HousingUpdate – मंत्री खजान दास को मिल सकता है नया सरकारी आवास
HousingUpdate – उत्तराखंड सरकार में कैबिनेट मंत्री खजान दास के सरकारी आवास को लेकर चल रही चर्चा अब नए मोड़ पर पहुंच गई है। राज्य संपत्ति विभाग ने यमुना कॉलोनी स्थित आर-1 और आर-2 कोठियों को जोड़कर मंत्री के लिए नया आवास तैयार करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। बताया जा रहा है कि इन दोनों आवासों को मिलाकर एक बड़ा सरकारी निवास बनाया जाएगा। ये वही कोठियां हैं जो पहले पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूड़ी को आवंटित रह चुकी हैं।

हाल के दिनों में मंत्री खजान दास द्वारा उपयुक्त सरकारी आवास न मिलने को लेकर नाराजगी जताई गई थी। इसके बाद विभागीय स्तर पर नए विकल्पों पर तेजी से काम शुरू किया गया। अब संबंधित फाइल आगे बढ़ा दी गई है और जल्द औपचारिक आदेश जारी होने की संभावना जताई जा रही है।
बड़े आवास को लेकर बढ़ी हलचल
राज्य में नई सरकार बनने के बाद मंत्रियों के लिए सरकारी आवास तय करने की प्रक्रिया लगातार चल रही है। सूत्रों के अनुसार शपथ ग्रहण में वरिष्ठता क्रम में आगे रहने के बावजूद खजान दास को शुरुआती दौर में बड़ी कोठी नहीं मिल सकी। इसी बीच कई अन्य मंत्रियों ने पसंदीदा आवासों के लिए पहले से दावेदारी मजबूत कर ली थी।
यमुना कॉलोनी की कई प्रमुख कोठियों पर आवंटन प्रक्रिया पूरी होने से पहले ही संबंधित मंत्रियों के नाम की प्लेटें लगने लगी थीं। इससे आवास चयन को लेकर अंदरूनी हलचल भी तेज हो गई थी। इसी कारण समाज कल्याण मंत्री के लिए वैकल्पिक व्यवस्था तलाशनी पड़ी।
निजी आवास की भी हुई तलाश
सरकारी आवास तय होने में देरी के बाद मंत्री पक्ष की ओर से निजी कोठियों के विकल्प भी देखे गए। जानकारी के अनुसार शहर में बड़े निजी आवासों की तलाश की गई, लेकिन किसी स्थान पर अंतिम सहमति नहीं बन सकी। इसके बाद राज्य संपत्ति विभाग ने फिर से सरकारी आवासों की सूची पर काम शुरू किया।
विभागीय अधिकारियों ने उपलब्ध कोठियों का आकलन करने के बाद आर-1 और आर-2 को मिलाकर नया आवास तैयार करने का प्रस्ताव तैयार किया। इन दोनों भवनों में आवश्यक मरम्मत और बदलाव का काम भी जल्द शुरू होने की संभावना है।
पूर्व मुख्यमंत्री रह चुके हैं इन कोठियों में
यमुना कॉलोनी स्थित ये दोनों आवास पहले पूर्व मुख्यमंत्री भुवन चंद्र खंडूड़ी को दिए गए थे। उस समय दोनों कोठियों का उपयोग एक साथ किया जाता था। बाद में इन्हें अलग-अलग श्रेणी में विभाजित कर अन्य लोगों को आवंटित किया गया।
अब दोबारा इन्हें एक इकाई के रूप में विकसित करने की तैयारी चल रही है। विभागीय सूत्रों का कहना है कि कैबिनेट मंत्री स्तर के अनुरूप सुविधाएं सुनिश्चित करने के लिए भवनों में आवश्यक बदलाव किए जाएंगे। साथ ही सुरक्षा और अन्य प्रशासनिक व्यवस्थाओं पर भी काम किया जा रहा है।
विभाग ने जल्द आदेश जारी होने के दिए संकेत
राज्य संपत्ति विभाग के सचिव आर. राजेश कुमार ने बताया कि मंत्रियों के आवास आवंटन की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। उन्होंने कहा कि सभी कैबिनेट मंत्रियों को उनके पद के अनुरूप सरकारी आवास उपलब्ध कराए जा रहे हैं। जिन भवनों में मरम्मत या सुधार की जरूरत है, वहां काम तेजी से कराया जा रहा है।
विभाग का कहना है कि संबंधित प्रस्तावों पर औपचारिक प्रक्रिया पूरी होते ही आदेश जारी कर दिए जाएंगे। सरकार चाहती है कि सभी मंत्रियों को जल्द स्थायी आवास उपलब्ध हो जाएं ताकि प्रशासनिक कामकाज सुचारु रूप से संचालित हो सके।