Monsoon – यूपी में गर्मी का कहर जारी, मानसून की दस्तक का इंतजार…
Monsoon – उत्तर प्रदेश में भीषण गर्मी और उमस से लोगों की परेशानी लगातार बढ़ रही है। कई जिलों में तेज धूप, लू और धूल भरी आंधियों का असर देखने को मिल रहा है। मौसम में बदलाव के संकेत जरूर दिखाई दे रहे हैं, लेकिन फिलहाल राहत मिलने की संभावना सीमित है। मौसम विभाग का अनुमान है कि राज्य के अधिकांश हिस्सों में अगले कुछ दिनों तक तापमान ऊंचे स्तर पर बना रह सकता है और लोगों को गर्मी का सामना करना पड़ेगा।

राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में अधिकतम तापमान 42 से 44 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किया जा रहा है, जबकि कुछ स्थानों पर पारा 45 डिग्री के आसपास पहुंच चुका है। मौसम विशेषज्ञों का कहना है कि मानसून के आगमन से पहले गर्मी का प्रभाव और अधिक महसूस किया जा सकता है।
मानसून की प्रगति पर बनी हुई नजर
मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार, दक्षिण-पश्चिम मानसून अपनी सामान्य प्रगति के साथ आगे बढ़ रहा है और फिलहाल बिहार तक पहुंच चुका है। अनुमान लगाया जा रहा है कि 20 से 25 जून के बीच मानसून उत्तर प्रदेश में प्रवेश कर सकता है। शुरुआती दौर में अच्छी बारिश की संभावना भी व्यक्त की जा रही है, जिससे तापमान में गिरावट आ सकती है।
हालांकि विशेषज्ञों की चिंता मानसून की निरंतरता को लेकर है। यदि बारिश के दौर के बीच लंबा अंतराल आता है, तो इसका असर कृषि और जल उपलब्धता दोनों पर पड़ सकता है। इसी कारण मौसम विभाग लगातार परिस्थितियों पर निगरानी बनाए हुए है।
वायुमंडलीय परिस्थितियां बढ़ा रहीं चिंता
विशेषज्ञों के मुताबिक, उपग्रह से प्राप्त आंकड़ों के अध्ययन में कुछ ऐसे संकेत मिले हैं जिन पर मौसम वैज्ञानिक नजर रखे हुए हैं। पश्चिमी जेट स्ट्रीम की स्थिति सामान्य पैटर्न से अलग बताई जा रही है। इसका असर बादलों के निर्माण और मानसूनी हवाओं की गति पर पड़ सकता है।
मौसम से जुड़े जानकारों का मानना है कि यदि अनुकूल परिस्थितियां नहीं बनतीं तो बारिश की रफ्तार प्रभावित हो सकती है। हालांकि अभी किसी निश्चित निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी माना जा रहा है। विशेषज्ञों का कहना है कि आने वाले दिनों में मानसून की गतिविधियों से तस्वीर और स्पष्ट होगी।
प्रयागराज में सबसे अधिक तापमान दर्ज
प्रदेश में बुधवार को प्रयागराज सबसे गर्म जिलों में शामिल रहा। सुबह से ही तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों को बेहाल कर दिया। दोपहर के समय सड़कों पर आवाजाही कम दिखाई दी और लोग गर्मी से बचने के उपाय करते नजर आए।
दोपहर बाद मौसम में कुछ बदलाव देखने को मिला। कई क्षेत्रों में बादल छाए और धूल भरी आंधी चली। यमुनापार के कुछ इलाकों में बारिश भी दर्ज की गई, जिससे शाम के समय तापमान में थोड़ी राहत महसूस हुई। इसके बावजूद दिन का अधिकतम तापमान 45 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो प्रदेश में सबसे अधिक रहा।
रात का तापमान भी बढ़ा रहा परेशानी
दिन के साथ-साथ रात का तापमान भी लोगों के लिए चुनौती बना हुआ है। हाल के दिनों में न्यूनतम तापमान में वृद्धि दर्ज की गई है, जिससे रात के समय भी गर्मी का असर बना हुआ है। कई इलाकों में लोगों को पंखे और कूलर से भी पर्याप्त राहत नहीं मिल रही है।
मौसम विभाग के आंकड़ों के अनुसार, बीते 24 घंटों में रात के तापमान में हल्की बढ़ोतरी दर्ज की गई है। इससे उमस और अधिक महसूस की जा रही है, खासकर शहरी क्षेत्रों में जहां गर्मी का प्रभाव अपेक्षाकृत अधिक रहता है।
अगले कुछ दिन हीट वेव के आसार
मौसम विभाग ने संकेत दिए हैं कि 18 से 21 जून के बीच राज्य के कई हिस्सों में हीट वेव जैसी परिस्थितियां बनी रह सकती हैं। ऐसे में लोगों को दोपहर के समय अनावश्यक रूप से बाहर निकलने से बचने और पर्याप्त पानी पीने की सलाह दी गई है।
विशेषज्ञों का मानना है कि मानसून के राज्य में प्रवेश करने के बाद मौसम में व्यापक बदलाव देखने को मिल सकता है। फिलहाल प्रदेशवासियों को कुछ और दिनों तक गर्मी और उमस का सामना करना पड़ सकता है।