StockMarket – शुरुआती बढ़त के बाद धीमी हुई शेयर बाजार की रफ्तार
StockMarket – घरेलू शेयर बाजार में गुरुवार को कारोबार की शुरुआत मजबूती के साथ हुई, लेकिन कुछ ही घंटों बाद शुरुआती उत्साह कमजोर पड़ता दिखाई दिया। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में अच्छी बढ़त दर्ज की गई थी, हालांकि बाद में बाजार सीमित दायरे में कारोबार करता नजर आया। निवेशकों की नजर वैश्विक संकेतों, विदेशी निवेशकों की गतिविधियों और अंतरराष्ट्रीय राजनीतिक घटनाक्रमों पर बनी हुई है।

शुरुआती कारोबार में दिखी तेजी
बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का प्रमुख सूचकांक सेंसेक्स सुबह कारोबार शुरू होते ही 300 से अधिक अंकों की मजबूती के साथ खुला। वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी शुरुआती सत्र में अच्छी बढ़त के साथ आगे बढ़ा। बाजार खुलने के बाद बैंकिंग, आईटी और ऑटो सेक्टर के शेयरों में खरीदारी देखने को मिली। हालांकि कारोबार बढ़ने के साथ बाजार की तेजी सीमित होती चली गई।
बढ़त कम होने से निवेशकों में सतर्कता
सुबह की मजबूत शुरुआत के बाद सेंसेक्स की बढ़त घटकर करीब 166 अंकों तक सिमट गई। इसी दौरान निफ्टी भी सीमित बढ़त के साथ कारोबार करता रहा। बाजार विशेषज्ञों का कहना है कि विदेशी निवेशकों की बिकवाली और वैश्विक तनाव के कारण निवेशक फिलहाल सतर्क रुख अपना रहे हैं। अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव का असर भी बाजार की धारणा पर पड़ता दिख रहा है।
रुपये में कमजोरी बनी चिंता
शेयर बाजार की हलचल के बीच भारतीय मुद्रा में भी दबाव देखने को मिला। डॉलर के मुकाबले रुपया रिकॉर्ड निचले स्तर के करीब पहुंच गया। मुद्रा बाजार में कमजोरी को लेकर आयात आधारित कंपनियों और विदेशी निवेश को लेकर चिंताएं बढ़ी हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि यदि वैश्विक स्तर पर डॉलर मजबूत बना रहता है तो रुपये पर दबाव आगे भी जारी रह सकता है।
वैश्विक बाजारों से मिले सकारात्मक संकेत
एशियाई बाजारों में गुरुवार को मिश्रित लेकिन सकारात्मक माहौल देखने को मिला। जापान और दक्षिण कोरिया के बाजारों में बढ़त दर्ज की गई, जबकि हांगकांग के बाजार से भी मजबूत संकेत मिले। इसका असर भारतीय बाजार की शुरुआत में दिखाई दिया। बाजार विश्लेषकों के अनुसार वैश्विक संकेत फिलहाल भारतीय निवेशकों के लिए सहारा बने हुए हैं, लेकिन अंतरराष्ट्रीय राजनीतिक घटनाएं निवेशकों की चिंता बढ़ा रही हैं।
ट्रंप और शी जिनपिंग की बैठक पर नजर
अंतरराष्ट्रीय बाजार में अमेरिका और चीन से जुड़े घटनाक्रम भी अहम बने हुए हैं। निवेशकों की नजर अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग के बीच संभावित बातचीत पर है। माना जा रहा है कि यदि दोनों देशों के बीच व्यापार और कूटनीतिक संबंधों को लेकर सकारात्मक संकेत मिलते हैं तो इसका असर वैश्विक बाजारों पर पड़ सकता है।
तकनीकी स्तरों पर बनी नजर
बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक निफ्टी के लिए 23,350 का स्तर महत्वपूर्ण माना जा रहा है। इसके नीचे जाने पर बाजार में दबाव बढ़ सकता है। वहीं 23,500 से 23,600 के बीच मजबूत प्रतिरोध देखा जा रहा है। सेंसेक्स के लिए 75,000 का स्तर फिलहाल अहम बना हुआ है। विश्लेषकों का कहना है कि इस स्तर के ऊपर मजबूती मिलने पर बाजार में फिर तेजी लौट सकती है, जबकि नीचे बने रहने पर उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है।