WestBengalGovt – नई सरकार के फैसलों से बदली प्रशासनिक प्राथमिकताएं
WestBengalGovt – पश्चिम बंगाल में नई सरकार बनने के बाद प्रशासनिक और कल्याणकारी नीतियों में तेजी से बदलाव देखने को मिल रहे हैं। मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी के नेतृत्व में बनी सरकार ने शुरुआती दिनों में ही कई बड़े फैसले लिए हैं, जिनका असर स्वास्थ्य, शिक्षा, परिवहन, आरक्षण और सीमा सुरक्षा जैसे क्षेत्रों पर पड़ने वाला है। सरकार का कहना है कि इन कदमों का उद्देश्य प्रशासनिक व्यवस्था को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाना है।

नई आर्थिक सहायता योजना लागू
राज्य सरकार ने पूर्ववर्ती शासन की चर्चित सामाजिक सहायता योजना को बंद करते हुए उसकी जगह नई “अन्नपूर्णा योजना” लागू करने का फैसला किया है। इस योजना के तहत 25 से 60 वर्ष की पात्र महिलाओं को प्रतिमाह आर्थिक सहायता दी जाएगी। राशि सीधे आधार से जुड़े बैंक खातों में भेजी जाएगी।
सरकार के अनुसार, सरकारी कर्मचारी, पेंशनधारक और आयकर दाता इस योजना के दायरे में नहीं आएंगे। आवेदन प्रक्रिया ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से शुरू की जाएगी।
आयुष्मान भारत को मिली मंजूरी
नई सरकार ने अपनी पहली कैबिनेट बैठक में आयुष्मान भारत योजना लागू करने की घोषणा भी की। इसके तहत पात्र परिवारों को इलाज के लिए वार्षिक स्वास्थ्य बीमा सुविधा मिलेगी। पहले राज्य में अलग स्वास्थ्य योजना संचालित की जा रही थी।
सरकार का कहना है कि इस कदम से आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों को बड़े अस्पतालों में इलाज की बेहतर सुविधा मिल सकेगी। स्वास्थ्य विभाग को योजना लागू करने के लिए आवश्यक तैयारियां शुरू करने के निर्देश दिए गए हैं।
महिलाओं और युवाओं के लिए फैसले
राज्य मंत्रिमंडल ने सार्वजनिक परिवहन की बसों में महिलाओं के लिए मुफ्त यात्रा सुविधा को मंजूरी दी है। यह व्यवस्था शहरी और ग्रामीण दोनों क्षेत्रों में लागू होगी। सरकार का मानना है कि इससे कामकाजी महिलाओं और छात्राओं को राहत मिलेगी।
इसके अलावा सरकारी नौकरियों में अधिकतम आयु सीमा बढ़ाने का फैसला भी लिया गया है। अलग-अलग श्रेणियों में आयु सीमा में पांच वर्ष तक की छूट दी गई है, जिससे नौकरी की तैयारी कर रहे युवाओं को अतिरिक्त अवसर मिलेंगे।
सीमा और सुरक्षा से जुड़े कदम
सरकार ने सिलीगुड़ी कॉरिडोर से जुड़े कुछ राष्ट्रीय राजमार्गों को केंद्रीय एजेंसियों को सौंपने का निर्णय लिया है। यह इलाका रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण माना जाता है और पूर्वोत्तर राज्यों को देश के अन्य हिस्सों से जोड़ता है।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा है कि भारत-बांग्लादेश सीमा पर लंबित फेंसिंग कार्य के लिए आवश्यक जमीन जल्द सीमा सुरक्षा बल को उपलब्ध कराई जाएगी। सरकार का कहना है कि इससे सीमा प्रबंधन और सुरक्षा व्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
शिक्षा और आरक्षण नीति में बदलाव
स्कूल शिक्षा विभाग ने सरकारी और सहायता प्राप्त स्कूलों में सुबह की प्रार्थना सभा के दौरान “वंदे मातरम” गाने को अनिवार्य करने का निर्देश जारी किया है। स्कूलों को इसके पालन से संबंधित रिकॉर्ड सुरक्षित रखने के लिए भी कहा गया है।
वहीं, राज्य सरकार ने हाईकोर्ट के निर्देशों के अनुसार कुछ समुदायों को अन्य पिछड़ा वर्ग श्रेणी में शामिल करते हुए आरक्षण ढांचे में बदलाव किया है। प्रशासन का कहना है कि नई व्यवस्था कानूनी दिशा-निर्देशों के अनुरूप लागू की जा रही है।
प्रमाण पत्रों की जांच और भ्रष्टाचार मामलों पर कार्रवाई
सरकार ने वर्ष 2011 के बाद जारी जाति प्रमाण पत्रों की दोबारा जांच का आदेश दिया है। अधिकारियों के मुताबिक, सत्यापन प्रक्रिया के जरिए फर्जी दस्तावेजों की पहचान की जाएगी।
इसके साथ ही आरजी कर मेडिकल कॉलेज से जुड़े वित्तीय अनियमितताओं के मामले में पूर्व प्रिंसिपल संदीप घोष के खिलाफ कानूनी कार्रवाई को मंजूरी दी गई है। मामले की जांच पहले से केंद्रीय एजेंसियां कर रही हैं।