Baruipur – दुष्कर्म-हत्या मामले में 72 घंटे में रिपोर्ट तलब, हिंसा पर सख्त रुख…
Baruipur- दक्षिण 24 परगना के बारुईपुर में सामने आए दुष्कर्म और हत्या के मामले को लेकर राजनीतिक और प्रशासनिक गतिविधियां तेज हो गई हैं। मामले की गंभीरता को देखते हुए शुभेंदु अधिकारी ने राज्य के पुलिस महानिदेशक से 72 घंटे के भीतर विस्तृत रिपोर्ट देने को कहा है। उन्होंने यह भी कहा कि घटना के बाद हुई हिंसा में जान गंवाने वाले युवक के बारे में पुलिस ने उन्हें बताया है कि वह निर्दोष था और उसे भी न्याय मिलना चाहिए। साथ ही प्रदर्शन के दौरान सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के संकेत दिए गए हैं।

पीड़ित परिवारों से मुलाकात के बाद दिए निर्देश
दक्षिण 24 परगना में पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंचकर शुभेंदु अधिकारी ने पीड़िता के परिजनों से मुलाकात की और मामले की जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने कहा कि शुरुआती स्तर पर पूरे घटनाक्रम की समीक्षा की गई है। उनके अनुसार, यदि शिकायत दर्ज होने के बाद पुलिस या किसी अन्य स्तर पर कार्रवाई में लापरवाही या अनावश्यक देरी पाई जाती है तो संबंधित अधिकारियों के खिलाफ उचित कदम उठाए जाएंगे।
भीड़ हिंसा में मारे गए युवक का भी होगा न्याय
उन्होंने कहा कि भीड़ की हिंसा में जान गंवाने वाले इंद्रजीत मंडल के संबंध में पुलिस की प्रारंभिक जानकारी यही है कि उनका मामले से कोई संबंध नहीं था। अधिकारी ने बताया कि उन्होंने मंडल के परिवार से भी मुलाकात की है और उन्हें भरोसा दिलाया है कि निष्पक्ष जांच के आधार पर न्याय सुनिश्चित किया जाएगा। उन्होंने यह भी कहा कि पीड़िता के परिजन अब तक जांच की प्रगति से संतुष्ट नजर आए हैं।
प्रदर्शन के दौरान हुई तोड़फोड़ पर कार्रवाई
शुभेंदु अधिकारी ने कहा कि विरोध-प्रदर्शन के दौरान सरकारी वाहनों, रेलवे संपत्ति और अन्य सार्वजनिक संसाधनों को नुकसान पहुंचाने वाले लगभग 200 लोगों की पहचान की जा चुकी है। उनके अनुसार, कानून के दायरे में रहते हुए सभी के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने की अनुमति किसी भी परिस्थिति में नहीं दी जा सकती।
हिंसा भड़काने के आरोपों की भी जांच
उन्होंने दावा किया कि जांच एजेंसियां उन लोगों की भूमिका की भी पड़ताल कर रही हैं जिन पर पर्दे के पीछे से माहौल बिगाड़ने का आरोप है। उनके अनुसार, विशेष जांच एजेंसियां उपलब्ध साक्ष्यों और संचार रिकॉर्ड के आधार पर पूरे घटनाक्रम की जांच कर रही हैं। हालांकि, इस संबंध में आधिकारिक जांच पूरी होने के बाद ही अंतिम निष्कर्ष सामने आएंगे।
पुलिस चौकी और कानून के सख्त पालन पर जोर
अधिकारी ने बताया कि पीड़िता के परिवार ने सुरजापुर क्षेत्र में स्थायी पुलिस चौकी स्थापित करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि इस प्रस्ताव पर आगे आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। इसके अलावा उन्होंने राज्यभर के पुलिस अधिकारियों को भारतीय न्याय संहिता (BNS), POCSO Act और उच्चतम न्यायालय के दिशा-निर्देशों के अनुसार संवेदनशील मामलों की जांच और कार्रवाई को प्राथमिकता देने की जरूरत पर बल दिया, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।
दोनों परिवारों से दोबारा मिलेंगे
उन्होंने कहा कि पीड़िता और भीड़ हिंसा में जान गंवाने वाले युवक, दोनों परिवारों से फिर मुलाकात की जाएगी। मुआवजे और अन्य सहायता से जुड़े सुझावों पर विचार करने के बाद आवश्यक घोषणा की जाएगी। साथ ही पुलिस को निर्देश दिए गए हैं कि भीड़ हिंसा और हत्या के मामलों में कानून के अनुसार कठोर धाराओं के तहत कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।