-व्यवस्था और मामले से जुड़े घटनाक्रम पर अपनी राजनीतिक टिप्पणी भी की। उनके बयान के बाद इस मुद्दे को लेकर राजनीतिक बहस एक बार फिर तेज हो गई है।

पुलिस और सरकार पर लगाए आरोप
मीडिया से बातचीत के दौरान पप्पू यादव ने बिहार पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए और तीखी टिप्पणी की। उन्होंने राज्य सरकार के एक मंत्री पर भी निशाना साधते हुए उनके बयानों की आलोचना की। सांसद ने कहा कि इस पूरे मामले की सच्चाई सामने लाने के लिए निष्पक्ष एजेंसी से जांच कराना जरूरी है। हालांकि सरकार या पुलिस की ओर से उनके आरोपों पर तत्काल कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है।
CBI जांच की मांग दोहराई
पप्पू यादव ने कहा कि भरत तिवारी की मौत से जुड़े सभी तथ्यों की पारदर्शी जांच होनी चाहिए। उनके अनुसार, यदि मामले की जांच CBI जैसी स्वतंत्र एजेंसी करेगी तो लोगों के बीच उठ रहे सवालों का स्पष्ट जवाब मिल सकेगा। उन्होंने यह भी कहा कि निष्पक्ष जांच से ही पूरे घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति सामने आएगी और सभी पक्षों का भरोसा मजबूत होगा।
कई राजनीतिक मुद्दों पर भी रखी राय
भरत तिवारी प्रकरण पर बोलने के साथ-साथ पप्पू यादव ने राज्य की मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों पर भी अपनी राय रखी। बातचीत के दौरान उन्होंने विभिन्न राजनीतिक नेताओं और प्रदेश के समसामयिक मुद्दों का भी उल्लेख किया। उनके बयान को लेकर राजनीतिक दलों के बीच अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आने की संभावना जताई जा रही है। फिलहाल इस मामले में किसी नए राजनीतिक निर्णय या संयुक्त रुख की आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है।
जांच प्रक्रिया जारी, आधिकारिक रिपोर्ट का इंतजार
भरत तिवारी से जुड़े मामले में संबंधित एजेंसियों की जांच पहले से जारी है। पुलिस का कहना है कि सभी उपलब्ध साक्ष्यों और तथ्यों के आधार पर निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार जांच की जा रही है। दूसरी ओर, विभिन्न राजनीतिक दल और जनप्रतिनिधि अपने-अपने स्तर पर प्रतिक्रिया दे रहे हैं। मामले को लेकर अंतिम स्थिति जांच पूरी होने और आधिकारिक रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।