झारखण्ड

Ranchi Anti Encroachment Drive 2025: रांची की सड़कों पर दौड़ा निगम का पीला पंजा, क्या अब शहर को मिलेगी जाम से मुक्ति…

Ranchi Anti Encroachment Drive 2025: झारखंड की राजधानी रांची में इन दिनों प्रशासन का सख्त रुख देखने को मिल रहा है, जहां अवैध कब्जों पर बुलडोजर का प्रहार लगातार जारी है। शुक्रवार को रांची नगर निगम की इन्फोर्समेंट टीम ने ट्रैफिक पुलिस के साथ मिलकर कांटाटोली जैसे व्यस्ततम इलाके में (Urban Infrastructure Development) को गति देने के उद्देश्य से एक बड़ा अभियान छेड़ा। मौलाना आजाद कॉलोनी चौक से लेकर कांटाटोली चौक तक सड़क के दोनों किनारों पर पसरे अतिक्रमण को पूरी तरह ध्वस्त कर दिया गया, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल रहा।

ranchi-anti-encroachment
ranchi-anti-encroachment
WhatsApp Group Join Now

दो दर्जन से अधिक अवैध निर्माण जमींदोज

निगम की इस कार्रवाई के दौरान उन अस्थायी ढांचों को निशाना बनाया गया जो लंबे समय से यातायात में बाधा उत्पन्न कर रहे थे। अभियान के तहत (Demolition of Illegal Structures) की प्रक्रिया अपनाते हुए लगभग दो दर्जन से अधिक गुमटियों, ठेले और खोंमचों को मौके से हटाया गया। नगर निगम का दावा है कि इस कार्रवाई के बाद कांटाटोली मार्ग अब पूरी तरह से अतिक्रमण मुक्त हो गया है, जिससे राहगीरों और वाहन चालकों को जाम की समस्या से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

दोबारा दुकान सजाने वालों को अंतिम चेतावनी

निगम की टीम ने केवल अतिक्रमण हटाया ही नहीं, बल्कि भविष्य के लिए सख्त हिदायत भी जारी की है। सड़क के किनारे अवैध रूप से व्यापार करने वाले (Street Vending Regulations) का उल्लंघन करने वालों को चेतावनी दी गई है कि यदि वे दोबारा उसी स्थान पर अपनी दुकानें सजाते हैं, तो उनके विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। निगम ने स्पष्ट किया है कि मुख्य सड़कों और नालियों पर किसी भी तरह का कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा, क्योंकि यह सार्वजनिक व्यवस्था के लिए खतरा है।

अवैध विज्ञापनों पर निगम का बड़ा जुर्माना

अतिक्रमण के साथ-साथ रांची नगर निगम की बाजार शाखा ने शहर की सुंदरता बिगाड़ने वाले अवैध होर्डिंग्स और पोस्टरों के खिलाफ भी मोर्चा खोल दिया है। जांच के दौरान (Advertising Compliance Standards) की धज्जियां उड़ाने वाले आठ बड़े संस्थानों को चिह्नित किया गया, जिन्होंने बिना किसी अनुमति के शहर के मुख्य हिस्सों में बैनर और फ्लैक्स लगाए थे। इन सभी फर्मों पर भारी अर्थदंड लगाते हुए निगम ने अपनी सख्ती का परिचय दिया है।

आठ प्रतिष्ठानों पर दो लाख का अर्थदंड

निगम ने नियमों का उल्लंघन करने वाले प्रत्येक प्रतिष्ठान पर 25 हजार रुपये का जुर्माना लगाया है, जिससे कुल वसूली दो लाख रुपये तक पहुंच गई है। अधिकारियों ने साफ कर दिया है कि (Revenue Leakage Prevention) के तहत यह कार्रवाई की गई है, क्योंकि बिना निगम प्रशासक या कार्यपालक पदाधिकारी की लिखित अनुमति के विज्ञापन लगाना पूरी तरह निषेध है। ऐसे विज्ञापनों को तुरंत हटाते हुए संबंधित संस्थाओं को नोटिस भी थमाया गया है।

शहरवासियों से सहयोग की अपील

नगर निगम ने इस अभियान के माध्यम से रांची की जनता से भी विशेष अपील की है कि वे शहर के विकास में भागीदार बनें। सड़क और नालियों पर अतिक्रमण न करना न केवल (Civic Responsibility Awareness) का हिस्सा है, बल्कि यह मानसून के दौरान जलजमाव की समस्या को रोकने में भी सहायक होता है। निगम ने नागरिकों को जागरूक करते हुए कहा कि एक व्यवस्थित शहर ही सबकी प्रगति का आधार बन सकता है, इसलिए नियमों का पालन करना अनिवार्य है।

भविष्य में और भी तेज होगी कार्रवाई

प्रशासन के तेवरों को देखकर यह स्पष्ट है कि आने वाले दिनों में रांची के अन्य हिस्सों में भी इसी तरह का अभियान चलाया जाएगा। ट्रैफिक पुलिस और निगम की (Joint Law Enforcement) टीमें अब उन संवेदनशील इलाकों की सूची तैयार कर रही हैं, जहां अतिक्रमण के कारण हर दिन हजारों लोग जाम में फंसते हैं। नगर निगम का लक्ष्य है कि राजधानी को एक आधुनिक और सुव्यवस्थित स्वरूप दिया जाए, जिसमें पैदल चलने वालों के लिए सुरक्षित फुटपाथ उपलब्ध हों।

जाम मुक्त रांची का सपना होगा साकार

कांटाटोली में हुई इस प्रभावी कार्रवाई के बाद स्थानीय लोगों ने भी राहत की सांस ली है। सड़क चौड़ीकरण और (Traffic Congestion Management) के प्रयासों को सफल बनाने के लिए इस तरह के कड़े कदमों की लंबे समय से मांग की जा रही थी। अब देखना यह होगा कि निगम इस अतिक्रमण मुक्त स्थिति को कितने समय तक बरकरार रख पाता है और शहर के अन्य हिस्सों में बुलडोजर का यह ‘पीला पंजा’ कब अपना असर दिखाता है।

Related Articles

Back to top button

Adblock Detected

Please remove AdBlocker first, and then watch everything easily.